रामेश्वर यादव बने लोकायुक्त एसपी ग्वालियर, मालथौन में ग्वालियर के अभिभाषकों पर हमला करने वाले कंजरों गैंग को दबोचा था
ग्वालियर. ग्वालियर-चम्बल संभाग के 8 जिलों में लंबित शिकायतों के निराकरण का प्रयास करेंगे। जिलों में व्याप्त भ्रष्टाचार की शिकायतें आगे बढ़कर कार्यवाही करेंगे। मीडिया के माध्यम से जागरूकता लायेंगे। रिश्वत देने के बजाय रिश्वत लेने वालों को पकड़वायेंगे। यह बात ग्वालियर में लोकायुक्त एसपी का पदभार करने के मौके पर 2002 बैच के अधिकारी रामेश्वर यादव ने कहीं।
सागर से मिली विशेष पहचान
सागर में दो वर्ष एएसपी के रूप में तैनात रहते हुए विशेष पहचान रखने अधिकारी रामेश्वर यादव को लोकायुक्त संगठन के सागर जोन का दायित्व सौंपा गया था। मप्र लोकायुक्त द्वारा उनके निर्विवाद कार्यकाल को देखते हुए उन्हें सागर लोकायुक्त एसपी बनाये जाने के बाद अब उन्हें ग्वालियर संभाग जोन का लोकायुक्त एसपी बनाये गये। बुधवार की शाम 7 बजे पदभार ग्रहण किया। राज्य पुलिस सेवा के अधिकारी और एएसपी रामेश्वर यादव ने जिले में अपने कार्यकाल के बीच दौरान बेहतर टीम तैयार कर जघन्य आपराधिक घटनाओं का खुलासा कर आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचाया था। मालथौन के पास कंजर गैंग द्वारा ग्वालियर के अधिवक्ताओं पर जानलेवा हमला और लूट, रेप पीडि़ताओं को जलाकर मारने समेत 2 अप्रैल को एससी-एसटी आन्दोलन दौरान शहर की फिजा को बिगाड़ने की कोशिश करने वाले उग्र आन्दोलन को एएसपी रामेश्वर यादव ने स्वयं पुलिस बल के साथ सड़क पर उतरकर काबू किया था। सामाजिक संगठनों के बीच द्वेष और विवादों को भी तत्कालीन एएसपी रहते हुए यादव द्वारा जिस तरह से सुलझाया गया। उसकी काफी सराहना की गयी थी। कई महीनों से रिक्त लोकायुक्त एसपी सागर के पद पर रामेश्वर यादव की पदस्थापना के बाद अब कार्यालय में प्रकरणों की धीमी कार्यशैली के गतिमान होने का अनुमान लगाया जा रहा है।

