राज्य

LatestNewsमप्र छत्तीसगढ़राज्य

तिब्बत से आई बाढ़ ने नेपाल में मचाई तबाही, गांवों में घुसा पानी; पुल और गाड़ियां बहीं

काठमांडू. चीन के तिब्बत की ओर से आई अचानक बाढ़ ने नेपाल के रसुवा जिले में भारी तबाही मचाई है। भोटेकोशी नदी का पानी अचानक बढ़ने से टिमुरे और स्याब्रुबेसी इलाके के कई घरों, बाजारों और दूसरी संपत्तियों को नुकसान पहुंचा है। तेज बहाव में वाहन और सामान बह गए, जबकि एक पुल भी टूट गया। बाढ़ के बाद टिमुरे बॉर्डर पोस्ट पर तैनात 9 पुलिसकर्मी लापता बताए जा रहे हैं। अधिकारियों के मुताबिक, बाढ़ के बाद से इनसे संपर्क नहीं हो पाया है। हालांकि, बॉर्डर पोस्ट पर मौजूद 25 से 30 दूसरे लोग सुरक्षित बताए जा रहे हैं।


बाढ़ और भूस्खलन से टिमुरे में भारी नुकसान की आशंका
रसुवा के टिमुरे में फंसे लोगों को निकालने के लिए भेजा गया हेलिकॉप्टर बिना उतरे काठमांडू लौट आया। बाढ़ के पानी में स्थानीय हेलिपैड बह गया था, इसलिए पायलट को उतरने के लिए सुरक्षित जगह नहीं मिली। पायलट ने काठमांडू पोस्ट को बताया कि ऊपर से देखने पर टिमुरे गांव का बड़ा हिस्सा नजर ही नहीं आ रहा था। उन्होंने कहा कि त्रिशूली नदी का पानी अचानक बहुत तेजी से बढ़ा, जैसे अचानक किसी बंद नदी का पानी बाहर निकल आया हो। बाढ़ और भूस्खलन से टिमुरे में भारी नुकसान की आशंका है। फिलहाल कितने लोगों की मौत हुई या कितना नुकसान हुआ, इसकी जानकारी सामने नहीं आई है।


बाढ़ से हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट भी बहा
रसुवा में आई अचानक बाढ़ के तेज बहाव से एक हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट बह गया, जबकि चिलिमे जलविद्युत परियोजना समेत कुछ दूसरी परियोजनाओं को भी नुकसान पहुंचा है। बाढ़ से कितना कुल नुकसान हुआ है, इसकी पूरी जानकारी अभी सामने नहीं आई है। खास बात यह है कि रसुवा जिला मुख्यालय के आसपास बारिश नहीं हुई थी। इसके बावजूद भोटेकोशी नदी में अचानक पानी बढ़ गया। अधिकारियों के मुताबिक, बाढ़ की सही वजह अभी साफ नहीं है। ऊंचाई वाले इलाके में ग्लेशियर की झील का पानी अचानक निकलने की आशंका जताई जा रही है, लेकिन इसकी पुष्टि नहीं हुई है।

 

LatestNewsमप्र छत्तीसगढ़राज्य

सरकार का बड़ा फैसला, सरकारी दफ्तरों में बायोमैट्रिक हाजिरी अनिवार्य

भोपाल. राजधानी में मंत्रालय सहित विंध्याचल और सतपुडा भवनों से लेकर जिला स्तर के कार्यालयों तक बायोमैट्रिक अटैंडेंस की व्यवस्था प्रारंभ की जाए। अधिकारी-कर्मचारी निर्धारित समय पर कार्यालय पहुंचें और समय पर कार्यों को पूर्ण करें, इस पर वरिष्ठ अधिकारी नजर रखेंगे। जनता से जुडे सभी प्राथमिक कार्यों का समय पर निपटारा आवश्यक है। उक्त निर्देश सीएम मोहन यादव ने मंत्रालय में 21 प्रमुख कार्यों की समीक्षा बैठक में दिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के माध्यम से साप्ताहिक शिविर और संवाद के गत तीन सप्ताह में अच्छे परिणाम मिल रहे है। त्योहार या अन्य कारणों से जब शुक्रवार को जन विश्वास अभियान के तहत शिविर और संवाद का आयोजन न हो सके तो आगामी दिवस अर्थात शनिवार को यह कार्यवाही की जाए।
मुख्मंत्री ने निर्देश दिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में आबादी की निशुल्क रजिस्ट्री के लिए अधिकार अभिलेखों के पंजीयन, जिला स्तर पर राजस्व और पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग नर्मदा समग्र मिशन की स्थापना और क्रियान्वन के लिए आवश्यक कार्यवाही को शीघ्र पूर्ण किया जाए। गुजरात, सूरत जल भंडारण मॉडल, कर्मभूमि से जन्म भूमि अभियान के समान प्रदेश में अभियान प्रारंभ करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि नगरीय क्षेत्रों में पेयजल प्रदेश और सीवरेज के कार्यों का उचित प्रबंधन करें। निकायों की आदर्श कार्मिक संरचना में उपलब्ध पदों पर कार्यरत पीएचई के इच्छुक तकनीकी अधिकारियों और कर्मचारियों का वन टाइम संविलियन किया जाए।

LatestNewsमप्र छत्तीसगढ़राज्य

ग्वालियर में रक्षाबंधन से पहले ट्रेनों में भारी भीड़, रिजर्वेशन फुल; तत्काल टिकट पर भी हाई लोड

ग्वालियर. रक्षाबंधन का त्योहार नजदीक आते ही ट्रेनों में यात्रियों कीभीड बढने लगी है। भाई-बहन के इस त्योहार पर बडी संख्या में लोग अपने घरों और रिश्तेदारों के यहां जाने की तैयारी कर रहे है। इसका असर ग्वालियर रेलवे स्टेशन पर भी साफ दिखाई दे रहा है। स्टेशन पर यात्रियों की संख्या सामान्य दिनों की तुलना में बढ गई है। लंबी दूरी की ट्रेनों में सीट पाने के लिए यात्री घंटों इंतजार कर रहे है लेकिन अधिकांश ट्रेनों में अब रिजर्वेशन मिलना मुश्किल हो गया है।


यात्रियों को कन्फर्म सीट नहीं मिल रही
ग्वालियर से होकर गुजरने वाली लंबी दूरी की लगभग सभी प्रमुख ट्रेनों में सीटों की स्थिति फुल हो चुकी है। दिन के समय चलने वाली तमिलनाडु एक्सप्रेस, जीटी एक्सप्रेस, केरल एक्सप्रेस, कर्नाटक एक्सप्रेस, छत्तीसगढ एक्सप्रेस, समता एक्सप्रेस, चंडीगढ, एक्सप्रेस, मदुरई एक्सप्रेस, हिमसागर एक्सप्रेस और नवयुग एक्सप्रेस जैसी ट्रेनों में यात्रियों को कन्फर्म सीट नहीं मिल रही है। कई ट्रेनों में स्लीपर से लेकर एसी श्रेणी तक लंबी वेटिंग चल रही है।
कई ट्रेनों में स्लीपर की वेटिंग 100 के पार पहुंच गई
त्योहार के कारण सबसे ज्यादा दबाव स्लीपर क्लास की बुकिंग पर दिखाई दे रहा है। सामान्य यात्रियों के लिए किफायती होने के कारण बडी संख्या में लोग स्लीपर श्रेणी में यात्रा करना पसंद करते है, लेकिन रक्षाबंधन से पहले कई ट्रेनों में स्लीपर की वेटिंग 100 के पार पहुंच गई है। यात्रियों को टिकट बुक कराने के बाद भी कन्फर्म सीट मिलने की उम्मीद कम नजर आ रही है। एसी श्रेणी में भी सीटों की उपलब्धता सीमित हो गई है।

LatestNewsमप्र छत्तीसगढ़राज्य

ग्वालियर से चलेगी ताज एक्सप्रेस, 20 नवंबर से कई ट्रेनों के रूट में बदलाव

ग्वालियर. झांसी रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर बैलेस्टलेस ट्रैक निर्माण के चलते 20 नवंबर से 29 दिसंबर तक 40 दिनों का ब्लॉक लिया जाएगा। इस दौरान झांसी स्टेशन पर ट्रैफिक रेगुलेशन लागू रहेगा जिससे ग्वालियर से गुजरने वाली कई ट्रेनें प्रभावित होंगी। यात्रियों की सुविधा के लिए कई ट्रेनों के रूट बदले गए है जबकि कुछ ट्रेनें ग्वालियर स्टेशन से ही चलेंगी या यहीं अपनी यात्रा समाप्त करेंगी।
ग्वालियर से चलेगी ताज एक्सप्रेस
ताज एक्सप्रेस (12279): 20 नवंबर से 29 दिसंबर तक झांसी के बजाय ग्वालियर स्टेशन से नई दिल्ली के लिए रवाना होगी।
ताज एक्सप्रेस (12280): 20 नवंबर से 29 दिसंबर तक दिल्ली से झांसी आने वाली यह ट्रेन झांसी जाने के बजाय ग्वालियर स्टेशन पर ही अपनी यात्रा समाप्त करेगी।
ग्वालियर-बरौनी मेल का बदला रूट
ग्वालियर-बरौनी मेल (11123): 20 नवंबर से 29 दिसंबर तक झांसी के बजाय इटावा-कानपुर रूट से बरौनी जाएगी।
बरौनी-ग्वालियर मेल (11124): 19 नवंबर से 28 दिसंबर तक झांसी होकर आने के बजाय कानपुर-इटावा-ग्वालियर मार्ग से सीधे ग्वालियर पहुंचेगी।

LatestNewsमप्र छत्तीसगढ़राज्य

अजीत डोभाल बीजिंग पहुंचे, चीन बोला- सीमा मुद्दे पर भारत से जारी रहेगी गहन बातचीत

नई दिल्ली. भारत और चीन सीमा विवाद को लेकर बातचीत जारी रखने पर सहमत है। 25वें दौर की विशेष प्रतिनिधि वार्ता से एक दिन पहले चीन ने कहा कि दोनों देश नेताओं के बीच बनी सहमति की भावना के अनुरूप सीमा मुद्दे पर गहन संवाद जारी रखेंगे। यह वार्ता मंगलवार को बीजिंग में होगी। भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार और भारत-चीन सीमा प्रश्न पर विशेष प्रतिनिधि अजीत डोभाल दो दिवसीय यात्रा पर बीजिंग पहुंच चुके है। उन्हें चीन के विदेश मंत्री और कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ चाइना की केंद्रीय समिति के पोलित ब्यूरो के सदस्य वांग यी ने वार्ता के लिए आमंत्रित किया है।
चीन ने क्या कहा
चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लिन जियान ने बीजिंग में नियमित प्रेस ब्रीफिंग के दौरान कहा कि विशेष प्रतिनिधियों की बैठक दोनों देशों के बीच सीमा वार्ता का प्रमुख माध्यम है। यह आपसी चिंता के मुद्दों पर संवाद का भी महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने कहा कि पिछले साल अगस्त में दोनों देशों ने सीमा मुद्दे पर विशेष प्रतिनिधियों की 24वीं बैठक की थी। इस दौरान दोनों पक्षों ने सीमा से जुडे मुद्दों पर स्पष्ट और गहन विचार-विमर्श किया था और कई बिंदुओं पर सहमति बनी थी। लिन जियान के अनुसार आगामी बैठक में दोनों देश उस सहमति की भावना के अनुरूप सीमा मुद्दे पर गहन बातचीत जारी रखेंगे। दोनों पक्ष सीमावर्ती क्षेत्रों में शांति और स्थिरता बनाए रखने के लिए मिलकर काम करेंगे। इसके अलावा द्विपक्षीय संबंधों और अंतरराष्ट्रीय तथा क्षेत्रीय मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया जाएगा।
एलएसी पर भी दोनों देशों के बीच हुई बातचीत
भारत और चीन के अधिकारियों के बीच 6 अगस्त को भारत-चीन सीमा मामलों पर वर्किंग मैकेनिज्म फॉर कंसल्टेशन एंड कोऑर्डिनेश्न की 36वीं बैठक हुई थी। इस दौरान दोनों पक्षों ने वास्तविक नियंत्रण रेखा की स्थिति पर स्पष्ट चर्चा की थी। भारत ने बैठक में दोहराया था कि सीमा क्षेत्रों में शांति और स्थिरता बनाए रखना दोनों देशों के संबंधों के समग्र विकास के लिए जरूरी है। दोनों पक्षों ने लंबित मुद्दों को सुलझाने और एलएसी पर गलतफहमी या गलत आकलन की स्थिति से बचने के लिए मौजूदा तंत्रों का इस्तेमाल जारी रखने पर सहमति जताई थी।

 

LatestNewsमप्र छत्तीसगढ़राज्य

कूनो नेशनल पार्क से मादा चीता निर्वा लापता, कॉलर आईडी भी खराब

भोपाल. कूनो नेशनल पार्क से मादा चीता निर्वा एक हफ्ते से ज्यादा समय से लापता है। उसके गायब होने के बाद वन विभाग के अधिकारी गोपनीय तौर पर उसकी तलाश में जुटे है। इस बीच मामलमे में विभागीय लापरवाही के आरोप भी लगाए जा रहे है। मामले की शिकायत मुख्यमंत्री, पीएमओ, राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण, केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्रालय और केंद्रीय वन मंत्री भूपेंद्र यादव से किए जाने की बात सामने आई है। बताया जा रहा है कि निर्वा के गले में लगा कॉलर आईडी काफी समय से खराब था जिसके कारण उसकी लोकेशन ट्रेस करने में परेशानी आ रही है।


सोशल मीडिया पर पोस्ट के बाद सामने आया मामला
वाइल्डलाइफ एक्सपर्ट और आरटीआई एक्टिविस्ट अजय दुबे ने एक्स पर पोस्ट कर निर्वा के लातपा होने की जानकारी साझा की। उन्होंने कूनो के फील्ड डायरेक्टर पर वन्यजीवों की निगरानी के बजाय सोशल मीडिया पर नागरिकों और एक्टिविस्ट्स को निशाना बनाने का आरोप लगाया। दुबे ने पोस्ट में फील्ड स्तर पर जवाबदेही तय करने और कार्रवाई की मांग की है।
आगरा में पकडे गए शिकारियों के गिरोह से भी मामला जोडा
दुबे के अनुुसार जुलाई में उत्तर प्रदेश के आगरा में शिकारियों का एक गिरोह पकडा गया था। इसमें 6 चीतों के शिकार की बात सामने आने का दावा किया गया था। ऐसे में उन्होंने आशंका जताई है कि कही निर्वा भी इसी गिरोह के शिकार का शिकार तो नहीं हो गई। हालांकि निर्वा के साथ वास्तव में क्या हुआ इसकी अभी पुष्टि नहीं हुई है।

 

LatestNewsमप्र छत्तीसगढ़राज्य

शक्कर निर्माताओं ने दी राहत की खबर, जल्द घट सकते हैं चीनी के दाम

नई दिल्ली. इंडियन शुगर मिल्स एसोसिएशन ने कहा कि देश में चीनी की कमी नहीं है, आने वाले दिनों में फुटकर बाजारों में कीमतें कम होने की उम्मीद है। पिछले एक महीने में चीनी 20 प्रतिशत से ज्यादा महंगी होकर 60 प्रति किलो तक हो गई है। इसके बाद सरकार ने राहत देने के लिए ड्यूटी-फ्री इंपोर्ट की मंजूरी दी थी। केंद्र सरकार ने 20 अगस्त को 10 लाख टन रॉ शुगर के बिना किसी सीमा शुल्क आयात की अनुमति दी है ताकि बाजार मे सप्लाई बढाकर कीमतों पर काबू पाया जा सके। नेशनल फेडरेशन ऑफ कोऑपरेटिव शुगर फैक्ट्रीज ने भी घरेलू सप्लाई को पर्याप्त बताया है। एनएफसीएसएफ के अध्यक्ष प्रकाश नाईकनवरे ने कहा कि फेडरेशन ने 2025 से 2026 सीजन के लिए अपने नेट शुगर प्रोडक्शन के अनुमान को 2.79 करोड टन पर बरकरार रखा है। इसमें से करीब 24 लाख टन चीनी इथेनॉल उत्पादन के लिए डायवर्ट की गई है। भारत मे हर साल करीब 3 करोड टन चीनी उत्पादन होता है।
15 अक्टूबर से पहले आ सकती है पहली खेप
एनएफसीएसएफ के अनुसार इंपोर्टेड चीनी की कुछ खेप 15 अक्टूबर से पहले भारतीय बंदरगाहों पर पहुंच सकती है। प्रकाश ने बताया कि थाईलैंड खुद चीनी की कमी से जूझ रहा है ऐसे में अभी ब्राजील ही एकमात्र विकल्प है। ब्राजील से जहाजों को भारत आने में 40 से 45 दिन का समय लगता है जिसके बाद इसे मिलों तक पहुंचाया जाता है। डीजीएफटी की मंजूरी लेटर ऑफ क्रेडिट और पोर्ट कंजेशन पर यह टाइमलाइन निर्भर करेगी।
तटीय राज्यों को इंपोर्टेड रॉ शुगर पहले मिलेग
सरकार की गई 31 अक्टूबर की डेडलाइन पर नाईकनवरे ले कहा कि इसमें छूट मिल सकती है। जो शिपमेंट पहले से रास्ते में होंगे उन्हें तय तारीख के बाद भी आने की अनुमति मिलने की पूरी संभावना है। महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु, गुजरात और आंध्र प्रदेश जैसे तटीय राज्यों को इंपोर्टेड रॉ शुगर पहले मिलेगी। वहीं उत्तर भारत के लैंडलॉक्ड राज्यों तक इन बंदरगाहों से रेल या सडक मार्ग के जरिए चीनी पहुंचाई जाएगी।

LatestNewsमप्र छत्तीसगढ़राज्य

त्योहारों से पहले महंगाई का झटका, ग्वालियर में शक्कर ₹70 किलो पहुंची

ग्वालियर. ग्वालियर में त्योहारों से पहले आम आदमी की रसोई का बजट बिगड़ने लगा है। चीनी, खाद्य तेल, दाल और चावल के दामों में तेजी आई है। खुदरा बाजार में चीनी 65 से 70 रुपए किलो तक पहुंच गई है, जबकि थोक मंडी में इसका भाव 6000 से 7000 रुपए प्रति क्विंटल बताया जा रहा है। खाद्य वस्तुओं के बढ़ते दामों का असर घरों के साथ मिठाई कारोबार पर भी पड़ने की आशंका है। त्योहारी सीजन नजदीक आने के साथ चीनी की मांग बढ़ने लगी है। रक्षाबंधन, जन्माष्टमी, गणेशोत्सव और इसके बाद दीपावली जैसे त्योहारों में मिठाई और अन्य खाद्य पदार्थों की खपत बढ़ती है। व्यापारियों का कहना है कि मांग बढ़ने के साथ चीनी के दाम में और तेजी आ सकती है। मौजूदा तेजी बनी रही तो मिठाई के दाम में करीब 50 से 100 रुपए प्रति किलो तक की बढ़ोतरी हो सकती है।
चीनी के भाव में तेजी के पीछे कई कारण
ग्वालियर शक्कर खांडसारी एसोसिएशन से जुड़े व्यापारियों के मुताबिक चीनी के भाव में तेजी के पीछे कई कारण हैं। इनमें एथेनॉल उत्पादन को बढ़ावा देने की नीति भी प्रमुख है। पेट्रोल में एथेनॉल मिश्रण बढ़ाने के चलते गन्ने और उससे निकलने वाले उत्पादों का एक हिस्सा एथेनॉल उत्पादन की ओर जा रहा है। इससे चीनी की उपलब्धता और कीमतों पर असर पड़ रहा है। एथेनॉल बनाने में गन्ने, गुड़ और शीरे यानी मोलासेस का उपयोग होता है। गन्ने से चीनी तैयार होने के बाद निकलने वाले उप-उत्पादों को डिस्टिलरी में भेजकर एथेनॉल बनाया जाता है। तैयार एथेनॉल की गुणवत्ता जांच के बाद इसे तेल कंपनियों को भेजा जाता है, जहां निर्धारित अनुपात में पेट्रोल के साथ मिलाया जाता है।
मिठाई कारोबारियों की लागत बढ़ गई
चीनी और खाद्य तेल के दाम बढ़ने से मिठाई कारोबारियों की लागत बढ़ गई है। त्योहारों में मिठाई की मांग बढ़ने के बावजूद कच्चे माल की बढ़ती कीमत कारोबारियों के लिए चुनौती बन रही है। व्यापारियों का कहना है कि यदि खाद्य वस्तुओं के दामों में तेजी जारी रही तो इसका भार अंततः उपभोक्ताओं पर पड़ सकता है। यानी इस बार त्योहारों की मिठास पर महंगाई का असर साफ दिखाई दे सकता है। चीनी, तेल, दाल-चावल और परिवहन लागत में बढ़ोतरी से आने वाले दिनों में आम आदमी की रसोई का बजट और बढ़ने की आशंका है।

LatestNewsमप्र छत्तीसगढ़राज्य

मधेपुरा के सिंहेश्वर धाम में धक्का-मुक्की, 8 श्रद्धालु घायल; बैरिकेडिंग टूटने से मची अफरातफरी

बिहार. बिहार में मधेपुरा के सिंहेश्वर धाम में सावन के अंतिम सोमवार पर जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटी। इससे मंदिर परिसर में धक्का-मुक्की शुरू हो गई और कतार टूटने से भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। कुछ श्रद्धालु गिर गए। एक महिला के सिर में चोट लगी, जबकि 8 लोग घायल हुए हैं। भीड़ को नियंत्रित करने के दौरान ड्यूटी पर तैनात एक पुलिसकर्मी भी घायल हो गया। उसकी वर्दी भी फट गई। सभी घायलों को मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया। करीब आधे घंटे तक अफरा-तफरी का माहौल रहा। इसके बाद स्थिति पर काबू पा लिया गया। फिलहाल मंदिर में पूजा और जलाभिषेक जारी है।


सिंहेश्वर धाम में रात 1 बजे सरकारी पूजा के बाद पट खुलते ही हजारों की भीड़ मंदिर पहुंच गई। एक महिला श्रद्धालु लोहे की बैरिकेडिंग पर गिर गई, जिससे उसका सिर फट गया। सूचना मिलते ही मधेपुरा डीएम, एसपी, एसडीएम और एसडीपीओ मंदिर पहुंचे और स्थिति को संभाला। अतिरिक्त पुलिस बल बुलाकर भीड़ को कतार में किया गया। मंदिर न्यास समिति ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।

सावन के अंतिम सोमवार को मधेपुरा के सिंहेश्वर धाम में भीड़ बेकाबू हो गई।
देवघर में 4 किमी लंबी लाइन
सावन महीने के चौथे सोमवार को झारखंड के मंदिरों में भी हर-हर महादेव के जयकारे गूंज रहे हैं। देवघर बाबा मंदिर से 4 किमी लंबी कांवड़ियों की लंबी लाइन लगी हुई है। बिहार के समस्तीपुर के थानेश्वर स्थान मंदिर में ढाई लाख से अधिक श्रद्धालुओं के जलाभिषेक करने की संभावना है। इसके लिए रविवार शाम से ही कांवड़ियों जुटने लगे थे। अनुमान है कि सोमवार को करीब 7 लाख श्रद्धालु सुल्तानगंज के नमामि गंगे घाट, बरारी घाट सहित विभिन्न गंगा घाटों से गंगाजल भरकर बाबा बैद्यनाथ धाम देवघर के लिए निकलेंगे। आज पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र के साथ प्रीति योग एवं आयुष्मान योग का संयोग है। सुबह 08:57 बजे तक प्रीति योग है। इसके बाद पूरे दिन आयुष्मान योग रहेगा।

भगदड़ में गिरने से एक महिला का सिर फट गया।

LatestNewsमप्र छत्तीसगढ़राज्य

H1N1 वायरस कोविड जैसा खतरनाक, भारत में 13000 से ज्यादा मामले

नई दिल्ली. देश में एच1एन1 इन्फ्लुएंजा वायरस, यानी स्वाइन फ्लू के मामले तेजी से बढ रहे है। केरल में इन्फ्लुएंजा के 7421 मामले आए और 88 मौतें हो चुकी है। कर्नाटक में 4000 और दिल्ली में 1777 मरीजों में एच1एन1 की पुष्टि हुई है। मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, हरियाणा और गुजरात में भी कुछ केस आए है। 21 अगस्त को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने बैठक बुलाकर एच1एन1 से निपटने की तैयारियों पर चर्चा की है।

स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों के बीच केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने अधिकारियों के साथ मीटिंग की।स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों के बीच केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने अधिकारियों के साथ मीटिंग की।

सबसे खतरनाक है एच1एन1 वायरस
2009 में इसी वायरस के चलते पूरी दुनिया में महामारी फैली थी और करीब 19000 लोग मारे गए थे। ये डब्ल्यूएचओ का दिया हुआ आंकडा है। असली संख्या कई गुना ज्यादा थी। 2009 में इंसानों में इसकी पहचान सबसे पहले मेक्सिको में हुई थी। हालांकि ये सूअरों में पहले से फैल रहा था, इसिलए इसे स्वाइन फ्लू नाम दिया गया। बाद में डब्ल्यूएचओ ने इसक नाम इन्फ्लुएंजा एच1एन1 रख दिया क्योंकि देखा गया कि ये इंसानों से इंसानों के बीच फैल रहा है। सूअर का मांच खाने या सूअर के संपर्क से वायरस के फैलने का कोई लेना-देना नहीं था। भारत में हर साल जुलाई से सितंबर के बीच इन्फ्लुएंजा के मामले सामने आते है। दूसरे कम खतरनाक इन्फ्लुएंजा टाइप के साथ ही एच1एन1 भी फैलता है।
कोविड की तरह इसमें भी सफाई रखने की सलाह दी
डब्ल्यूएचओ की गाइडलाइंस के अनुसार एन1एच1 मुख्य रूप् से उन छोटे-छोटे नमी के कणों से फैलता है जो हम लोग खांसते, छींकते या बात करते समय छोडते है। संक्रमित व्यक्ति से 1 से 2 मीटर के दायरे में दूसरे लोग भी संक्रमित हो सकते है। ये वायरस दरवाजे के हैंडल, मोबाइल फोन जैसी सतहों पर भी 24 घंटे तक जिंदा रह सकता है। इसीलिए कोविड की तरह ही इसमें भी मुंह ढकने और साफ-सफाई रखने की सलाह दी जाती है। सामान्य सर्दी-जुकाम राइनोवायरस जैसे कुछ वायरस होता है। ये आम तौर पर 3 से 7 दिन में ठीक हो जाता है। वहीं इन्फ्लुएंजा, खास तौर पर एन1एच1 का संक्रमण कई हफ्ते तक शरीर में रह सकता है।