ग्वालियर में स्वास्थ्य अधिकारी अस्पतालों की व्यवस्थाओं का नाइट व्यू लेंगे, ड्यूटी से डॉक्टर गायब मिले तो सस्पेंड होंगे
ग्वालियर. साल के पहले ही दिन जिले के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनीष शर्मा ने एक आदेश जारी किया, आदेश के तहत जिला स्तर के स्वास्थ्य अधिकारियों को अब प्राथमिक व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों का रात में औचक निरीक्षण करना होगा। इस काम के लिए स्वास्थ्य विभाग के जिला स्तरीय अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की गई है। इसके तहत स्वास्थ्य अधिकारी अस्पतालों की व्यवस्थाओं का नाइट व्यू लेंगे।
ड्यूटी से डॉक्टर गायब मिले तो सस्पेंड करने की कार्रवाई होगी
इस औचक निरीक्षण के दौरान अगर अस्पताल के ड्यूटी डॉक्टर गायब मिले तो उनके खिलाफ नियमानुसार सस्पेंड किए जाने तक की कार्रवाई की जाएगी। इस पूरी कवायद का मकसद शहर के साथ-साथ टारगेट ग्रामीण क्षेत्रों की स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाना है।
रात के समय डॉक्टर नहीं मिलने की शिकायतें आ रही
जिले ग्रामीण क्षेत्र में 15 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र है जबकि भितरवार, मोहना और हस्तिनापुर के तीन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र है। इन अस्पतालों का मकसद ग्रामीण क्षेत्रों में मरीजों को उपचार पहुंचाना है। दिन ही नहीं रात के समय भी इमरजेंसी में मरीज परेशान न हो इसके लिए एक डॉक्टर की उपस्थिति को आवश्यक किया गया है इसके लिए ड्यूटी डॉक्टर को अनिवार्य रूप से रूकने के लिए कहा गया है बावजूद इसके रात के समय डॉक्टर नहीं मिलने की शिकायतें सामने आ रही थी लिहाजा आ अव्यवस्था को ठीक करने के लिए सीएमएचओ द्वारा यह कदम उठाया गया है।

