एलिवेटेड रोड- भाजपा नेता की कंसल्टेंट जैक कम्पनी पर होगी एफआईआर, कम्पनी को निलंबन का नोटिस

गुजरात की कंस्ट्रक्शन कंपनी को भी नोटिस, ऊर्जा मंत्री बोले– एफआईआर के साथ होगी गुणवत्ता की जांच, रिपोर्ट के बाद आगे की कार्रवाई
ग्वालियर स्वर्ण रेखा पर निर्माणाधीन एलिवेटेड रोड का गर्डर गिरने का मामला ग्वालियर से भोपाल तक गूंज गया है। इस मामले में शुक्रवार को दिनभर कार्रवाई की प्रक्रिया चलती रही। लोक निर्माण विभाग (PWD) के सेतु संभाग मुख्य अभियंता और ग्वालियर में कार्यपालन यंत्री ने कंस्ट्रक्शन कंपनी श्री मंगलम बिल्डकॉन और अथॉरिटी इंजीनियर कंपनी एलएन मालवीय को निलंबन का नोटिस देकर 2 दिन में जवाब मांगा है। अथॉरिटी इंजीनियर के तौर पर काम कर रही यह कंपनी भोपाल के BJP नेता व संत सनातन सेवा संस्थान के अध्यक्ष LN मालवीय की है। नोटिस में स्पष्ट किया गया है कि गुणवत्ता एवं सुरक्षा मानकों के तहत कार्य कराने की जिम्मेदारी आपकी (एलएन मालवीय) थी, फिर भी यह हादसा हुआ है। वहीं ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्नसिंह तोमर ने कहा है कि जिस कंपनी का हाइड्रोलिक जैक फेल हुआ है उसके प्रबंधक पर एफआईआर दर्ज की जाएगी। गर्डर का सैंपल टेस्टिंग भी होगी।

1. एलएन मालवीय
भोपाल की एलएन मालवीय इंफ्रा प्रोजेक्ट प्राइवेट लिमिटेड इस प्रोजेक्ट के तहत अथॉरिटी इंजीनियर के तौर पर कार्य कर रही है। देखरेख की जिम्मेदारी इन्हीं की थी। रिपोर्ट के अनुसार गर्डर स्थापित किए जाने के लिए जो जैक मशीन लगाई गई, वह तकनीकी तौर पर फेल हुई। इसके लिए इसी फर्म का दोष माना जा रहा है।
किस कंपनी को किस लिए मिला नोटिस
2- श्री मंगलम बिल्डकॉन
गुजरात की श्री मंगलम बिल्डकॉन इंडिया प्राइवेट लिमिटेड को नोटिस देकर जवाब मांगा गया है कि आखिर यह हादसा क्यों और कैसे हुआ? यह कंपनी जलालपुर तिराहा से लक्ष्मीबाई समाधि स्थल तक एलिवेटेड रोड का निर्माण कर रही है। इसी के निर्माण हिस्से में यह हादसा हुआ। वहीं श्री मंगलम बिल्डकॉन इंडिया प्रा.लि. के प्रोजेक्ट मैनेजर प्रबल राजावत ने बताया कि कंपनी की तरफ से पड़ाव थाना में आवेदन दिया गया है कि जैक फटने के कारण गर्डर गिरने का मामला हुआ। मामले में जैक कंपनी मार्सल हाइड्रो वर्क्स के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
6 से अधिक लैब में होगी जांच
तोमर ने बताया कि अधिकारियों को 6 से अधिक लैबों में इसकी कोर कटिंग कराकर टेस्टिंग कराने के लिए कहा गया है, ताकि निर्माण कार्य की गुणवत्ता भी जनता के सामने आ सके। तोमर ने बताया कि जैक कंपनी के साथ-साथ दूसरी जिम्मेदार कंपनियों पर भी कार्रवाई होगी।
गर्डर लॉन्चिंग के लिए खेड़ापति मंदिर के पास की पुलिया का रास्ता 14 अप्रैल को दोनों तरफ से बंद किया गया था, जो अब भी बंद ही रहेगा। क्योंकि जो गर्डर गिरा है उसे हटाने एवं अन्य एक गर्डर को साधने में समय लगेगा। इसके अलावा पुलिया की दीवार भी क्षतिग्रस्त हो गई है जिसे सुधरवाया जा रहा है। जानकारी के अनुसार इस रास्ते को खुलने में तीन से 5 दिन का समय लग सकता है।
नोटिस देकर जवाब मांगा है
मुख्य अभियंता द्वारा इस मामले में कंस्ट्रक्शन कंपनी और अथॉरिटी इंजीनियरिंग कंपनी को नोटिस देकर जवाब मांगा गया है। जवाब आने के बाद आगे की कार्रवाई करेंगे। वहीं घटना स्थल पर क्षतिग्रस्त गर्डर हटाने का कार्य होने के बाद रास्ता खोला दिया जाएगा।
जोगिंदर यादव, कार्यपालन यंत्री, सेतु संभाग





