रुठों को मनाना बड़ी चुनौती, कांग्रेस ने चली नई चाल
भोपाल. विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की ओर से प्रत्याशियों की सूची जारी करने के बाद कलह शुरू हो गया है। टिकट नहीं मिलने से नाराज नेताओं ने बगावत शुरू कर दी है। यही बगावत चुनाव में कांग्रेस की लिए सबसे बड़ी मुसीबत बन सकती है। हालांकि, पार्टी ने नाराज नेताओं को साधना शुरू कर दिया है। कांग्रेस रूठे हुए नेताओं को मनाने के लिए संगठन में जगह दे रही है। कांग्रेस ने जसबीर सिंह गुर्जर को मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी का महामंत्री बनाने की घोषणा की है। उन्हें भांडेर विधानसभा का प्रभारी बनाया गया है। जसबीर सिंह गुर्जर मुरैना से टिकट मांग रहे थे। जसबीर सिंह टिकट नहीं मिलने से नाराज थे। कांग्रेस ने मुरैना से मौजूदा विधायक राकेश मावई का टिकट काटकर दिनेश गुर्जर को प्रत्याशी बनाया है।
राजधानी में भी किया बदलाव
इधर, कांग्रेस ने भोपाल शहर जिलाध्यक्ष को बदल दिया है। मोनू सक्सेना की जगह अब प्रवीण सक्सेना कांग्रेस के जिलाध्यक्ष होंगे। मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए सभी सात सीटों पर अपने प्रत्याशियों का एलान करने के एक दिन बाद ही भोपाल शहर कांग्रेस में संगठनात्मक परिवर्तन किया गया है। जिला अध्यक्ष बनने वाले प्रवीण सक्सेना दो बार के पार्षद हैं।
टिकट कटने से विधायक नाराज
इधर, मुरैना के सुमावली विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस विधायक अजब सिंह कुशवाहा टिकट कटने से नाराज हैं। शुक्रवार को वे अपने समर्थकों के साथ पार्टी कार्यालय पर धरना देते रहे। पार्टी के प्रति भारी आक्रोश व्याप्त है। शुक्रवार को दिनभर समाज की बैठक चलती रही। इधर, टिकट कटने पर अजब सिंह ने नाराजगी जताते हुए कांग्रेस नेताओं पर टिकट मैनेज कर प्रतिद्वंदी से करोड़ों रुपये लेने का आरोप भी लगाया।
