MP में आपसी झगड़ों से आलाकमान चिंतित, पहली बार विधानसभा में कांग्रेस के विधायकों की दो बार लगेगी हाजिरी
भोपाल. मध्य प्रदेश में कांग्रेस सदन से लेकर सडकों तक भाजपा सरकार के सामने कडी चुनौती प्रस्तुत करने जा रही है। पहली बार विधानसभा में कांग्रेस के विधायकों की सुबह सदन की कार्रवाई शुरू होने और शाम को समाप्त होने पर हाजिरी लगेगी। इसकी वजह कांग्रेस आलाकमान ने मप्र में कांग्रसे विधायकों के सदन में परफार्मेंस पर खासी नाराजगी जताई है। राहुल गांधी ने विधानसभा में मौजूदा 64 विधायकों के लिए उनकी सदन में कार्रवाई के दौरान सुबह और शाम को उपस्थिति अनिवार्य करने को कहा है।
हाल ही में बजट सत्र के दौरान और उससे पहले सत्र के दौरान विधायकों की अनुपस्थिति की बात सामने आई थी। इसके बाद कांग्रेस ने यह कदम उठाया। कांग्रेस विधायकों की 15वीं विधानसभा में सदस्यों की संख्या 96 थी। इस संख्याबल के हिसाब से विधायकों के द्वारा सदन में सरकार की घेराबंदी होती रही लेकिन विधानसभा के 2023 में हुए चुनावों में कांग्रेस विधायकों की संख्या घटकर 64 रह गई है। कांग्रेस के विधानसभा और लोकसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन के बाद पार्टी आलाकमान मप्र में कांग्रेस की गतिविधियों और आपसी झगडों को लेकर चिंतित है। इसी के चलते पहले विधानसभा में कांग्रेस विधायकों की दो टाइम हाजिरी लेने के निर्देश दिए हैं। यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से विधानसभा में शीतकालीन सत्र से लागू किए जाने के बार में कहा गया है।
