LPG से PNG पर शिफ्टिंग का केंद्र का बड़ा प्लान, राज्यों के मुख्य सचिवों को पत्र
नई दिल्ली. ऑपरेशन सिंदूर में इंडियन एयरफोर्स ने पाकिस्तान के बहावलपुर में जैश-ए-मोहम्मद का मरकज सुभानअल्लाह हेडक्वार्टर तबाह कर दिया था। अब यह फिर से बनकर तैयार हो गया है। इंडिया टुडे की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि इसके री-कंस्ट्रक्शन में 15 महीने लगे। रिपोर्ट में दावा किया गया कि मरकज सुभानअल्लाह के क्षतिग्रस्त गुंबद फिर बना दिए गए है, नया संगमरमर और प्लास्टर लगाया गया है। नया पेंट भी किया गया है। दीवारों समेत पूरी इमारत की मरम्मत कर की गई है। 2025 में 6 से 7 मई की रात हुए ऑपरेशन सिंदूर मे आतंकवादी संगठन जैश के इस ठिकाने को काफी नुकसान पुहंचा था। 22 अप्रैल 2025 को कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत के बाद भारत ने जवाबी कार्रवाई की थी।
भर्ती और ट्रेनिंग के लिए इस्तेमाल होता था बेस
मरकज सुभान अल्लाह भारत पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा से 100 किलोमीटर दूर है। यहां जैश नए आतंकियों की भर्ती, ट्रेनिंग और ब्रेनवॉश करता था। 18 एक डमें फैले इस परिसर को उस्मान-ओ-अली कैंपस के नाम से भी जाना जाता है। यहां एक मस्जिद और दूसरी सुविधाएं भी मौजूद थीं। बहावलपुर का यह कैंप लंबे समय से भारत के खिलाफ जैश की गतिविधियों से जुडा रहा है। संगठन का नाम 2001 के संसद हमले 2016 के पठानकोट एयरबेस हमले और 2019 के पुलवामा आत्मघाती हमले से जुडा है। माना जाता है कि पुलवामा हमले की साजिश भी सुभान अल्लाह कैंप में बनाई गई थी।

