‘‘एक देश एक चुनाव’’ का बिल मानसून सत्र में नहीं होगा पेश, जेपीसी का कार्यकाल बढ़ा
नई दिल्ली. संसद में जारी मानसून सेशन के बीच एक बड़ा अपडेट आया है। जानकारी के अनुसार इस सेशन में ‘एक देश एक चुनाव’ से जुड़ा बिल पेश नहीं किया जायेगा। इसलिये इस पर चर्चा नहीं होगी। वहीं ये भी सामने आया है। जेपीसी को इस बिल अपनी रिपोर्ट संसद के शीतकालीन सत्र के अंतिम सप्ताह के पहले दिन तक सौंपनी होगी।
संसद का मानसून सेशन जारी है। इस सत्र को लेकर चर्चा थी, कि सरकार वन नेशन वन इलेक्शन बिल को इसमें पेश कर सकती है। लेकिन सामने आया है कि एक देश एक चुनाव से जुड़ा, संविधान संशोधन विधेयक मौजूदा संसद सत्र में पेश नहीं किया जायेगा। इस विधेयक की जांच के लिये गठित संयुक्त संसदीय समिति ‘जेपीसी’ का कार्यकाल बढा़ दिया गया है। अब समिति को अपनी रिपोर्ट संसद के शीतकालीन सत्र के अंतिम सप्ताह के पहले दिन तक सौंपनी होगी। जेपीसी का कार्यकाल बढ़ाये जाने के बाद साफ हो गया है। समिति अपनी रिपोर्ट मौजूदा सत्र के बीच पेश नहीं करेगी। ऐसे में एक देश-एक चुनाव विधेयक पर आगे की प्रक्रिया अब शीतकालीन सत्र में रिपोर्ट आने के बाद ही आगे बढ़ने की संभावना है।
