गुस्साई भीड़ बोली न युद्ध चाहिये और न ही हमास, मुर्दा नहीं बनना चाहते, गाजा में फिलिस्तीनी नागरिकों ने निकाली रैली
नई दिल्ली. इजराइल और हमास की युद्ध के बीच अब हजारों फिलिस्तीनी नागरिकों ने मोर्चा संभाल लिया है। मोचा हमास को गाजा से खदेड़ने के लिये पहली बार गाजा में लोगों ने हमास के विरोध में रैली निकालकर नारेबाजी करते हुए उन्हें गाजा छोड़ने का अल्टीमेटम दे दिया। हमास के विरोध में भारी संख्या में गाजा की सड़कों पर निकले लोगों ने बताया है कि हमें न युद्ध चहिये और न ही हमास। हमें शांति से जीना है। सफेद झंडे लहराते हुए इन लोगों ने शांति की मांग की है। इस प्रदर्शन के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे है। इस बीच प्रदर्शनकारियों ने बाहर निकलो , हमास बाहर निकलो और हम जीना चाहते है के नारे लगाये ऐसे में कहा जा रहा है कि यह हमास का अंत है और उसका अंत नजदीक है।
आपको बता दें कि 7 अक्टूबर 2023 को हमास ने इजराइल पर हमला कर दिया था। जिसमें 1200 इजरायली नागरिकों की मौत हो गयी थी। जबकि कई लोगों को अपहरण कर लिया गया था। इसके बाद शुरू हुए इजरायल और हमास के बीच युद्ध में अभी तक 50 हजार से ज्यादा मौतें हो चुकी है। गाजा बर्बाद हो चुका है। लोग युद्ध से थक चुके है और शांति से जीवन गुजर-’बसर करना चाहते ळें इजरायल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने बार-बार कहा है कि इस युद्ध का मकसद हमास का सफाया करना है । इस संगठन को एक प्रशासनिक इकाई के रूप में नष्ट करना है। हालांकि अब उनका कहना है कि इस नये अभियान का मकसद समूह को बचे हुए बंधकों को छोड़ने के लिये मजबूर करना है।
हमास ने आरोप लगाया है कि इजरायल ने जनवरी के संघर्ष विराम समझौते की शर्तों को तोड़ा है, क्योंकि वो युद्ध को समाप्त करने और गाजा से अपने सैनिकों की वापसी और वार्ता शुरू करने में विफल रहा है। हमास ने कहा कि वे अब भी बातचीत के लिए तैयार हैं और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के विशेष दूत, स्टीव विटकॉफ की द्वारा तैयार किए गए “समझौते प्रस्तावों” पर विचार कर रहे है।
