देश के हर राज्य का कृषि रोडमैप तैयार कराया जायेगा – केन्द्रीय कृषि मंत्री चौहान
ग्वालियर – केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि कृषि भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ है। इसलिए सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ खेती की लागत घटाने व कृषि उत्पादकता बढ़ाने का काम कर रही है। इससे किसानों की आय बढ़ेगी। उन्होंने कहा इस उद्देश्य की पूर्ति के लिये फसलवार किसानों, कृषि वैज्ञानिकों व कृषि उद्यमियों से साझा चर्चा कर देश के हर राज्य का कृषि रोडमैप तैयार कराया जायेगा। खेती का यह रोडमैप पानी, मिट्टी की प्रकृति व जलवायु का ध्यान में रखकर तैयार होगा। श्री चौहान ने कहा सरकार का प्रयास है कि कुछ किसान ही नहीं अपितु सभी किसानों की आय में वृद्धि हो।
ग्वालियर के राजमाता विजयाराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय के दत्तोपंत ठेंगड़ी सभागार में आयोजित हो रही तीन दिवसीय “64वी अखिल भारतीय गेहूँ एवं जौ अनुसंधान कार्यकर्ता गोष्ठी” के दूसरे दिन कृषि वैज्ञानिकों, प्रगतिशील किसानों, कृषि उद्यमियों एवं कृषि विद्यार्थियों को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर मध्यप्रदेश के किसान कल्याण व कृषि विकास मंत्री श्री ऐदल सिंह कंषाना भी मंचासीन थे।
इस कृषक गोष्ठी में देश के 12 राज्यों से आए कृषि वैज्ञानिक, प्रगतिशील किसान, कृषि उद्यमी एवं कृषि विद्यार्थी हिस्सा ले रहे हैं। गोष्ठी के दूसरे दिन आयोजित हुए कार्यक्रम में भारत सरकार के कृषि अनुसंधान एवं महानिदेशक भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद प्रो. एम एल जाट, अपर सचिव श्री प्रमोद कुमार, उप महानिदेशक भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन) डॉ. ए. के. नायक, भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के निदेशक श्री रतन तिवारी, राजमाता विजयाराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय के कुलगुरू प्रो. अरविंद कुमार शुक्ला और कृषि विश्वविद्यालय हिसार हरियाणा के कुलपति डॉ. बी आर कम्बोज सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मंचासीन थे।
