पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह का निधन
नई दिल्ली. भारत के पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह को गुरूवार की रात 9.45 बजे अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के इमरजेंसी विभाग में भर्ती कराया गया है। उनकी तबियत अचानक बिगड़ने के बाद उन्हें अस्पताल लाया गया है। डॉ. सिंह की स्थिति को लेकर फिलहाल कोई आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है। डॉक्टरों की एक विशेष टीम उनकी जांच कर रही है। डॉ. मनमोहन सिंह, जो 2 बाद देश के प्रधानमंत्री रह चुके है। उनकी आयु 91 वर्ष की है। वह लम्बे समय से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का सामना कर रहे है। इससे पहले भी उन्हें कई बार स्वास्थ्य वजहों से अस्पताल में भर्ती कराया जा चुका है।
पूर्व केन्द्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद ने बताया है कि 91 वर्ष की उम्र में एम्स में अंतिम सांस ली है। बेलगांवी में कांग्रेस अधिवेशन को बीच में छोड़ कर दिल्ली के लिये रवाना हो गये है। पूर्व पीएम मनमोहन सिंह का दिल्ली के AIIMS हॉस्पिटल में निधन हो गया है। रात 9:51 बजे AIIMS में उनका निधन हुआ है। उन्हें आज शाम बेहोश होने के बाद AIIMS में भर्ती कराया गया, जहां उनका निधन हो गया। पूर्व पीएम डॉ. मनमोहन सिंह, जो 2 बार देश के PM रह चुके हैं. वे लंबे समय से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का सामना कर रहे थे। इससे पहले भी उन्हें कई बार स्वास्थ्य कारणों से अस्पताल में भर्ती कराया जा चुका था।
डॉ. मनमोहन सिंह का जन्म 26 सितंबर 1932 को अविभाजित भारत के पंजाब प्रांत के एक गांव में हुआ। एक साधारण पृष्ठभूमि से आने वाले डॉ. सिंह ने अपने जीवन में शिक्षा, अर्थशास्त्र और राजनीति में असाधारण उपलब्धियां हासिल कीं। डॉ. मनमोहन सिंह ने 1948 में पंजाब विश्वविद्यालय से मैट्रिक की परीक्षा उत्तीर्ण की। इसके बाद उन्होंने कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय (यूके) से 1957 में अर्थशास्त्र में प्रथम श्रेणी ऑनर्स की डिग्री प्राप्त की. उन्होंने 1962 में ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय के नफील्ड कॉलेज से अर्थशास्त्र में डी. फिल की उपाधि अर्जित की. शिक्षा के प्रति उनका लगाव उन्हें पंजाब विश्वविद्यालय और दिल्ली स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स में अध्यापन की ओर ले गया।
AIIMS ने जारी किया बयान
92 साल की उम्र में भारत के पूर्व प्रधानमंत्री और अर्थशास्त्री डॉ. मनमोहन सिंह का निधन हो गया। भारतीय राजनीति और आर्थिक सुधारों में उनका योगदान हमेशा याद किया जाएगा। 1991 में भारतीय अर्थव्यवस्था को उदारीकरण की राह पर ले जाने वाले डॉ. मनमोहन सिंह का योगदान कभी नहीं भुलाया जा सकता। उन्होंने दो कार्यकाल (2004-2014) तक भारत के प्रधानमंत्री के रूप में सेवा की और देश के विकास में अहम भूमिका निभाई।
