नई दिल्ली. भारत सदैव से अपने फायटर जेट इंजन को स्वदेशी बनाने का प्रयास कर रहा है ताकि अमेरिका या अन्य देशों पर निर्भरता खत्म हो। हाल ही में फ्रांस की कम्पनी साफरान के साथ 12 केएन थ्रस्ट वाले इंजन के विकास का समझौता हुआ है। जो एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट AMCA के लिये बनेगा। यह प्रोजेक्ट 61 हजारा करोड़ रूपये का है। 10 साल में पूरा होगा। यह प्रोजेक्ट भारत के लिये कितना महत्वपूर्ण है। क्या है साफरान प्रोजेक्ट
साफरान (फ्रांस की कम्पनी, जो रॉफेल के एम88 इंजन बनाती है) के साथ यह प्रोजेक्ट 22 अगस्त 2025 का रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने घोषित किया। यह 120केएन थ्रस्ट वाला टर्बोफेन इंजन AMCA Mk-2 के लिये बनेगा। लागत 7 बिलियन डॉलर (करीब 61 हजार करोड़ रूपये) है। 100 प्रतिशत टेक्नोलॉजी ट्रांसफर होगा। भारत की इंजन पर विदेषी निर्भरता
भारत के फायटर जेट्स जैसे तेजस, सुखोई 30 और राफेल में अधिकतर इंजन विदेषी है। तेजस में जीई-एफ44 (अमेरिका) और सुखोई में एएल-31एफपी (रूस) लगे हैं। कावेरी इंजन प्रोजेक्टर 1980 के दषक से चल रहा है। लेकिन यह 98-100 केएन थ्रस्ट नहीं दे पााया। कावेरी को तेजस से अलग कर दिया गया। अब इसका डेरिवेटिव वर्जन ड्रोन (घातक यूसीएवी) के लिये उपयोग हो रहा है। कावेरी पर 35 साल और 400 मिलियन डॉलर खर्च किये। लेकिन तकनीकी चुनौतियां (सिंगल क्रिस्टल ब्लेड और थर्मल कोटिंग) ने इसे रोक दिया। इस निर्भरता से समस्या बढ़ी। 2021 में जीई एफ404 इंजन की डिलीवरी में देरी हुई है। जिससे तेजस एमके1ए प्रॉडक्षन रूका। रूस यूक्रेन युद्ध ने एएल-31एफपी की सप्लाई प्रभावित की। एएमसीए (5वी जनरेषन स्टील्थ फायटर) के लिये 11-12 kn थ्रस्ट इंजन चाहिये। जो स्वदेशी न होने से देरी हो रही है। साफरान प्रोजेक्ट इसी समस्या का समाधान है।
बिना ठोस कारण के बड़े विकास कार्यों की समयावधि बढ़ाने की अनुमति नहीं होगी
ग्वालियर- विशेषज्ञों से सर्वे कराकर जल भराव की समस्या के स्थायी समाधान एवं ग्वालियर शहर के समग्र विकास का प्लान तैयार कराएं। इस साल की बारिश में शहर में जहाँ-जहाँ जल भराव की स्थिति निर्मित हुई है, प्लान में उन स्थानों को प्रमुखता से शामिल करें। विशेषज्ञों से प्लान तैयार कराने में आने वाला खर्च सांसद निधि से उपलब्ध कराया जायेगा। इसी प्लान के आधार पर शहर में विकास कार्य कराए जाएं। यह निर्देश सांसद भारत सिंह कुशवाह ने जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक में संबंधित अधिकारियों को दिए।
पेयजल आपूर्ति के लिये निर्माणाधीन चंबल पेयजल प्रोजेक्ट, रेलवे स्टेशन का उन्नयनीकरण, एलीवेटेड रोड, ठाठीपुर पुनर्घनत्वीकरण, अम्बेडकर धाम, अटल स्मारक व मुरार नदी जीर्णोद्धार सहित शहर में निर्माणाधीन बड़े-बड़े विकास कार्यों में तेजी लाने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि बगैर ठोस कारण के विकास कार्यों की समयावधि नहीं बढ़ाई जायेगी। श्री कुशवाह ने कहा कि संबंधित विभाग के अधिकारी कार्यों की सतत मॉनीटरिंग करें, अन्यथा ठेकेदार के साथ-साथ विभागीय अधिकारी भी जवाबदेह होंगे। उन्होंने चंबल पेयजल प्रोजेक्ट के तहत पाइप लाइन बिछाने के काम में तेजी लाने पर विशेष बल दिया। साथ ही पेयजल प्रोजेक्ट पूरा कराने के लिये कार्यवार मासिक कार्ययोजना प्रस्तुत करने के लिये कहा।
रेलवे स्टेशन के काम में तेजी लाने पर दिया जोर, सीढ़ियों की चौड़ाई बढ़ाई जाए
सांसद भारत सिंह कुशवाह ने बैठक में रेलवे के अधिकारियों को निर्देश दिए कि ग्वालियर रेलवे स्टेशन के उन्नयनीकरण कार्य में तेजी लाएं। अब समयावधि बढ़ाने की नौबत नहीं आना चाहिए। रेलवे प्लेटफॉर्म के पुलों के लिये बनाई गईं सीढ़ियों (जीना) की चौड़ाई बढ़ाकर इन्हें बुजुर्ग फ्रेंडली बनाने के निर्देश दिए। स्टेशन बजरिया की दुकानों की शिफ्टिंग को लेकर एक बार फिर से दुकानदारों की बैठक लेने के लिये भी कहा। ग्वालियर के बिरलानगर रेलवे स्टेशन का भी शीघ्र ही उन्नयनीकरण कराया जायेगा। इस सिलसिले में रेल मंत्री से उनकी मुलाकात हो चुकी है। रेल मंत्री ने ग्वालियर के मुख्य रेलवे स्टेशन का काम पूरा होते ही बिरलानगर रेलवे स्टेशन का कार्य मंजूर करने का पुख्ता भरोसा दिलाया है। बैठक में बताया गया कि ग्वालियर रेलवे स्टेशन का भौतिक रूप से 68 प्रतिशत व वित्तीय रूप से 62 प्रतिशत काम हो चुका है। मार्च 2026 तक कार्य पूर्ण करने का लक्ष्य है।
वेस्टर्न बायपास व आगरा – ग्वालियर एक्सप्रेस-वे के काम अक्टूबर तक शुरू कराएं
ग्वालियर शहर के विकास में बड़े आयाम के रूप में जुड़ने जा रहे वेस्टर्न बायपास एवं आगरा-ग्वालियर सिक्स लेन ग्रीन कोरीडोर के काम अक्टूबर माह तक शुरू कराने के निर्देश दिए। बैठक में बताया गया कि वेस्टर्न बायपास की कार्य एजेंसी के साथ 16 मई को इस कार्य का एग्रीमेंट हो चुका चुका है। साथ ही रेलवे व वन विभाग की एनओसी भी प्राप्त हो गई है। जहाँ-जहाँ भू-अर्जन होना है वहाँ के अधिकांश अवार्ड पारित भी हो गए हैं। इसी तरह ग्रीन कोरीडोर की सभी एनओसी मिल गई हैं व अवार्ड भी पारित हो चुके हैं।
अटल गेट से बनाई जायेगी ग्वालियर – भिण्ड – इटावा फोर लेन सड़क
ग्वालियर से भिण्ड होते हुए इटावा तक फोरलेन सड़क निर्माण के लिये तैयार किए गए डीपीआर के ड्राफ्ट में बदलाव करने के निर्देश भी नेशनल हाईवे के अधिकारियों को बैठक में दिए गए। डीबीआर में अटल गेट पुरानी छावनी से यह फोरलेन सड़क बनाने का प्रावधान करें। नेशनल हाईवे द्वारा हाल ही में बनाए गए डीपीआर के ड्राफ्ट में बरेठा से यह फोरलेन सड़क बनाने का प्रावधान किया गया था। केन्द्रीय भूतल परिवहन मंत्री ने डीपीआर तैयार होते ही इस फोरलेन सड़क के लिये धनराशि उपलब्ध कराने का भरोसा दिलाया है।
हजार बिस्तर अस्पताल अंडरब्रिज सहित सभी आरओबी का काम तेजी से आगे बढ़ाएं
हजार बिस्तर अस्पताल को जेएएच से जोड़ने के लिये बनाए जा रहे अंडरब्रिज, महलगांव अंडरब्रिज व मोहना आरओबी सहित जिले में मंजूर सभी पुलों के काम में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि हजार बिस्तर अस्पताल अंडरब्रिज के लिये मेनिट की रिपोर्ट जल्द से जल्द प्राप्त कर काम शुरू कराएं। श्री कुशवाह ने पुलों के निर्माण आ रहीं सभी तकनीकी बाधाओं को एक माह के भीतर दूर करने के लिये कहा।
साडा क्षेत्र के पेयजल प्रोजेक्ट में देरी के लिये जिम्मेदार ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट कराएं
साडा क्षेत्र में बसे गांवों की दीर्घकालिक पेयजल परियोजना का शेष काम युद्ध स्तर पर पूर्ण करने के लिये कहा। उन्होंने कहा अब तक हुई देरी के लिये जिम्मेदार ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट कराएं। साथ ही नई एजेंसी से पेयजल प्रोजेक्ट के कार्यों को पूरा कराया जाए।
शहर की वायु गुणवत्ता मापने के लिये एक्यूआई की संख्या बढ़ाई जाए
ग्वालियर शहर में सतत परिवेशीय वायु गुणवत्ता निगरानी प्रणाली के तहत एक्यूआई उपकरण की संख्या बढ़ाने पर भी सांसद श्री कुशवाह ने बल दिया। उन्होंने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी से कहा कि पहले से लगे चार एक्यूआई के अलावा शहर में अन्य स्थल चिन्हित कर एक्यूआई लगाए जाएं, जिससे पूरा शहर कवर हो सके।
केम्पा फंड से कराएं बांधों का करायें विकास
वन विभाग के केम्पा फंड से वीरपुर, गिरवाई, रायपुर व मामा का बांध के सौंदर्यीकरण, संरक्षण व पर्यटन क्षेत्र के रूप में विकसित करने के लिये प्रोजेक्ट तैयार करने के लिये भी सांसद ने कहा। उन्होंने जल संसाधन, वन व पर्यटन विभाग एवं नगर निगम के समन्वय से इसकी कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए। इसी तरह नलकेश्वर सहित वनों के बीच स्थित ऐसे धार्मिक क्षेत्र जहाँ लगातार पानी की बहाव रहता है वहाँ के सौंदर्यीकरण के प्रोजेक्ट बनाए जायें।
बैठक में इसके अलावा लोक निर्माण विभाग, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना एवं सड़क विकास प्राधिकरण व सेतु निर्माण विभाग के तहत निर्माणाधीन सड़कों व पुल-पुलियों की समीक्षा भी बैठक में की गई। साथ ही स्टार्टअप योजना के तहत सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क ऑफ इंडिया द्वारा गोला का मंदिर मुरैना रोड पर ट्रिपल आईटीएम के समीप संचालित इंक्यूवेशन सेंटर, स्मार्ट सिटी के निर्माणाधीन कन्वेंशन सेंटर नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम, प्रधानमंत्री जन-मन योजना के तहत आदिवासी बहुल गाँवों में चल रहे कार्य सहित केन्द्र सरकार की अन्य योजनाओं की समीक्षा भी की गई।
नई दिल्ली. देश में एक बड़े आतंकी हमले की साजिश को दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल और केन्द्रीय एजेंसियों ने मिलकर नाकाम कर दिया है। छापेमारी कर एक बड़े आतंकी नेटवर्क का पर्दाफाश किया गया है। 3 राज्यों दिल्ली, मुंबई और झारखंड में एक साथ चलाये गये ऑपरेशन में 5 संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया गया है। यह नेटवर्क आईएसआईएस से प्रेरित था। दिल्ली में केमीकल बमों के जरिये बडे पैमाने पर हमला करने की योजना बना रहा था। मास्टरमाइंड ने अपना नाम CEO रखा था
पुलिस के अनुसार इस मॉड्यूल का मास्टरमाइंड झारखंड का निवासी दानिश था। जो बीटेक पास है दानिश पाकिस्तानी हैंडलर के संपर्क में था। सोशल मीडिया के जरिये युवाओं को जोड़ने का काम करता था। वह स्वयं को सुरक्षा एजेंसियों से बचाने के लिये सीईओ कहलाता था और मॉड्यूल का नाम गजवा रखता था। दानिश के नेटवर्क में मुंबई के कल्याण का रहने वाला आफताब, कामरान और हुजैफा भी शामिल था। बम बनाने का केमीकल और रॉ मटीरियल बरामद
बुधवार को पुलिस ने दिल्ली से आफताब और सूफियान को पकड़ा। इनके पास से हथियार और आईईडी, बनाने के रॉ-मटीरियल बरामद किया गया है। झारखंड के रांची से गिरफ्तार असहर दानिश के ठिकाने से भी केमीकल आईईडी बनाने का सामान मिला। देर रात मिले इनपुट के आधार पर 2 और संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया। जिससे कुल गिरफ्तारियां 5 हो गयी है। पाकिस्तानी हैंडलर के संपर्क में थे आतंकी
पुलिस ने बताया है कि यह आतंकी पाकिस्तान के हैंडलर के संपर्क में थे। जो उन्हें हथियार बनाने के तरीके और तस्वीरें भेजते थे। हैंडलर पहले रॉ मटीरियल जुटाने के निर्देश देता था। उनसे आईईडी बनवाने की योजना बनाता था। आफतालब को हथियार सौंपा गया था। जिसे लेकर वह दिल्ली पहुंचा था। लेकिन कुछ करने से पहले ही पकड़ा गया। 20-25 साल के युवाओं को करते थे टारगेट
यह मॉड्यूल 20-25 साल के युवाओं का था। जो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर नजर रखते और जिनकी विचारधारा मेल खाती उन्हें जोड़ने का प्रयास करते थे। इनकी योजना किसी जगह कब्जा कर खिलाफत की शुरूआत करने की थी। फिलहाल जांच एजेंसियां इनके टारगेट और नेटवर्क का पता लगाने से जुटी है। इस सफल ऑपरेषन ने दिल्ली सहित देशभर में एक बड़े आतंकी खतरे को टाल दिया है।
ग्वालियर हाईकोर्ट ने हथियार लायसेंस को लेकर बुधवार को अहम फैसला सुनाया है। न्यायालय ने कहा है कि बन्दूक रखना मौलिक हक नहीं है। यह शासन का विवेकाधिकार है कि वह किसे हथियार रखने का लायसेंस दे। न्यायालय ने अशोकनगर के हरदीप कुमार अरोरा की साल 2012 की याचिका खारिज कर दी।
अशोक अरोरा ने राज्य शासन से पिस्टल/रिवॉल्वर के लायसेंस का आवेदन खारिज करने पर कोर्ट की शरण ली थी। उनका तर्क था कि वह कृषक है। उन्हें अजीविका और सुरक्षा के लिये हथियार लायसेंस चाहिये। उन्होंने न्यायालय को बताया कि जिला दंडाधिकारी अशोकनगर और कमिश्नर ने साल 2010 में उनके पक्ष में सिफारिश की थी। लेकिन राज्य शासन ने फरवरी 2011 में आवेदन खारिज कर दिया। सुरक्षा सर्वोपरि और सार्वजनिक शांति-न्यायालय
न्यायालय ने राज्य सरकार का पक्ष स्वीकार किया। न्यायालय ने कहा है कि सार्वजनिक शांति और सुरक्षा सर्वोपरि है। हथियार लायसेंस का दुरूपयोग रोकना आवश्यक है। न्यायालय ने स्पष्ट किया कि शस्त्र अधिनियम की धारा 13 और 14 के तहत लायसेंस देना प्रशासनिक विवेकाधिकार है। जब तक किसी व्यक्ति को अपनी जान का वास्तविक खतरा न हो। उसे हथियार लायसेंस नहीं दिया जा सकता। पिता-पुत्र के पास पहले से लाइसेंस
सरकारी अधिवक्ता रवींद्र दीक्षित ने कोर्ट को बताया कि अरोरा के पास 315 बोर की बंदूक का लाइसेंस पहले से है। उनके पिता के पास 12 बोर की बंदूक का लाइसेंस है। ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में शादियों और धार्मिक आयोजनों में हथियारों के दुरुपयोग से कई हादसे हुए हैं। क्षेत्र में पहले से हथियारों का प्रचलन ज्यादा है।
छतरपुर. हत्या के प्रयास करने में ट्रायल का सामना कर रहा कैदी जिला अस्पताल से भाग निकला है। वह भागते समय सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मी की रायफल भी ले गया। मामला बुधवार-गुरूवार की दरमियानी रात का है। एसपी अगम जैन ने अस्पताल में तैनात 4 पुलिसकर्मियों का निलंबित कर दिया है।
छतरपुर के देरी गांव का निवासी रविन्द्रसिंह परिहार थाना ओरछा का हिस्ट्रीशीटर है। पुलिस को उसकी तलाश थी। 18 नवम्बर 2024 को मातगुवां थाना इलाके वेयरहाउस में पुलिस ने उसे घेर लिया था। रविन्द्र ने पुलिस पर गोली चला दी। जवाबी कार्यवाही में पुलिस ने दाहिने पैर में गोली मार कर रविन्द्र को गिरफ्तार कर लिया था। उसे जेल भेज दिया गया था। न्यायालय के आदेश पर 9 सितम्बर को उसे उपचार के लिये अस्पताल में भीर्ती कराया गया था। सीसीटीवी फुटेज तलाश रही पुलिस
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया है कि वारदात के समय वार्ड में तैनात पुलिसकर्मी सो रहे थे। इस दौरान रविन्द्र ने एक गार्ड की जेब से चाबी निकाल ली। इससे ताला खोला। फिर एक पुलिसकर्मी की रायफल लेकर बाहर निकल गया। पुलिस फिलहाल अस्पताल के सीसीटीव फुटेज तलाश रही है। ऐसा बताया गया है कि अस्पताल के नजदीक वाले छत्रसाल चौराहे पर लगे सीसीटीवी कैमरे पिछले 2 माह से बन्द पड़ें है। रविंद्र के खिलाफ 13 अपराध दर्ज
2020 में रविंद्र सिंह के साथ गांव के कुछ लोगों ने मारपीट की थी। उसके हाथ-पैर और सिर में गंभीर चोट आई थी। शिकायत के बावजूद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। रविंद्र ने एसपी ऑफिस जाकर भी शिकायती आवेदन दिया था फिर भी पुलिस ने कोई एक्शन नहीं लिया।
इसके बाद रविंद्र ने मारपीट करने वाले आरोपियों से बदला लेना शुरू कर दिया। इसके बाद पुलिस ने उसके खिलाफ 13 अपराध दर्ज किए थे। हत्या का प्रयास, अवैध हथियार रखना, मारपीट, वसूली सहित कई मामले में वह फरार चल रहा था। पुलिस गांव में उसे पकड़ने पहुंची तो वह फायरिंग कर भाग निकला। पुलिस ने उस पर 30 हजार का इनाम घोषित किया था। पुलिस ने उसको संरक्षण देने के मामले में अजय सिंह चंदेल और उत्तम सिंह लोधी को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया था। इसने रविंद्र के प्रीतमपुर में होने की सूचना मिली।
ग्वालियर. बिग बॉस में ग्वालियर की इंफ्लूएंसर तान्या मित्तल इन दिनों सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई है। इसका कारण बिग बॉस में उनका गेम प्लान है। शो में तान्या ने अपनी अमीरी के किस्से इतने बढ़ा-चढ़ाकर बता दिये हैं कि उनके बारे में जानने की क्यूरोसिटी बढ़ती जा रही है। बिग बॉस में एंट्री करते वक्त तान्या ने ग्वालियर स्थित अपने घर को महल और स्वर्ण जैसा बताया था। उन्होंने दावा किया था कि उनके घर के आगे 7 स्टार होटल भी फीके लगते हैं। तान्या के इस दावे को ग्वालियर इंफ्लूएंसर ने भी ट्रोल किया है।
यूट्यूबर्स ग्वालियर में सिटीसेंटर साइड पर नम्बर 1 स्थित तान्या के घर पर भी पहुंच रहे है। यही से लोगों को उनके 2 मंजिला घर को दिखाते हुए टैग किया जा रहा है। यही है बिग बॉस की तान्या मित्तल का महल। हालांकि इस सबके बीच ताएन्या की फेन फॉलोइंग भी बढ़ रही है। सोशल मीडिया पर कोई उनको बड़बोला कहते हुए हंसी उड़ा रहे हैं तो कोई उनका समर्थन कर रहा है।
तान्या ने बिग बॉस शो में एंट्री कर कहा था कि उसका घर किसी महल या स्वर्ग जैसा है। जब तान्या के घर पहुंचा तो देखा कि सिटी सेंटर के साइड नंबर-1 में तान्या का दो मंजिला घर है। घर के एक हिस्से को बैंक या शॉप के लिए किराए पर दिया जाता है, जबकि आधे हिस्से में परिवार रहता है। यहां महल जैसा कुछ नजर नहीं आया।
ग्वालियर. बुधवार की शाम को एक नाबालिग कार चालक ने सड़क पर यातायात पुलिस कर्मी में टक्कर मारकर दहशत फैला दी। नाबालिग ने रेसकोर्स रोड पर केशर मॉल के सामने एक के बाद एक आधा दर्जन वाहनों को टक्कर मार दी। एक पुलिसकर्मी ने उसे रोकने का प्रयास किया तो उसे कार के बोनट पर लटका कर 10 मीटर तक घसीट ले गया। पुलिस ने घेराबंदी कर कार रोकी और नाबालिग को पकड़ लिया। हादसे में घायल पुलिस कर्मी, महिला सहित 3 लोग घायल हुए हैं।
देखिए 2 तस्वीरें…
नाबालिग चालक कार के बोनट पर लटकाकर पुलिसकर्मी को घसीटता ले गया।
पुलिस ने घेराबंदी कर कार रोकी और नाबालिग को पकड़ लिया।
सबसे पहले एक्टिवा सवार को टक्कर मारी
कार (MP07 CJ-5039) चला रहे नाबालिग ने सबसे पहले एक्टिवा सवार अनूप सक्सेना को टक्कर मारी। इसके बाद कुछ ही दूरी पर स्कूटी सवार सरोज कुमारी समेत कई और वाहनों को टक्कर मारी।ट्रैफिक पुलिसकर्मी अतुल शर्मा ने कार रोकने की कोशिश की लेकिन नाबालिग चालक कार के बोनट पर लटकाकर करीब 10 मीटर तक घसीटता ले गया। ड्यूटी पर तैनात एएसआई उदय प्रताप ने समझदारी और बहादुरी दिखाते हुए कार को रोका और नाबालिग को पकड़ लिया।पुलिस ने पकड़े गए कार चालक से पूछताछ की तो पता चला है कि वह आदित्यपुरम का रहने वाला है और नाबालिग है। पुलिस ने उसके परिजन को घटना की सूचना देकर थाना बुलाया। थाना पहुंचे परिजन ने पुलिस को बताया कि नाबालिग बिना बताए कार लेकर आया था।
शिवपुरी. केन्द्रीय मंत्री तथा क्षेत्रीय सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने बुधवार को शिवपुरी जिले की पिछोर विधानसभा इलाके की जनता को ऊर्जा क्षेत्र में ऐतिहासिक सौगात दी है। उन्होंने ग्राम गरेठा में 2.19 करोड़ रूपये की लागत से बने 33रु11 केवी नवीन विद्युत उपकेन्द्र का लोकार्पण किया है। ग्राम चमरौआ में 2.02 करोड, मुहासा में 2.68 करोड और पिपरा में 1.46 करोड में प्रस्तावित विद्युत उपकेन्द्रों का भूमिपूजन किया है। इन 4 उपकेन्द्रों से करीब 100 से अधिक गांवोंको मजबूत बिजली आपूर्ति का फायदा मिलेगा।
उन्होंने यह भी बताया कि पिछले 22 वर्षों में जितने उपकेंद्र संभाग में नहीं बने, उतने केवल गुना-शिवपुरी क्षेत्र में बन चुके हैं। पिछोर क्षेत्र में 7 उपकेंद्र और पूरे क्षेत्र में 18 उपकेंद्र स्थापित किए गए हैं। साथ ही उन्होंने बताया कि पिछोर-करैरा सड़क के लिए 525 करोड़ और दिनारा-चंदेरी सड़क के लिए 410 करोड़ स्वीकृत हुए हैं। दोनों परियोजनाओं से पिछोर क्षेत्र को 930 करोड़ की सड़क सौगात मिली है। इसके अलावा केन-बेतवा लिंक परियोजना से 8 लाख हेक्टेयर भूमि सिंचित होगी, जिसमें शिवपुरी जिले का भी 10% हिस्सा शामिल है।
इस अवसर पर प्रदेश के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, पिछोर विधायक प्रीतम लोधी, जिला पंचायत अध्यक्ष नेहा यादव, भाजपा जिलाध्यक्ष जसवंत जाटव, पूर्व मंत्री सुरेश धाकड़ राठखेड़ा, कलेक्टर रविंद्र कुमार चौधरी, पुलिस अधीक्षक अमन सिंह राठौर, जिला पंचायत सीईओ हिमांशु जैन, पिछोर एसडीएम ममता शाक्य सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और ग्रामीण मौजूद रहे।
ग्वालियर. 16 दिन पूर्व रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नम्बर 1 के रेलवे ओवर ब्रिज (आरओबी) से अपहृत 3 वर्षीय की बच्ची को आखिरकार पुलिस ने बरामद कर लिया है। ग्वालियर से 232 किमी दूर कासगंज यूपी से ग्वालियर जीआरपी ने 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनसे बच्ची को बरामद कर सकुषल उसकी मां के पास पहुंचा दिया है। इस बीच पुलिस को कड़ी मेहनत करनी पड़ी। बच्ची को तलाश में ग्वालियर से आगरा और ग्वालियर से झांसी के बीच लगभग 2 हजार से अधिक सीसीटीवी कैमरे खंगाले गये हैं। पुलिस लोकेशन ट्रैस करते हुए पहुंची कासगंज
पुलिस को कामयाबी सबसे पहले मिले ग्वालियर स्टेशन के सीसीटीवी फुटेज से मिली है। फुटेज में बच्ची को उठाकर ले जाने वाले युवक की पहचान होते ही पुलिस उसकी साइट पर पहुंची तो पता लगा िकवह अपनी एक उम्रदराज महिला साथी के साथ गायब है। इसके बाद महिला का पता लगा और जीआरपी की टीम लोकेशन ट्रैस करते हुए सिरोली कासगंज पहुंच गयी और मामले का खुलासा किया। महिला आरोपी ने स्वीकार किया है कि उसकी बेटी की शादी को 10 साल हो गये है। इसके बाद भी उसके कोई बच्चा नहीं है। बेटी के बच्चे के लालच में अपहरण किया। दो हजार से ज्यादा CCTV कैमरे खंगाले
ग्वालियर, मुरैना, धौलपुर, आगरा, डबरा, दतिया व झांसी जीआरपी पुलिस की मदद से ग्वालियर जीआरपी की 7 सदस्य की टीम ने 2000 से ज्यादा CCTV कैमरे खंगाल लिए। इन CCTV कैमरे के फुटेज से बहुत राहत मिली है।पुलिस को यह तो पता लगा था कि बच्ची को आगरा-मथुरा की ओर ले जाया गया था। इसके बाद पुलिस ने इसी दिशा में काम किया और कामयाबी मिली।
शिक्षक ही वह शक्ति हैं जो राष्ट्र की आत्मा को आकार देती है – प्रो. राज कुमार आचार्य
ग्वालियर। भारतीय परंपरा में गुरु को सदैव ईश्वर के तुल्य माना गया है। “गुरुब्र्रह्मा गुरुर्विष्णुः गुरुर्देवो महेश्वरः” के इस शाश्वत सत्य को आत्मसात करते हुए VISM ग्रुप ऑफ स्ट्डीज में शिक्षक सम्मान समारोह बड़े हर्ष और उल्लास के साथ आयोजित किया गया। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में जीवाजी विश्वविद्यालय के कुलगुरू प्रो. राज कुमार आचार्य, विशिष्ट अतिथि राकेश कुमार सगर, कमांडेंट 2Bn बटालियन और निरंजन शर्मा, एसपी. लोकायुक्त उपस्थित रहें। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला शिक्षा अधिकारी हरिओम चतुर्वेदी ने की। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती सरस्वती के पूजन से हुआ। इस समारोह में ग्वालियर, डबरा, भितरवार, पिछोर, शिवपुरी एवं ग्वालियर चम्बल संभाग के विद्यालयों के 50 से अधिक प्राचार्य एवं शिक्षकों को शाॅल, श्रीफल एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि ने अपने उदबोधन में कहा कि “शिक्षक ही वह शक्ति हैं जो राष्ट्र के नव निर्माण एवं नवचार में सहयोग करतेे हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल नौकरी पाने का माध्यम न होकर जीवन-मूल्य, संस्कृति और कर्तव्यनिष्ठा का सफर है। आज के युग में आवश्यक है कि हम शिक्षा को शोध, नवाचार और नैतिक आदर्शों से जोड़ें।” तत्पश्चात् विशिष्ट अतिथि राकेश कुमार सगर ने बताया कि भारतीय ज्ञान परंपरा में गुरु को सदैव उच्चतम स्थान दिया गया है। गुरु ही वह प्रकाशस्तंभ है जो अंधकार से ज्ञान के आलोक की ओर मार्गदर्शन करता है। मा सिर्फ बच्चे को जन्म देती है, पर शिक्षक ही मात्र एक ऐसा व्यक्ति है जो बच्चें के जीवन को सार्थक बनाता है।
इस दौरान विशिष्ट अतिथि निरंजन शर्मा, एस.पी. लोकायुक्त ने व्हीआईएसएम ग्रुप की उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि व्हीआईएसएम वर्तमान पीढी को भारत की शक्ति बनाने की दशा में उत्कर्ष कार्य कर रहा है । उन्होंने विद्यार्थियों से सायबर क्राईम, नशा मुक्त भारत और अपराध से दूर रहने का आह्वान किया। वही कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहें जिला शिक्षा अधिकारी हरिओम चतुर्वेदी ने शिक्षको के महत्व को रेखाकिंत किया और कहा कि उनके कंधे पर देश के विकास का जो भार है उसका निर्वाहन वो अपनी सम्पूर्ण जिम्मेदारी से करें। कार्यक्रम की विशेष बात यह रही कि संस्थान के चेयरमैन डाॅ. सुनील राठौर ने विद्यार्थियों को बताया कि वह शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करके ही अपने परिवार, समाज और देश का विकास कर सकते है। उन्होंने अनुशासन, ईमानदारी और कड़ी मेहनत से देश के नव निर्माण में सहयोग देने की बात कही। इस मौके पर संस्थान की चेयरपर्सन श्रीमती सरोज राठौर, ग्रुप निदेशक डाॅ. प्रज्ञा सिंह, समस्त महाविद्यालयों के प्राचार्यगण सहित समस्त स्टाॅफ व छात्र-छात्राऐं उपस्थित रहें।