ग्वालियर रेलवे स्टेशन के एग्जिट और एंट्री से परेशान यात्री, 4 वर्षो के बाद भी अधूरा, प्लेटफॉर्म पर खड़े होकर करते हैं यात्री ट्रेन का इंतजार
सीढ़ियां बनीं वेटिंग एरिया-प्लेटफॉर्म पर बैठने की जगह नहीं, कॉनकोर्स दिसंबर में होगा पूरा, तब तक परेशानी
ग्वालियर -535 करोड़ रुपए की लागत से तालियां रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास हो रहा है। यह काम 2 साल में पूरा हो जाना चाहिए था, लेकिन 4 वर्ष बाद भी अधूरा है। सितंबर 2026 तक प्लेटफॉर्म का काम पूरा करने का लक्ष्य पूरा नहीं हो सका। अब काम पूरा होने की नई समय-सीमा फिर तय होगी। इस बीच त्योहारों का सीजन शुरू हो चुका है।
ऐसे में स्टेशन पर यात्रियों की संख्या और बढ़ेगी। रोजाना करीब 50 से 55 हजार यात्रियों को अधूरी सुविधाओं के बीच सफर करना पड़ेगा। खास बात यह है कि निर्माण कार्य के चलते ट्रेन आने पर प्लेटफॉर्म पर इतनी जगह नहीं बचती जिससे यात्री बिना किसी परेशानी के ट्रेन पकड़ सकें।स्टेशन पर सबसे बड़ी परेशानी यात्रियों के बैठने और सुविधाओं की है। कई जगह प्लेटफॉर्म पर पंखे नहीं हैं। यात्री एफओबी की सीढ़ियों और उपलब्ध जगहों पर बैठकर ट्रेनों का इंतजार करने को मजबूर हैं। उमस और गर्मी बढ़ने और बैठने की जगह कम होने पर यह परेशानी और बढ़ सकती है।
न कॉनकोर्स तैयार, न पार्किंग शिफ्ट
यात्रियों के बैठने के लिए 90 मीटर लंबा और 72 मीटर चौड़ा कॉनकोर्स तैयार किया जा रहा है। रेलवे अधिकारियों का दावा है कि कॉनकोर्स और रूफ टॉप का काम दिसंबर तक पूरा होगा। यात्रियों की सुविधा के लिए एस्केलेटर लॉबी का काम पहले पूरा करने के निर्देश दिए हैं, ताकि यात्री बिना परेशानी स्टेशन से बाहर निकल सकें। वहीं अनारक्षित कार्यालय के सामने बनी पार्किंग शिफ्ट न होने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
