चोरी की बाइक से दिल्ली से आया था गैंग, वारदात से पहले ही पुलिस ने पकड़ा
ग्वालियर. पुलिस के हाथ दिल्ली-हरियाणा का एक वाहन चोर गैंग लगा है। यह दिल्ली से चोरी की बाइक पर सवार होकर ग्वालियर आये थे। यहां वाहन चोरी करने से पहले ही रात को गश्त कर पुलिस टीम के हत्थे चढ़ गया। पकड़े गये चोर गिरोह से पुलिस को एक चोरी की बाइक मिली है। आरोपियों से पूछताछ जारी है।
पुलिस अधिकारियों का मानना है कि पकड़े गये चोरों से पूछताछ के बाद कुछ अन्य चोरी की घटनाओं का खुलासा हो सकता है। पकड़े गये चोर दिल्ली व हरियाणा में भी वारदात कर चुके हैं।
पहले झूठे नाम बताये और फिर उगला सच
सीएसपी नागेन्द्र सिंह सिकरबार के मुताबिक बदमाशों से पूछताछ की तो उनकी पहचान विशाल उर्फ विक्की धानुक, नीरज कुशवाह और महेन्द्र उर्फ मोनू के रूप में हुई। पुलिस पूछताछ में उन्होंने स्वयं को गोला का मंदिर का रहने वाला बताया और जब पुलिस ने तस्दीक की तो पते लगत निकले। पुलिस ने जब दोबारा पूछताछ की तो पता चला कि वह दिल्ली और हरियाणा के रहने वाले है। उनके पास से मिली बाइक के बारे में पता चला है कि वह चोरी की है। चोरी की मोटरसाईकिल से वह दिल्ली से चोरी करने के लिये आये थे। लेकिन घटना करने पहले ही पकड़े गये।
पुरानी छावनी थाना प्रभारी क्षमा राजौरिया ने बताया कि बीते रोज एएसआई अनूप सिंह भदौरिया के नेतृत्व में विक्रम तोमर, अरविन्द यादव, भानू परमार, नेतराम वाहन चेकिंग कर रहे थे कि तभी एक बाइक पर तीन युवक आते दिखे। पुलिस चेकिंग देखकर बाइक सवार तीनों युवक गाड़ी को वापस मोड़कर जाने लगे। शंका होने पर पुलिस टीम ने उनका पीछा कर पकड़ा और पूछताछ की तो वह तीन सवारी होने पर पुलिस और चालान का डर बताकर भागने की बात कहने लगे। पुलिस ने जब बाइक के दस्तावेज मांगे तो उनके पास एक भी दस्तावेज नहीं मिला। उन्हें थाने लाकर पूछताछ की गई, जिसमें यह दिल्ली-हरियाणा के शातिर वाहन चोर निकले। बरामद बाइक भी चोरी की निकली है, जो कुछ दिन पहले ही चोरी की थी।

