MP में लिव-इन रिलेशनशिप वाले प्रेमी जोड़े को मिलेगी पुलिस सुरक्षा, हाईकोर्ट का आदेश
भोपाल. मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने एक मामले में बडा फैसला सुनाया है। हाईकोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ ने एक अंतरधार्मिक प्रेमी जोडे को पुलिस सुरक्षा प्रदान करने का आदेश दिया है। इस जोडे ने अपने परिजनों से जान का खतरा बताते हुए कोर्ट का रूख किया था। कोर्ट ने लडकी के परिवार को सख्त निर्देश दिया है कि वे इस जोडे की स्वतंत्रता में कोई हस्तक्षेप न करें। यदि किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न होती है तो जोडा पुलिस की मदद ले सकता है।
सोशल मीडिया से शुरू हुई प्रेम कहानी
अशोकनगर की रहने वाली शिफा और ग्वालियर के अजेंद्र की मुलाकात सोशल मीडिया पर हुई थी। धीरे-धीरे यह मुलाकात प्यार में बदल गया। जब शिफा के परिवार को इस रिश्ते का पता चला तो उन्होंने उसका घर से बाहर निकलना बंद कर दिया। जल्दबाजी में उसकी शादी 12 जनवरी को उससे भी बडे उम्र के व्यक्ति से तय कर दी। शिफा ने यह बात अपेन प्रेमी अजेंद्र को बताई। इसके बाद वह अपने परिवार से बचने के लिए ग्वालियर भाग आई और दोनों लिव-इन में रहने लगे।
परिवार से धमकी मिलने पर पहुंचे हाईकोर्ट
इस दौरान शिफा को परिवार की ओर से धमकियां मिलती रहीं। परेशान होकर इस जोड़े ने अपने वकील के जरिए हाई कोर्ट में याचिका दाखिल की। मामले की सुनवाई के दौरान हाई कोर्ट ने पुलिस को निर्देश दिया कि वह प्रेमी जोड़े को सुरक्षा दे और उनके अधिकारों की भी रक्षा करें। कोर्ट ने यह भी कहा कि यदि लड़की के परिजन या अन्य कोई उन्हें परेशान करें, तो उनके खिलाफ शिकायत दर्ज की जाए।
