चम्बल नदी का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर, कई गांवों का टूटा संपर्क, प्रशासन अलर्ट मोड़ पर

मुरैना. मध्यप्रदेश और राजस्थान में लगातार वर्षा की वजह चम्बल नदी में अचानक उफान आ गया है। शनिवार की रात तकनदी का जल स्तर 137.20 मीटर था। लेकिन रविवार की 24 अगस्त को यह बढ़कर 139.2 मीटर तक पहुंच गया। खतरे का निशान 138 मीटर पर है। यानी नदी फिलहाल खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। राजस्थान के नौनेरा सिंध बैराज से 1 लाख 26 हजार क्यूसेक और कोटा बैराज से 14 हजार 680 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। इसके अलावा पार्वती नदी भी खतरे के निशान से ऊपर बह रह ही है। उसका पानी चम्बल में मिल रहा है। लगातार पानी आने से चम्बल का जलस्तर तेजी बढ़ा है।

निचले गांवों पर खतरा
डिप्टी कलेक्टर मेघा तिवारी ने बतायाहै कि नदी किनारे बसे गांवों से लगातार संपर्क किया जा रहा है। कुछ निचले गांवों का मुख्य मार्ग से संपर्क टूट गया है। लेकिन प्रशासन उनसे जुड़े हुए है। जरूरत पड़ने पर गांव खाली कराने की तैयारी है। होमगकार्ड और एनडीआरएफ की टीमें एक्टिव मोड पर है। प्रशासन का कहना है कि हालात पर लगातार नजर रखी जारही है। अनुमान है कि दिन में जलस्तर स्थित हो सकता है। लेकिन पूरी सतर्कता बरती जा रही है।
इन गांवों में रेड अलर्ट
कैमारा कला के गांव: छोटी राड़ी बड़ी राड़ी
गौदोली के गांव: गौदोली धूर रेजा पुरा मड़आ
कलरघटी के गांव: मदनू का पूरा बंसी का पूरा बलदेव का पूरा
बेलापुर के गांव: बेलापुर घेर
कुशियाना के गांव: रामप्रकाश का पूरा
रतन बसई के गांव: रामगढ़ सुखध्यान का पूरा इन्द्रजीत का पूरा सुबसई बिछपुरी
लुधयाली के गांव: मदनल का पूरा रामदेव का पूरा
रायपुर के गांव: दीवानसिंह का पूरा बिहार का पूरा
