ग्वालियर हाई कोर्ट का आदेश, मप्र में बैन किया जाए सिंगल यूज प्लास्टिक व पॉलिथीन
ग्वालियर. हाईकोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ ने मध्य प्रदेश में सिंगल यूज प्लास्टिक और पॉलिथीन को बैन लगाने के आदेश दिए है। एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए हाई कोर्ट ने यह आदेश दिया है। याचिका में कहा गया कि प्रदेश में 2017 से सरकार ने सिंगल यूज प्लास्टिक और पॉलिथीन को बैन किया था लेकिन बावजूद इसके प्लास्टिक का उपयोग धड़ल्ले से जारी है लिहाजा जनता और पर्यावरण के लिए नुकसान दायक सिंगल यूज प्लास्टिक और पॉलिथीन को पूरी तरह से बैन किया जाए।
आदेश को तत्काल प्रभाव से लागू किया जाए
अधिवक्ता अवधेश सिंह भदौरिया ने बताया कि यह पहला मौका है जब जनहित याचिका की सुनवाई में किसी हाई कोर्ट ने सिंगल यूज प्लास्टिक और पॉलिथीन पर बैन लगाने के आदेश दिए है। हाई कोर्ट ने कहा कि आदेश को तत्काल प्रभाव से लागू किया जाए। आरटीआई एक्टिविस्ट और सामाजिक कार्यकर्ता गौरव पांडे की जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने पॉलिथीन और सिंगल यूज प्लास्टिक को रोकने के लिए शासन को निर्देशित भी किया है।
हाई कोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ ने दिए ये निर्देश
स्कूल व कॉलेजों को निर्देशित किया जाए कि सिंगल यूज प्लास्टिक व पॉलीथिन पर पूरी तरह से बैन लगाएं।
शासन और अपने उपक्रम उद्योगों को निर्देशित करें कि किसी भी तरह से पॉलीथिन और सिंगल यूज प्लास्टिक का उत्पादन ना करें साथ ही स्टॉक और डिस्ट्रीब्यूशन भी ना होने पाए।
शासन छोटे-छोटे लघु उद्योग स्थापित करे जो कि सिंगल यूज प्लास्टिक और पॉलीथिन विकल्प के रूप में जूट, कागज अथवा कपड़े के थैलें बनाए और उनकी कीमत आम जनता को ध्यान में रखकर तय की जाए।

