जीवाजी विश्वविद्यालय के मेडीकल कॉलेज की आरक्षित जमीन का प्रीमियम माफ करने के लिये ज्योतिरादित्य सिंधिया ने लिखा सीएम को पत्र
ग्वालियर. राज्यसभा सांसद व भाजपा नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मप्र के मुखिया शिवराज सिंह को पत्र लिखकर जेयू (जीवाजी यूनिवर्सिटी) द्वारा ग्वालियर में मेडीकल कॉलेज स्थापित करने के लिये आरक्षित जमीन के प्रीमियम और भू-भाटक को माफ करने की मांग की है और साथ ही कहा है कि कोविड़ महामारी में हजारों प्रदेशवासियों को स्वास्थ्य सेवायें देना कितना चुनौती पूण्र रहा है। आप जानते हैं कि ग्वालियर में मेडीकल कॉलेज की स्थापना के आसपास के शहरों, राज्यों के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवायें उपलब्ध हो सकेंगी।

क्या है पूरा मामला
ग्वालियर के लिए हमेशा कुछ न कुछ करने वाले राज्यसभा सांसद ने इस बार स्वास्थ्य सेवाओं की ओर ध्यान देते हुए ब्ड मध्य प्रदेश शिवराज सिंह को बुधवार को पत्र लिखकर मांग की है। मांग की है कि वह जीवाजी विश्वविद्यालय द्वारा स्थापति किए जाने वाले मेडिकल कॉलेज के लिए गांव तुरारी में 17ण्454 हेक्टेयर भूमि के राजस्व विभाग को दिए जाने वाला प्रीमियम लगभग 27 करोड़ 92 लाख 64 हजार रुपए और भू.भाटक 1 करोड़ 39 लाख 63 हजार 200 रुपए माफ करने के निर्देश जारी करें। साथ ही पत्र में लिखा है कि कोविड पीरियड के चलते हजारों लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं देना अपने आप में चुनौतीपूर्ण रहा है। यह आप खुद जानते हैं। यह बताना चाहूंगा की ग्वालियर एक बढ़ा शहर है। यह ग्वालियर के साथ भिंडए मुरैनाए दतियाए शिवपुरीए गुनाए छतरपुरए टीकमगढ़ व पड़ोसी राज्यों के शहर धौलपुर व झांसी के लोगों की मेडिकल आवश्यक्ताओं की पूर्ति करता है। ऐसे में यहां जीवाजी विश्वविद्यालय मेडिकल कॉलेज स्थापित करना चाहता है। मेडिकल कॉलेज में आने वाले वित्तिय भार व सभी तरह के व्यव जेयू खुद वहन करेगा। सरकार पर कोई भार नहीं पड़ेगा। ऐसे में जमीन का प्रीमियम और भू.भाटक माफ करने से मेडिकल कॉलेज की स्थापना में बहुत सहयोग मिलेगा।

