निर्दलीय व कांग्रेस विधायकों के फाइलों को लगे पंख, 2 दिन में 500 से ज्यादा काम हुए
भोपाल. असंतुष्ट विधायकों की नाराजगी दूर करने के लिए मध्य प्रदेश के तमाम विभागों में फाइलों को पंख लग गए है। निर्दलीय और कांग्रेस विधायकों द्वारा प्रस्तावित कामों को जहां धड़ाधड़ मंजूरी मिल रही है वहीं ऐसे विधायकों पर निगरानी भी तेज हो गई है जिनकी मौकापरस्ती सरकार को मुश्किल में डाल सकती है। इन विधायकों को उनके अतीत का आईना दिखाया जा रहा है। दूसरी ओर राज्य और केंद्र सरकार में जांच एजेंसियां अचानक हरकत में आ गई है।
विधायकों की सिफारिशों को प्राथमिकता में रखते हुए काम किए जा रहे
प्रदेश में सियासी उठापटक का असर मंत्रालय में भी देखने को मिल रहा है। मंत्री से लेकर आला अफसरों को एक साथ कई मिशन में जुटाया गया है जिसके चलते मंत्रालय में देर शाम तक चहल-पहल और फाइलों को खंगालने का काम तेज गति से चल रहा है वहीं विधायकों की सिफारिशों को प्राथमिकता में रखते हुए काम किए जा रहे है।
कांग्रेस विधायकों की चांदी
जानकारी के अनुसार लगभग हर विभाग के आला अफसरों के भरोसा के कर्मचारी व अफसर पिछले दो दिनों से फाइलों को खंगालने में जुटे हुए है। बताया जाता है कि ये फाइलें भाजपा सरकार के 15 सालों के कामकाज की है जिसमें विभिन्न योजनाओं और अन्य महत्वपूर्ण निर्णयों को लेकर जानकारी है। मंत्रियों पर शिकंजा कसने के लिए इन फाइलों को खंगाला जा रहा है। वहीं कुछ निगम-मंडलों में भी फाइलों को खंगालने का काम चल रहा है। इन निगम-मंडलों में भी पिछली सरकार के दौरान हुए कामकाज की फाइलों को भी देखा जा रहा है। फाइलों को खंगालने के बाद आने वाले दिनों में इसका असर प्रदेश की सियासत में दिखाई दे सकता है। वहीं कांग्रेस विधायकों की चांदी हो गई है। उनके कई महीनों से रूके हुए कामों में एकदम से तेजी आई है। पिछले कई महीनों से पेंडिंग पड़े कामों को तेजी से किए जा रहे है। अफसरों को भी चेतावनी दी गयी है कि कांग्रेस सहित सरकार को समर्थन दे रहे विधायकों के काम को प्राथमिकता दी जाए। मंत्रियों को ऐसा करने को कहा गया है। विधायकों की सिफारिश पर पिछले 2 दिनों में 500 से ज्यादा काम हुए है।
