चोरों से 5 करोड़ की 44 कारें जब्त, 20 से 30 हजार रु. हर महीना बताकर गाड़ी किराए पर लेते व फर्जी कागज पर गिरवी रख भाग जाते
इंदौर. महू पुलिस ने वाहन चोर गिरोह को गिरफ्तार किया है। आरोपी पहले वाहनों को किराए से लेते थे इसके बाद उनके फर्जी कागजात बनाकर उन्हें गिरवी रख देते थे। पुलिस ने चार आरोपियों से 44 वाहन जब्त किए है और इनकी कीमत करीब 5 करोड़ रुपए बताई जा रही है।
एसपी महेश चंद जैन ने बताया कि इंदौर समेत महू के अलग-अलग थाना क्षेत्र से शिकायत मिली थी कि आरोपी देवेंद्र ठाकुर ने कई चार पहिया वाहन 22 से 30 हजार रुपए में किराए से लिया था। गिरोह के लोग एक माह में गाड़ी के फर्जी कागज बनाकर इन्हें अलग-अलग शहर में गिरवी रख देते थे इसके बाद फरार हो जाते थे।
ऐसे करते थे वारदात
फरियादियों ने बताया कि उनके चार पहिया वाहन देवेंद्र ठाकुर व उसके साथी श्याम सुनेर, दीपक रघुवंशी और रितेश वर्मा द्वारा किराए पर लिए जाते है। इसका अनुबंध पत्र देवेंद्र सिंह ठाकुर के नाम पर वाहन मालिक के साथ बनाया जाता है। टैक्सी के लिए किराए से देना और क्रमशः 30 से 20 हजार रुपए प्रतिमाह का किराया तय होता है इसके बाद देवेन्द्र व साथियों द्वारा न तो गाड़ी के एवज में किराया दिया गया और न ही गाड़ी लौटाई। गाडि़यों को अन्य लोगों को वाहन मालिक के फर्जी हस्ताक्षर कर दस्तावेज तैयार कर गिरवी रखा गया।
अन्य जिलों में भी की वारदातें
गिरफ्तार के चारों आरोपियों देवेन्द्र ठाकुर, श्याम सिंह सुनेर, दीपक रघुवंशी, रितेश वर्मा ने पूछताछ में बताया कि उन्होंने धार, सीहोर, खरगोन, देवास, इंदौर व अन्य जिलों से कई वाहन किराए पर लिए थे। इसके बाद इन्हें गाड़ी मालिक के नकली हस्ताक्षर और खुद के फर्जी स्टाम्प की मदद से बेच देते थे।
