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ग्वालियर CA से 21.05 करोड की साइबर ठगी करने वाले कानपुर से 3 आरोपी गिरफ्तार

ग्वालियर. शहर के रोशनी घर रोड पर रहने वाले चार्टर्ड अकाउंटेंट अशोक विजयवर्गीय से 21.05 करोड रुपये की साइबर ठगी के मामले में राज्य साइबर पुलिस की टीम ने तीन आरोपित पकडे है। तीनों आरोपी उत्तर प्रदेश के कानपुर के रहने वाले है। इन तीनों ने मिलकर व्रिकनोवा बिल्डकॉन प्रायवेट लिमिटेड के नाम से फर्जी कंपनी बनाई थी। इस कंपनी के नाम से ही करंट खाता बैंक में खोला। इस खाते में ही यह साइबर ठगी का पैसा मंगवाते थे इसके बाद पैसा आगे दूसरे खातों में भेज देते थे। चार्टर्ड अकाउंटेंट से ठगी गई रकम में से 21.05 लाख रुपये इसी कंपनी के करंट खाते में पहुंचे थे। इसी के चलते तीनों को पकडा गया।
कानपुर से 3 आरोपी गिरफ्तार
पुलिस तीनों को पकडकर ग्वालियर ले आई है, इनसे पूछताछ की जा रही है। इस खाते की पडताल की तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ। इस खाते में देश के सात राज्यों के अलग-अलग शहरों से 1.37 करोड रुपये आए हैं। यह पूरा पैसा साइबर ठगी का है। पुलिस ने आलोक पुत्र सुरेंद्र गुप्ता निवासी बारासिरोही कल्याणपुर, जनपद कानपुर, सौरभ पुत्र स्व. सुनील सोनकर निवासी मकान नंबर ए-13 धामीखेडा, मस्वानपुर, कल्याणपुर, कानपुर और रंजीत पुत्र रामबाबू निवासी तारखेडा जनपद उन्नाव, उप्र को पकडा है।
क्या है पूरा मामला
चार्टर्ड अकाउंटेंट अशोक विजयवर्गीय के मोबाइल पर अंजान नंबर से कॉल आया था। कॉल करने वाली महिला ने अपना नाम दिव्या बताया था। उसने दोस्ती की, इसके बाद ऑनलाइन ट्रेडिंग का झांसा दिया। क्रिप्टो करंसी में निवेश के नाम पर सात माह तक अलग-अलग खातों में 21.05 करोड रुपये ट्रांसफर कर लिए। ऑनलाइन पैसा बढता हुआ दिख रहा था लेकिन असल में यह पैसा ठगों के पास जा चुका था। जब पैास निकालने का प्रयास किया तब ठगी होने का पता लगा। इसके बाद थाने पहुंचकर शिकायत की। राज्य साइबर पुलिस ने इस मामले में एफआईआर दर्ज की थी। एफआईआर दर्ज होने के बाद निरीक्षक मुकेश नारोलिया, एसआई हिमानी पाठक, आरक्षक पुष्पेंद्र यादव, रामचित्र की टीम पडताल में लगी थी।
6 आरोपी को अब तक गिरफ्तार किया गया
ठस मामले में कानपुर से तीन आरोपी पकड गए। इससे पहले तीन आरोपी और पकडे गए थे। इसमें शाजापुर का जिपं सदस्य जगदीश कुमार मालवीय भी शामिल था। जिस समिति का वह अध्यक्ष था उसी के खाते में ठगी की रकम मंगवाता था। वह ठगी की रकम से विदेश तक घूम चुका था।

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