मृतक की पत्नी बोली-भाजपा प्रत्याशी ने ही करवाई मेरे पति की हत्या, सरपंच पर दागी थी 10 से अधिक गोलियां
ग्वालियर. बदमाशों के हौंसले इतने बुलंद है कि दिनदहाड़े हत्या करने से भी चूक नहीं रहे हैं। सोमवार को बीच शहर में सरपंच को 5 नकाबपोश बदमाशों ने गोलियों से भून डाला। सरपंच के खिलाफ बदमाशों में इतना गुस्सा था कि सिर पर गोली मारने के बाद भी बदमाशों ने 10 गोलियां मारी। जिससे घटनास्थल पर ही सरपंच विक्रम रावत की मौत हो गयी। वहीं, मृतक की पत्नी ने भितरवार से भाजपा प्रत्याशी पर हत्या का आरोप लगाया है।
सरपंच था विक्रम रावत
आपको बता दें कि बन्हेरी गांव में मृतक विक्रम रावत सरपंच थे। गांव में विक्रम के परिवार के अलावा पीएफ आयुक्त मुकेश रावत का परिवार भी रहता है। दोनों ही परिवारों में सरपंच चुनाव को लेकर रंजिश है। वर्ष 2021 में विक्रम के चचेरे भाई रामनिवास की हत्या मुकेश रावत के परिवार ने की थी। जिसमें मुकेश रावत समेत 12 लोगों को आरोपी बनाया था। मुकेश रावत के रसूख के चलते मुकेश को अग्रिम जमानत मिल गयी थी। वर्ष 2021 में हुए हत्याकांड में मृतक विक्रम मुख्य गवाह था। 2 दिन के बाद इस केस की सुनवाई होनी थी। उसी को लेकर सरपंच विक्रम अपने वकील के यहां पहुंचे थे।
पत्नी ने दी थी आत्महत्या की धमकी
मृतक की पत्नी ने भितरवार विधानसभा से भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी मोहनसिंह राठौर पर इस केस में शामिल होने का आरोप लगाया है। मृतक की पत्नी का कहना है कि हमारे पति सरपंच थे और उनकी लोकप्रियता से मोहन सिंह राठौर डर रहे थे और इसके साथ ही पत्नी ने पुलिस पर भी आरोप लगाये हैं कि इस बार कई आवेदन देने के बाद भी हमारे परिवार को सुरक्षा नहीं दी गयी। मेरे पति का सुरक्षा गार्ड भी पुलिस के द्वारा हटा लिया गया। पत्नी ने कहा है कि अगर आरोपियों को जल्द ही पकड़ा नहीं गया तो मैं एसपी ऑफिस में ही आत्महत्या कर लूंगी।
