एलिवेटेड रोड बनेगी शहर के यातायात की लाइफ लाइन, फर्स्ट फेस का निर्माण कार्य अगस्त 2025 तक पूर्ण होगा
ग्वालियर. आगामी वर्ष में शहर में एलिवेटेड रोड़ पर यातायात रफ्तार पकड़ना शुरू कर देगा। प्रथम चरण में लक्षमीबाई समाधिस्थल से ट्रिपल आईटीएम तक बनाया जा रहा है। ऐलिवेटेड रोड के काफी बड़े हिस्से में पिलर के साथ स्पान स्लैब लांच कर दिये गये है। मानसून सीजन खत्म होने के बाद इसके काम को तेजी आयेगी। वर्ष 2012 में इस एलिवेटेड रोड की पहल उस वक्त के निगम सभापति गंगाराम बघेल ने की थी। इसके बाद वर्ष 2018 में एमपी की सत्ता परिवर्तन के बाद कमलनाथ सरकार ने इस प्रोजेक्ट में तेजी आयी। वर्ष 2020 में सत्ता परिवर्तन के बाद भाजपा सरकार बनने के बाद केन्द्र और एमपी की राज्य सरकार ने इस प्रोजेक्ट के लिये राशि स्वीकृत होने के एलिवेटेड रोड के निर्माण में तेजी आई है।
फर्स्ट फेस पूरा होने इन्हें मिलेगा लाभ
एलिवेटेड रोड के फर्स्ट फैस कंपलीट होने पर उपनगर ग्वालियर के हजीरा, चार शहर का नाका के निवासियों को लाभ मिलेगा। एलिवेटेड रोड़ के साथ उपनगर ग्वालियर के व्यस्त सड़कों को जोड़ने 6 जगहों पर 3 जंक्शन और 3 सिंगल लूप बनाये जायेंगे। जिनमें लक्ष्मीबाई समाधि स्थल, हजीरा पुल और ट्रिपल आईटीएम जक्शन बनायें जायेंगे। जहां से एलिवेटेड रोड़ पर चढ़ने व उतरने के लिये दोनों के लिये अलग-अलग लूप बनाये जायेंगे।सेवानगर, रानीपुरा और चंदननगर में एक-एक लूप के जरिये से मौजूदा सड़कों को एलिवेटेड रोड़ से जोड़ा जायेगा।
हाइवे से जोड़ा जायेगा एलिवेटेड रोड़
इसके बनने पर शहर की सड़को से लगभग 50 प्रतिशत यातायात का लोड़ एलिवेटेड रोड पर डायवर्ट हो जायेगी। जिससे वाहन चालकों को न सिर्फ जाम की समस्या से राहत मिलेगी। 14 किमी लम्बाई वाला (गिरवाई पुलिस चौकी के पास से ट्रिपल आईटीएम के पास तक) यह फ्लाई ओवर मुंबई हाइवे के गिरवाई रोड को मुरैना-भिण्ड रोड वाले लिंक रोड से जोड़ेगा। इस रूट पर आने जाने वाले वाहन चालकों को हैवी ट्रैफिक लोग वाली सड़कों से होकर नहीं गुजरना होगा। वाहन चालकों को बड़ी राहत लक्ष्मीगंज रोड़, जीवाजी गंज, बहोड़ापुर, हजीरा, चार शहर का नाका रोड पर मिलेगी। इन व्यस्त सड़कों पर घनी आबादी वाले इलाके होने के साथ बाजार भी है। इसलिये प्रति घंटे 3 से 5 हजार वाहनों का यातायात सड़कों पर रहता है। वहीं फर्स्ट फेस पूरा होने से फूलबाग, पड़ाव, तानसेन नगर, किलागेट, गोला का मंदिर बहोड़ापुर रोड पर यातायात कम होगा।
फर्स्ट फेस में 6.4, सेकेंड फेस में 7.4 किमी बनेगी एलिवेटेड रोड
स्वर्ण रेखा नदी पर प्रदेश की पहली एलिवेटेड रोड का निर्माण कार्य चल रहा है। वीरांगना लक्ष्मीबाई समाधिस्थल से गंगा मालनपुर स्थित ट्रिपल आईटीएम के सामने तक इसे तैयार किया जा रहा है। फर्स्ट फेस में 6.4 किमी में 774 करोड रूपये काम अगस्त 2025 तक पूरा कर लिया जायेगा। इसके बाद 900 करोड़ रूपये में सेकेंड फेस में 7.4 किमी का काम वीरांगना लक्ष्मीबाई समाधिस्थल से गिरवाई नाके तक का निर्माण कार्य अक्टूबर तक प्रारंभ हो जायेगा। लगभग 14 किमी लम्बी सड़कें बनने के बाद शहर से 50 प्रतिशत यातायात का लोड़ कम हो जायेगा। इससे शहरवासियों को प्रतिदिन होने वाली जाम की समस्या से निजात मिलेगी।
दिल्ली का बारापुला देख 2012 में की गयी थी एलिवेटेड की प्लानिंग
स्वर्ण रेखा पर फ्लाईओवर बनाने की पहली प्लानिंग निगम के सभापति गंगाराम बघेल ने की थी। लेकिन उस समय इसे तवज्जो नहीं दी गयी। वर्ष 2012 में ग्वालियर से नगरनिगम एवं लोक निर्माण विभाग का एक दल ट्रेनिंग पर दिल्ली भेजा गया था। दिल्ली के अधिकारियों ने इस टीम को अक्षरधाम मंदिर के पास स्थित बारापुला नाला दिखाई दिया। दिल्ली के इस नाले पर 12 छोटे-बड़े पुल से यातायात का समाधान हुआ। ट्रेनिंग से लौटने के बाद दल के सदस्यों ने गंगाराम बघेल के पत्र का हवाला देकर सीनियर अफसरों से चर्चा के बाद ग्वालियर में एलिवेटेड रोड की परिकल्पना तैयार हुई है। लेकिन गिरवाई से जलालपुर तक इस प्रोजेक्ट पर 1200 करोड़ रूपये का खर्च पर प्रदेश सरकार ने हाथ खींच लिये थे। 2018 चुनाव में एमपी में सत्ता परिवर्तन हुआ और तत्कालीन कमलनाथ सरकार ने इस प्रोजेक्ट को आगे बढ़ाया। वर्ष 2020 के उपचुनाव में ज्योतिरादित्य सिंधिया की मांग पर सीएम शिवराजसिंह ने इसकी घोषणा की थी। केन्द्र व राज्य सरकार से प्रोजेक्ट के लिये राशि स्वीकृत होकर काम शुरू कराया गया।
एमपी का नदी के ऊपर पहला ऐलिवेटेड रोड
ग्वालियर में तैयार हो रहा एलिवेटेड रोड मध्यप्रदेश का पहला फ्लाई ओवर है जो किसी नदी के ऊपर निर्माण किया जा रहा है। गिरवाई पुलिस चौकी के पास से ट्रिपल के पास तक बनने वाले इस एलिवेटेड रोड को लगभग 13.5 किमी लम्बाई स्वर्ण रेखा के बीचों-बीच बनाया जा रहा है। हालांकि, एलिवेटेड रोड की लम्बाई 14 किमी से अधिक रहेगी। इससे गिरवाई से ट्रिपल आईटीएम तक लगभग 430 पिलर पर निर्माण किया जा रहा है।
फर्स्ट फेस का निर्माण कार्य अगस्त 2025 तक हो कंपलीट
वर्षा का सीजन थमने के बाद एलिवेटेड रोड के पहले चरण का तेजी से पूरा किया जायेगा। इसका काम अगस्त 2025 तक पूरा करने का प्रयास कर रहे है। ताकि फर्स्ट फेस के फ्लाईओवर का यातायात शुरू हो सके। वहीं सेकेंड फेस का काम भी जल्द शुरू होने वाला है।
प्रबल सिसोदिया, एसडीओ, ब्रिज, पीडब्ल्यूडी
