शासकीय भूमि पर अवैध कॉलोनी काटने वालों के विरूद्ध हो कड़ी कार्रवाई-कलेक्टर
ग्वालियर एंटी माफिया अभियान के तहत सख्त से सख्त कार्रवाई की जायेगी। शासकीय भूमि पर अवैध कॉलोनी काटने वालों के विरूद्ध अभियान चलाकर कार्रवाई की जायेगी। ऐसे लोगों के विरूद्ध एफआईआर भी दर्ज की जायेगी। कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने यह निर्देश अंतरविभागीय समन्वय समिति की बैठक में दिए हैं।
कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में सोमवार को आयोजित अंतरविभागीय समन्वय समिति की बैठक में एंटी माफिया अभियान के तहत अभियान चलाकर कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए हैं। बैठक में सीईओ जिला पंचायत आशीष तिवारी, एडीएम एचबी शर्मा सहित सभी अनुविभागीय अधिकारी राजस्व सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
कलेक्टर ने कहा है कि शहरी तथा ग्रामीण क्षेत्र में एंटी माफिया अभियान के तहत कार्रवाई की जाए। शासकीय भूमि पर अवैध कॉलोनी काटकर बेचने वालों के विरूद्ध अनुविभागीय अधिकारी राजस्व एवं नगर निगम का अमला संयुक्त रूप से अभियान चलाकर कार्रवाई करे। दोषियों के विरूद्ध एफआईआर भी दर्ज कराई जाए। उन्होंने अनुविभागीय अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए हैं कि अवैध कॉलोनाइजरों के साथ-साथ अन्य माफियाओं की भी सूची तैयार कर अभियान चलाकर कार्रवाई करें।
कलेक्टर ने राजस्व अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया है कि आमजनों की समस्याओं के निराकरण के लिये लगाए जा रहे सुशासन शिविर भी लगाए जाएँ। शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार भी करें, ताकि शिविर में अधिक से अधिक लोगों के प्रकरणों का निराकरण किया जा सके। प्रत्येक अनुभाग क्षेत्र में पाँच – पाँच सुशासन शिविर आयोजित किए जाएं। इसके साथ ही शहरी क्षेत्र में भी नगर निगम एवं नगर पालिकाओं के माध्यम से सुशासन शिविर आयोजित कर लोगों की समस्याओं का निराकरण किया जाए।
कलेक्टर ने ग्रामीण विकास विभाग की भी विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने कहा कि प्रत्येक पंचायतों में जो गौशालाओं का निर्माण किया गया है, उसका शतप्रतिशत संचालन भी प्रारंभ किया जाए। गौशालाओं के संचालन में जनभागीदारी भी शामिल हो, इसके भी प्रयास किए जाएं।
राजस्व प्रकरणों का हो समय पर निराकरण
कलेक्टर ने राजस्व प्रकरणों की समीक्षा के दौरान कहा कि नामांतरण, सीमांकन एवं बटवारे के जो प्रकरण हैं उनका निराकरण राजस्व अधिकारी तेजी के साथ करें। कोई भी प्रकरण दस्तावेजों के अभाव में निरस्त न किया जाए। इसके साथ ही धारणा अधिकार के तहत प्राप्त आवेदनों का निराकरण भी तेजी से हो।
