अंतरराष्ट्रीय

LatestNewsअंतरराष्ट्रीयराष्ट्रीय

Russia Ukraine Conflict- रूसी हमले के बीच जांन बचाकर भागते हुए दिखाई दिये यूक्रेन के लोग, तबाही का नजारा की 12 तस्वीरें

नई दिल्ली. दुनिया को जिस बात का डर था, वह हो गया है। कोरोना का काल समाप्त हो गया और विश्वयुद्ध की आहट दिखाई देने लगी है। रूस ने यूक्रेन पर हमला कर दिया है। दुनिया के तमाम देशों की अपील को दरकिनार करते हुए रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेन पर हमले का आदेश दिया है। रूसी सेना ने तवाही मचाना शुरू कर दिया तो यूक्रेन का नजारा पूरी तरह से बदल गया है। रूस -यूक्रेन की इस जंग की तस्वीरों को देखें

Russia War
यूक्रेन की सीमा के पास एक महिला -रोती -बिलखती हुई दिखाई दे रही है। यहां पास में ही रूस की सेना द्ना हमला किया किया है। बेलारूस की एंट्री लेते हुए रूसी सेना इस ओर घुसी थी।

LatestNewsअंतरराष्ट्रीयराष्ट्रीय

Russia Ukraine War-यूक्रेन ने बन्द किया एयरस्पेस, सायबर अटैक और शूटडाउन का खतरा, भारतीय विमान वापिस लौटा

कीव. Russia Ukraine War रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के जंग का ऐलान करने के बाद यूक्रेन ने अपना एयरस्पेस बन्द कर दिया गया है। रूसी हमले के बीच यूक्रेन को डर है कि उनके यहां आने वाली फ्लाइट्स पर सायबर अटैक किया जा सकता है। इसके अलावा सिविलियन फ्लाइट्स को निशाना बनाते हुए शूटडाउन करने का खतरा भी बना हुआ है। यूक्रेन स्टेट एयर ट्रैफिक सर्विस के अनुसार खतरों को देखते हुए गुरूवार को पूरे यूक्रेन के एयरस्पेस को सिविल फ्लाइट्स के लिये बन् कद दिया गया हे।

Image

Police officers inspect the remains of a missile that fell in the street, after Russian President Vladimir Putin authorized a military operation in eastern Ukraine, in Kyiv

एजेंसी के अनुसार इजराइल के तेल अवीव से कनाड़ा के टोरंटो के लिये उड़ी फ्लाइट ने देर रात यूक्रेन के हवाई क्षेत्र से अचानक यू-टर्न ले लिया। इस घटना के बाद फ्लाइट्स को लेकर अलर्ट और अधिक बढ़ा दिया गया है। आपको बता दें कि यूरोप के विमानन नियामक (aviation regulator)  ने पहले से ही सैन्य गतिविधियों की वजह से रूस और बेलारूस की समीा से लगे इलाकों में उड़ान के खतरों को लेकर चेतावनी जारी की थी। यूरोप ने कहा था कि युद्ध के हालातों के बीच सिविल फ्लाइटस को लेकर गलत फहमी हो सकती है। अगर ऐसा होता है तो कई लोगों की जिन्दगी खतरे में पड़ जायेगी। वहीं गुरूवार को एयरइंडिया की फ्लाइट सं. AI1947 यूक्रेन की राजधानी कीव से दिल्ली वापिस लौटी है। इसमें मेडीकल छात्रों को सहित कई भारतीय नागरिक आये हैं।

LatestNewsअंतरराष्ट्रीयराजनीतिराष्ट्रीय

यूद्ध शुरू-रूसी सेना यूक्रेन में घुसी, राजधानी कीव में मिसाइल हमला, यूक्रेन 5 फायटर प्लेन और 1 हेलीकॉप्टर मार गिराये

कीव. रूस ने यूक्रेन के साथ जंगल की शुरूआत कर दी है। राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के सैन्य कार्यवाही के ऐलान के बाद यूक्रेन में कई ठिकानों पर धमाके सुनाई दिये गये है। यूक्रेन की राजधानी कीव पर तो क्रूज और बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला होने की जानकारी मिल रही है। पुतिन ने सैन्य कार्यवाही का ऐलान करते हुए धमकी भी दी कि कोई इस मामले में दखल न दें, वरना अंजाम बुरा होगा।

फोटो उत्तर-पूर्व यूक्रेन के शहर खरकीव की है। यहां भी धमाके हुए हैं।
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कहा है कि यूक्रेन रूस के युद्ध को टाला नहीं जा सकता है। इसलिये रूस स्पेशल मिलिट्री ऑपरेशन लांच कर रहा है। इसका लक्ष्य यॅूक्रन पर कब्जा करना नहीं है। पुतिन ने यूक्रेन की सेना को कहा है िकवह हथियार डाले और अपने घर जायें।

यूक्रेन में कई जगहों पर धमाके हुए हैं

रूस का दावा- यूक्रेनी शहर निशाना नहीं, सैन्य ठिकाने तबाह कर रहे हैं
यूक्रेन में मिसाइल अटैक और धमाकों के बीच रूस ने बयान जारी किया है। रूस ने कहा कि हमारे निशाने पर यूक्रेन के शहर नहीं है। हमारे हथियार यूक्रेन के सैन्य ठिकानों, एयरफील्ड, एयर डिफेंस फैसिलिटीज और एविएशन को तबाह कर रहे हैं। यूक्रेन की जनता पर कोई खतरा नहीं है।

यूक्रेन 5 फायटर प्लेन और 1 हेलीकॉप्टर मार गिराये
अभी हाल ही में यूक्रेन ने दावा कि है 5 फाइटर जेट और 1 हेलीकॉप्टर को मिराये गये है। यूक्रेन के रक्षामंत्रालय ने अपडेट किया है कि 5 फाइटर प्लेन और 1 हेलीकॉप्टर को मारे जाने की पुष्टि की है।

LatestNewsअंतरराष्ट्रीयराजनीतिराष्ट्रीय

Russia-Ukraine Conflict-तीसरे विश्वयुद्ध की आहट-रूस और यूक्रेन के संकट से, कैसे शुरू हुआ था पहला और दूसरा विश्वयुद्ध World War

नई दिल्ली. Russia-Ukraine Conflict- रूस और यूक्रेन के बीच तनाव बढ़ता ही जा रहा है। रूस के 1.5 लाख से अधिक सेनिक यूक्रेन की सीमा के पास तैनात है। अमेरिका सहित पश्चिमी देशों ने चिंता जताई है कि रूस कभी भी यूक्रेन पर हमला कर सकता है। रूस और यूक्रन के बीच जंग के हालात बनने से तीसरे विश्व युद्ध (Third World War)  का खतरा भी खड़ा हो सकता है। वह इसलिये क्योंकि ब्रिटिश पीएम बोरिस जॉनसन पहले ही कह चुके हैं कि रूस दूसरे विश्व युद्ध के बाद यूरोप में सबसे बड़ी जंग की तैयारी कर रहा है।
रूस और यूक्रेन की महाजंग को लेकर खतरा इसलिये भी बढ़ रहा है क्योंकि यूक्रेन की रक्षा के लिये अमेरिका, फ्रांस, ब्रिटेन और जर्मनी जैसे NATO  देशों ने अपनी सेनायें भी भेज दी है। दूसरी ओर रूस -यूक्रेन की सीमा पर हथियार ेऔर सैनिकों की तैनाती लगातार बढ़ा रहा है।
इससे पहले दुनिया 2 विश्वयुद्ध झेल चुकी है और उन दोनों जंग में जितनी तबाही मची थी। वह तीसरे विश्व युद्ध में मचने वाली तबाही की डरावनी पिक्चर दिखाती है। दोनों विश्वयुद्ध में दुनिया में न सिर्फ करोड़ों मौतें हुई थी। बल्कि भुखमरी और महंगाई जैसे हालात भी बन गये थे। आइये जानते हैं पहला और दूसरा विश्वयुद्ध शुरू कैसे हुआ था।

पहला विश्व युद्ध

पहला विश्व युद्ध 28 जुलाई 1914 से 11 नवंबर 2018 तक चला था । कोई भी देश इस युद्ध की जिम्मेदारी नहीं लेता है।    हालांकि, पहले विश्व युद्ध का कारण ऑस्ट्रिया-हंगरी साम्राज्य के उत्तराधिकारी और उनकी पत्नी की हत्या को माना जाता है।  जून 2014 में ऑस्ट्रिया-हंगरी साम्राज्य के उत्तराधिकारी आर्चड्यूक फर्डिनेंड अपनी पत्नी के साथ बोस्निया के साराएवो के दौरे पर थे । 28 जून 1914 को उनकी हत्या कर दी गई । उसी दिन उनकी शादी की 14वीं सालगिरह भी थी. इस हत्या का आरोप सर्बिया पर लगा है।

दूसरा विश्व युद्ध

पहले विश्व युद्ध की जिम्मेदारी जर्मनी पर डाल दी गई और कहा जाता है कि उसे वर्साय की संधि पर हस्ताक्षर करने के लिए मजबूर किया गया ।  जर्मन नेशनल सोशलिस्ट (नाजीवाद) पार्टी के नेता एडोल्फ हिटलर (Adolf Hitler) ने वर्साय संधि को पलटने का वादा किया।   फरवरी 1933 में हिटलर जर्मनी के चांसलर बन गए, जिसके बाद उन्होंने खुद को तानाशाह के रूप में खुद को स्थापित कर दिया।  मार्च 1938 में जर्मनी और ऑस्ट्रिया एक हो गए।  हिटलर की सेना ने मार्च 1939 में चेकोस्लोवाकिया पर हमला कर उसे कब्जा लिया।   चेकोस्लोवाकिया पर कब्जे के बाद पोलैंड की बारी थी।  1 सितंबर 1939 को जर्मनी की सेना पोलैंड में घुस गई और इसी के साथ दूसरा विश्व युद्ध शुरू हुआ. इसके बाद दुनिया दो भागों में बंट गई।  एक था मित्र राष्ट्र जिसमें अमेरिका, फ्रांस, ब्रिटेन, सोवियत संघ जैसे देश थे और दूसरा था धुरी राष्ट्र जिसमें जर्मनी, इटली और जापान शामिल थे।

 

Latestअंतरराष्ट्रीयराज्यराष्ट्रीय

यूक्रेन से भारतीयों की एयर लिफ्टिंग, आज रात 256 भारतीय छात्र लौटेंगे

नई दिल्ली. रूस ने यूक्रेन के दो प्रांतों को स्वतंत्र देश घोषित कर दिया है जिसके बाद तनाव बढ़ गया है। यूक्रेन और उसके सीमावर्ती इलाकों में 20 हजार से ज्यादा भारतीय रहते है जिन्हें वापस लाने सरकार प्रयास कर रही है। इसी कड़ी में मंगलवार सुबह एयर इंडिया की स्पेशल फ्लाइट यूक्रेन रवाना की गई है। यूक्रेन के खार्किव से 256 भारतीय छात्र देश लौटेंगे।

फ्लाइट आज रात 10.15 बजे देश लौट आएगी, एयर इंडिया की फ्लाइट ड्रीमलाइनर बी-787 यूक्रेन भेजी गई है और इसकी क्षमता 200 यात्रियों की है। इसके अलावा 4 अन्य उड़ानें ऑपरेट की जाएंगी। भारतीय दूतावास ने एडवाइजरी जारी करते हुए कहा कि कीव से दिल्ली के लिए चार उड़ानें 25 फरवरी, 27 फरवरी और 6 मार्च, 2022 को ऑपरेश होंगी।

रूस ने यूक्रेन के दो प्रांतों को स्वतंत्र देश घोषित कर दिया है। रूस के इस कदम पर भारत ने चिंता जाहिर की है। यूनाइटेड नेशंस सिक्योरिटी काउंसिल में भारत के रिप्रेजेंटेटिव टीएस तिरुमूर्ति ने कहा कि यूक्रेन और उसके सीमावर्ती इलाकों में 20 हजार से ज्यादा भारतीय रहते हैं, इनमें स्टूडेंट भी शामिल हैं। तिरुमूर्ति ने कहा कि इन भारतीयों की सलामती हमारी प्राथमिकता है।

LatestNewsअंतरराष्ट्रीयराजनीतिराज्यराष्ट्रीय

ABG shipyard Explainerदेश का सबसे बड़ा बैंक घोटाला, 28 बैंक हो गये शिकार, जानिये वजह

नई दिल्ली. ABG shipyard Explainer  -देश में एक बार फिर से बैंक फ्रॉड का मामला सामने आया है। यह धोखाधड़ी 22 हजार 842 करोड़ का है। इसे देश का सबसे बड़ा बैंकिंग फ्रॉड भी कहा जा रहा है। देश की सबसे बड़े सरकारी बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने इसकी शिकायत CBI से की थी। इसके आधार पर 7 फरवरी 2022 को CBI –  ने एफआईआर दर्ज की है।

इस धोखाधड़ी का आरोप ABG Shipyard Limited पर लगा है।    CBI ने इस मामले में एबीजी शिपयार्ड लिमिटेड के अध्यक्ष ऋषि कमलेश अग्रवाल (Rishi Kamlesh Agarwal), मैनेजिंग डायरेक्टर संथान मुथास्वामी और 3 डायरेक्टर अश्विनी कुमार, सुशील कुमार अग्रवाल और रवि विमन नेवेतिया को आरोपी बनाया है।   सभी आरोपियों के खिलाफ CBI ने आपराधिक साजिश, धोखाधड़ी और आपराधिक विश्वासघात के केस दर्ज किए है।  1985 में शुरू हुई ABG shipyard  जहाज बनाने और मरम्मत का काम करती है।

LatestNewsअंतरराष्ट्रीयराज्यराष्ट्रीय

New Planet Found-सूरज के पास ऐसा ग्रह मिला जिस पर जिन्दगी संभव, आप यहां भी जा सकते हैं

अटाकामा(चिली). हमारे सूरज के नजदीक एक ऐसा तारा है जिसके चारों ओर जीवन वाला ग्रह चक्कर लगा रहा है। वैज्ञाानिकों ने हाल ही में इस ग्रह को तलाशा है। असल में यह ग्रह घरती के वजन का एक चौथाई वजन रखता है। अपने तारे के नजदीक चक्कर लगा रहा है। यानी सूरत और बुध के बीच की दूरी का सिर्फ दसवां हिस्सा है। फिलहाल तो यह एक एलिन दुनिया है। क्योंकि इसके बारे में अधिक जानकारी नहीं है। लेकिन जानकारियां बढ़ती जायेगी तो आगे की प्लानिंग भी होगी।

New Planet Found चिली में स्थित यूरोपियन साउदर्न ऑब्जरवेटरी वेरी लॉर्ज टेलीस्कोप (VLT) से वैज्ञानिकों ने इस ग्रह को तब देखा जब उन्हें प्रॉक्सिमा सेंटॉरी तारे के चारों ओर मौजूद गुरूकत्वाकर्षण शक्ति में एक बुलबुला सा दिखाई दिया। उन्हें दिखाई दिया कि यह बुलबुला हर 5 दिन में अपने तारे का एक चक्कर लगा रहा है। जब अधिक बारीकी से जांच की गयी तो पता चला कि बुलबुला कुछ और नहीं बल्कि एक ग्रह है।

New Planet Found

पुर्तगाल स्थित इंस्टीट्यूट ऑफ एस्ट्रोफिजिक्स एण्ड स्पेस साइसेस के रिसर्चर और इस ग्रह को खोजने वाली टीम के सदसय जोआओ फारिया ने कहा है कि हमारे पड़ोसी तारे प्रॉक्सिमा सेंटॉरी (Proxima Centauri) के चारों ओर बेहद रूचिकर दुनिया है। जो लगातार नई स्टडीज और रिसर्च की मांग कर रहे हैं। वैज्ञानिकों ने बताया कि यह ग्रह प्रॉक्सिमा सेंटॉरी से सिर्फ 40 लाख किमी की दूरी पर चक्कर लगा रहा है।

New Planet Found

जोआओ फारिया ने बताया है कि अगर यह अपने तारे से इतना पास है तो यहां पर जीवन भी संभव है। यहां पर नरहने लायक वातावरण हो सकता है। यह भी हो सकता है कि यहां का तापमान इस रेंज का हो कि पानी आसानी से मिल सके। इस नई खोज की डिटेल रिपोर्ट हाल ही में जर्नल एस्ट्रोनॉम एण्ड एस्ट्रोफिजिक्स में छपी है। इस नये ग्रह को प्रॉक्सिमा -डी (Proxima-D)नाम दिया गया है।

New Planet Found

प्रॉक्सिमा डी अपने सौर मण्डल का तीसरा ग्रह है। सबसे चमकदार भी, यह लेकिन प्रॉक्सिमा-बी (Proxima-B) के पास ही है। प्रॉक्सिमा -बी (Proxima-B) वजन के मामले में धरती के बराबर है। लेकिन यह अपने तारे का एक चक्कर हर 11 दिन में लगाता है। वहीं, प्रॉक्सिमा -सी (Proxima-C)  अपने तारे के चारों ओर 5 दिन में एक चक्कर लगाता है।

New Planet Found

प्रॉक्सिमा-डी (Proxima-D) के बारे में पहली बार साल 2020 में जानकारी मिली थी । उस समय वैज्ञानिक प्रॉक्सिमा-बी के बारे में स्टडी कर रहे थे । उन्हें तभी प्रॉक्सिमा-बी और प्रॉक्सिमा सेंटॉरी के चारों तरफ मौजूद गुरुत्वाकर्षण शक्ति में बदलाव दिख रहा था । उन्हें दिखाई पड़ा कि एक बुलबुले जैसी आकृति हर पांच दिन में एक बार ग्रह के चारों तरफ घूमती है। 

New Planet Found

इसकी आगे की जांच करने के लिए वैज्ञानिकों यूरोप स्पेस ऑर्गेनाइजेशन के टेलिस्कोप Espresso की मदद ली ।  इस टेलिस्कोप ने यह तय कर दिया कि प्रॉक्सिमा सेंटॉरी तारे के चारों तरफ एक और छोटा ग्रह चक्कर लगा रहा है।  जोआओ ने बताया कि यह बेहद कम वजन का ग्रह है।  जैसे हमारी धरती का चांद. वह अपने तारे पास चक्कर लगाने वाला तीसरा ग्रह है।  हो सकता है कि यह हमारी धरती की तरह हो. फिलहाल उसके बारे में और स्टडी की जरूरत है।   जिसपर साइंटिस्ट लगे है। 

LatestNewsअंतरराष्ट्रीयराजनीतिराज्यराष्ट्रीय

राजकीय सम्मान के साथ हुआ सुर साम्राज्ञी लता मंगेशकर का अंतिम संस्कार, भाई ने दी मुखाग्नि

मुबई. स्वर कोकिला लता मंगेशकर रविवार की शाम को पंचतत्व में विलीन हो गयी। सुर सम्राज्ञी लता मंगेशकर के पार्थिव शरीर को उनके भाई हृदयनाथ मंगेशकर ने मुखाग्नि दी। शिवाजी पार्क में पूरे राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया है। अनगिनत नम आंखों ने उन्हें विदाई दी। लता मंगेशकर के अंतिम संस्कार में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, महाराष्ट्र की मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे, शरद पवार, पीयूष गोयल, सचिन तेंदुलकर, शाहरूख खान सहित तमाम दिग्गज हस्तिंयां भी शामिल हुई है।
कौन है हृदयनाथ मंगेशकर
आइये आपको बताते हैं हृदयनाथ मंगेशकर के संबंध में। हृदयनाथ मंगेशकर हिन्दी सिनेमा के दिग्गज और मशहूर संगीतकार है। वह मशहूर थियेटर आर्टिस्ट दीनानाथ मंगेशकर के बेटे हैं। हृदयनाथ दिग्गज गायिका लता मंगेशकर, आशा भोसले, मीना खादिकर और उषा मंगेशकर के भाई है। अपने शानदार गाने और संगीत के लिये हृदयनाथ मंगेशकर को कई पुरूस्कारों से भी सम्मानित किया जा चुका है। उन्हें महाराष्ट्र सरकार ने भीमसेन जोशी और पं. जसराज के हाथों पंडित की उपाधि से सम्मानित किया गया था। इसके अलावा हृदयनाथ मंगेशकर वर्ष 2009 में पद्मश्री पुरूस्कार से भी संम्मानित किया गया है।
लता जी पिछले एक माह से थी बीमार
रविवार की सुबह 8 बजकर 12 मिनट पर 92 वर्षीय स्वर कोकिला लता मंगेशकर ने अंतिम सांस ली। लता दीदी करीब एक माह से आईसीयू में बेंटिलेटर सपोर्ट पर थी। उनके निधन से देशभर में शोक की लहर व्याप्त है।
मल्टीपल ऑर्गन फेलियर की कारण से हुआ निधन
मुंबई के ब्रीच कैन्डी अस्पताल के अनुसार लता मंगेशकर का निधन आज सुबह 8.12 मिनट पर हुआ है। उनका निधन मल्टीपल ऑर्गन फेलियर के कारण से हुआ है।

LatestNewsअंतरराष्ट्रीयराज्यराष्ट्रीय

SpaceX Rocket-चांद से टकराने वाला अनियंत्रित रॉकेट, 9288 रफ्तार से होगी टक्कर

वाडेनबर्ग. SpaceX का एक रॉकेट कुछ हफ्तों में चांद की सतह से टकराने वाला है। टकराते समय उसकी स्पीड़ लगभग 9288 किमी प्रतिघंटा होगी। यह अनुमान खगोल विज्ञानियों ने लगाया है।यह रॉकेट 7 वर्ष पहले छोड़ा गया था। यह SpaceX Rocke रॉकेट अंतरिक्ष में क्लाइमेट नर नजर रखने वाले सैटेलाइट को लेकर गया था। लेकिन उसके बाद यह अंतरिक्ष में अजीबोगरीब कक्षाओं में चक्कर लगाते हुए अब चांद की ओर मुड़ गया है।

Elon Musk SpaceX rocket Hit Moon

यह बात है फरवरी 2015 की जब एलनमस्क  (Elon Musk) की कंपनी स्पेसएक्स (SpaceX) ने फॉल्कन 9 रॉकेट (Falcon 9 rocket) से पर्यावरण पर नजर रखने वाले सैटेलाइट को अंतरिक्ष में 15 लाख किमी दूर पहुंचाया था और उसके बाद से रॉकेट का ईंधन खत्म हो गया। तब यह से 4400 किलोग्राम वजनी रॉकेट बूस्टर अंतरिक्ष में घूम रहा था। अब यह अनुमान लगाया जा रहा है कि 4 मार्च 2022 को यह रॉकेट चांद की सतह से 9288 किमी प्रतिघंटा की स्पीड से टकरायेगा। यह दावा किया है नियर अर्थ ऑबजेक्ट्स को ट्रैक करने वाले बिल ग्रे ने।

Elon Musk SpaceX rocket Hit Moon

21 जनवरी को बिल ग्रे ने अपने ब्लॉग में लिखा कि 5 जनवरी को एक स्पेस जंक चांद के बगल से गुजरा।  जो 4 मार्च 2022 को चांद की सतह से टकरा सकता है।  इस बात की पुष्टि हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के एस्ट्रोफिजिसिस्ट जोनाथन मैक्डॉवल ने अपने ट्वीट में भी की ।  उन्होंने ट्वीट में लिखा कि यह कोई बड़ी घटना नहीं है, लेकिन इसे देखना एक हैरतअंगेज एहसास दिलाएगा।

LatestNewsअंतरराष्ट्रीयराज्यराष्ट्रीय

ग्वालियर में उत्साह से मना गणतंत्र दिवस, प्रभारी मंत्री सिलावट ने फहराया तिरंगा

 

ग्वालियर. एसएएफ मैदान पर बुधवार को 73वें गणतंत्र दिवस का कार्यक्रम बहुत उत्साह के साथ मनाया गया। ग्वालियर में प्रभारी मंत्री तुलसीराम सिलावट ने गर्व के साथ राष्ट्रीय ध्वज फहराया और संयुक्त परेड की सलामी ली। इस अवसर पर प्रदेश की जनता के नाम मुख्यमंत्री के संदेश का वाचन भी किया। प्रभारी मंत्री बोले- आज हम कोरोना दुश्मन का सामना कर रहे हैं, लेकिन जिस तरह से लोगों ने कोरोना का सामना किया है वह अपने आप में सराहनीय है। केंद्र और प्रदेश सरकार ने कोरोना की तीसरी लहर के आते ही महाअभियान शुरू कर दिया है। कोरोना के लिए अस्पतालों में बेड बढ़ाए गए हैं।

प्रधानमंत्री सबका साथ-सबका विकास को लेकर काम कर रहे
अब टीकाकरण सुनियोजित रणनीति के तहत चल रहा है। उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री सबका साथ-सबका विकास को लेकर काम कर रहे हैं। बुधवार को गणतंत्र दिवस पर देशभर में जश्न मनाया जा रहा है और शासकीय कार्यालय से लेकर स्कूल, कॉलेजों में ध्वजारोहण किया जा रहा है। परेड ग्राउंड में गणतंत्र दिवस की सलामी देने के लिए कदमताल मिलाते हुए जवानों ने मैदान में आकर मोर्चा संभाला। खिली धूप में लोगों के चेहरे भी उत्साह से खिले हुए थे। परेड मैदान में मौजूद लोग जवानों और प्रदर्शनियों को देख तालियां बजाते हुए उनका उत्साह बढ़ा रहे थे।

विभिन्न विभागों की झांकियों का प्रदर्शन किया
एसएएफ मैदान पर झंडावंदन और परेड की सलामी के बाद विभिन्न विभागों की झांकियों का प्रदर्शन किया गया। इन झांकियों में महिलाओं के लिए चलाई जा रही योजनाओं की झलक दिखी। परेड के बाद निकली झाकियों में महिला सुरक्षा पर जोर रहा। पुलिस द्वारा निकाली गई झांकी में महिला सुरक्षा के लिए हेल्पलाइन नंबर भी बैनरों पर लिखा था। महिला बाल विकास की प्रदर्शनी में भी महिला सुरक्षा पर जोर दिया गया था। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की प्रदर्शनी में जल जनित बीमारियों की रोकथाम के लिए इंतजाम करने को जोर दिया था। इसमें दिखाया गया कि हम किस तरह पानी को शुद्ध कर उसे पीने योग्य बना सकते हैं। प्रदर्शनी में जिले के समस्त गांवों में आवश्यकता के अनुसार जल संरक्षण को समझाया था। बेटियों को पढ़ाने और बचाने पर जोर दिया गया तो स्वच्छता रैंकिंग में नंबर वन आने पर भी जोर देते हुए शहरवासियों को झांकियों के माध्यम से जागरुक किया गया कि वह कोरोना से बचने के लिए एहतियात बरतें।

रातभर पुलिस गश्त करते हुए वाहनों की तलाशी ले रही
ग्वालियर में गणतंत्र दिवस का पर्व शांतिपूर्ण ढंग से मन सके इसके लिए शहर की सीमाओं को सील कर दिया गया है और रातभर पुलिस गश्त करते हुए वाहनों की तलाशी ले रही है। रात्रि गश्त पर निकले अफसर और जवानों ने शहर की सड़कों पर घूमते हुए वाहनों की तलाशी ली और गलियों में पहुंचकर चेकिंग की। बम डिस्पोजल दस्ते ने रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड सहित सार्वजनिक स्थालों की तलाशी ली। रात 10 बजे से ही पुलिस ने शहर की नाकेबंदी कर दी और शहर की सीमा में प्रवेश करने वाले वाहनों की बारीकी से तलाशी ली जा रही थी जिससे कोई भी बदमाश शहर में प्रवेश नहीं कर सके। शहर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए 700 जवानों की तैनाती की गई है। चौराहों से लेकर तंग गलियों में पुलिस के जवान बैरिकेड्स लगाकर वाहनों की तलाशी ले रहे हैं।

 

एसएएफ ग्राउंड की सुरक्षा के लिए 2-8 का गार्ड तैनात किया
गणतंत्र दिवस का मुख्य आयोजन स्थल एसएएफ ग्राउंड की सुरक्षा के लिए 2-8 का गार्ड तैनात किया गया है, जिसमें 1-4 का गार्ड मैदान की सुरक्षा तथा 1-4 का गार्ड मंच की सुरक्षा के लिए तैनात किया गया है।

 

hacklink satın al superbetin pashagaming jojobet jojobet giriş instagram unban service instagram unban service matbet matbet