MP स्थानीय निकाय चुनाव में शिवराज सरकार ओबीसी आरक्षण देने की तैयारियों में जुटी
भोपाल. त्रिस्तरीय पंचायत और नगरीय निकाय के चुनाव में ओबीसी आरक्षण देने के लिए सरकार तैयारियों में जुट गई है। पिछड़ा वर्ग के मतदाताओं की गणना जिलों में कराई जा रही है। वहीं राज्य पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग ने जिलों में दौरे प्रारंभ कर दिए है। प्रशासन और सामाजिक संगठनों के साथ बैठक करके पिछड़ा वर्ग की सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक स्थिति की जानकारी जुटाई जा रही है। पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के अधिकारियों का कहना है कि सर्वे में एक माह का समय लग सकता है।
सुप्रीम कोर्ट ने पंचायत और नगरीय निकाय के चुनाव में अन्य पिछड़ा वर्ग को आरक्षण देने से पहले उनकी सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक स्थिति का अध्ययन कराने के निर्देश दिए है। इसके मद्देनजर सरकार तीन स्तर पर काम कर रही है। राज्य पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग के माध्यम से सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक स्थिति का अध्ययन कराया जा रहा है। वहीं पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग से मतदाताओं की पंचायतवार गणना कराई जा रही है इसके साथ ही पिछले दो पंचायत चुनाव में पिछड़ा वर्ग के कितने व्यक्ति अनारक्षित पदों पर चुनाव में जीते इसका भी ब्योरा एकत्र कराया जा रहा है। यह जानकारी आयोग को उलब्ध कराई जाएगी। इसके आधार पर आयोग अपना प्रतिवेदन तैयार करके सरकार से सिफारिश करेगा।
पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग के अध्यक्ष गौरीशंकर बिसेन ने बताया कि अभी तक 37 जिलों के दौरा हो चुका है। प्रशासन और सामाजिक संगठनों के साथ बैठक करके आयोग को पिछड़ा वर्ग की स्थिति का अध्ययन करने के लिए जो आंकड़े चाहिए, उसकी जानकारी मांगी जा रही है। एक माह के भीतर सभी जिलों में पहले दौर की बैठकें हो जाएंगी। इसके बाद जिलों से आयोग के पास रिपोर्ट आएगी। इसका अध्ययन कराया जाएगा।
वहीं, पिछड़ा वर्ग के क्षेत्र में काम करने वाले व्यक्तियों के सुझाव भी लिए जाएंगे। इसके आधार पर सुप्रीम कोर्ट के दिशानिर्देशों के अनुरूप प्रतिवेदन तैयार करके सरकार से अनुशंसा की जाएगी। यह सिर्फ आरक्षण तक ही सीमित नहीं होगी। इसमें पिछड़ा वर्ग के उत्थान के लिए सुझाव भी दिए जाएंगे। वहीं, विभाग के अधिकारियों का कहना है कि मतदाताओं की गण्ाना कराना बड़ा काम है। कलेक्टर पटवारी सहित अन्य कर्मचारियों से यह काम करा रहे हैं। एक-एक व्यक्ति को चि-त किया जा रहा है। इसमें अभी कुछ समय और लगेगा।

