माटी से साकार हुआ गणेश का स्वरूप, विद्यार्थियों ने मिट्टी से गढ़ीं आकर्षक गणेश प्रतिमाएं
श्योपुर, गणेशोत्सव को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ते हुए श्योपुर जिले के विद्यालयों में ‘माटी गणेश’ अभियान के अंतर्गत विद्यार्थियों द्वारा मिट्टी से भगवान गणेश की आकर्षक एवं कलात्मक प्रतिमाएं तैयार की जा रही हैं। इस रचनात्मक पहल के माध्यम से विद्यार्थियों में भारतीय संस्कृति, कला-कौशल और पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है।
अभियान के अंतर्गत विद्यार्थियों ने प्राकृतिक मिट्टी से विभिन्न आकार एवं स्वरूपों में गणेश प्रतिमाओं का निर्माण किया। इसके पश्चात बच्चों ने अपनी कल्पनाशीलता का परिचय देते हुए प्रतिमाओं को आकर्षक प्राकृतिक रंगों से सजाया। अनेक विद्यालयों में विद्यार्थियों ने सामूहिक रूप से गणेश प्रतिमाएं तैयार कर अपनी कलात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
इस अवसर पर विद्यार्थियों को मिट्टी से प्रतिमा निर्माण, रंग संयोजन, स्वच्छता तथा पर्यावरण-अनुकूल गणेशोत्सव के महत्व से अवगत कराया गया। बच्चों ने स्वयं प्रतिमा तैयार करने के साथ यह संदेश भी दिया कि उत्सवों को प्रकृति के अनुकूल और पर्यावरण संरक्षण की भावना के साथ मनाया जा सकता है।
जिला शिक्षा अधिकारी श्री यश जैन ने कहा कि “माटी गणेश अभियान केवल प्रतिमा निर्माण की गतिविधि नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में सृजनात्मकता, भारतीय संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण की भावना विकसित करने का माध्यम है। बच्चों द्वारा अपने हाथों से गणेश प्रतिमा बनाना उनके लिए सीखने के साथ-साथ आनंद और आत्मविश्वास का अनुभव भी है।”
विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं विद्यालय परिवार ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए ‘माटी से गणेश-प्रकृति के संग गणेशोत्सव’ का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया।
