मध्य प्रदेश के लिए बड़ी खबर, अटल भू-जल योजना भरेगी बुंदेलखंड का सूखा घड़ा

भोपाल. बुंदेलखंड के सूखे कंठ को तर करने के लिए केन-बेतवा लिंक परियोजना के जल बंटवारे को लेकर मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश का विवाद सुलझने की सुखद सूचना के बाद राहत की नई खबर आई है। मप्र के 6 जिलों में भूजल स्तर बढ़ाने और पानी के संकट को नियंत्रित के लिए राज्य और केंद्र सरकार के बीच अनुबंध हो चुका है। यह अनुबंध अटल भूजल योजना के तहत हुआ है। इसमें प्रदेश के बुंदेलखंड क्षेत्र के 6 जिलों सागर, दमोह, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी की तस्वीर बदलेगी।
सूखाग्रस्त इन जिलों के 9 विकासखंड की 672 ग्राम पंचायत और 1210 ग्रामों में 314.55 करोड़ रुपये की लागत से छोटे-छोटे स्टाप डेम बनाकर भू-जल स्तर सुधारेंगे। वहीं पुराने जलस्त्रोतों को उपयोग लायक बनाकर गांवों को पानी उपलब्ध कराया जाएगा। इन गांवों की जल सुरक्षा योजना तैयार करने की जिम्मेदारी जन अभियान परिषद को सौंपी गई है। परिषद ने राज्य सरकार से अनुबंध कर काम शुरू कर दिया है। जल संसाधन विभाग के अधिकारियों का दावा है कि इससे बुंदेलखंड की तस्वीर बदलेगी। क्षेत्र का जलस्तर सुधरेगा।
केन-बेतवा लिंक परियोजना को पूरा होने में एक दशक से ज्यादा समय लगेगा। ऐसे में मध्य प्रदेश के हिस्से वाले बुंदेलखंड के 6 जिलों की प्यास बुझाने के लिए अलग से योजना लाई गई है। यह योजना जनसहयोग से पूरी की जाएगी। योजना में चिह्नित 6 जिलों के 9 विकासखंड सेमी क्रिटिकल श्रेणी में हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published.