प्रोफेसर दीक्षित के डकैती डालने वाले बदमाश PHE कॉलोनी तक दिखे, जांच-पड़ताल में जुटी पुलिस
ग्वालियर. सोमवार को पंचशीलनगर में MITS के प्रोफेसर शिशिर दीक्षित के निवास पर 6 हथियारबंद बदमाशों के द्वारा 1 करोड़ की डकैती को अंजाम देने के दूसरे दिन मंगलवार SSP अमित सांघी ने कड़ी मेहनत करते हुए बदमाशों के ट्रैक करने निकले तो पता चला कि बदमाश आखिरीबार उपगर ग्वालियर की पीएचई कॉलोनी तक दिखाई दिये हैं।
क्या है मामला
आज सुबह SSP अमित सांघी और ASP राजेश दंडोतिया पुलिस बल के साथ PHE कॉलोनी के आसपास बदमाशों की जांच पड़ताल में जुट गये है। पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार गोला का मंदिर इलाके में दिनदहाड़े हुई एक करोड़ की डैकेती को लेकर प्रोफेसर दीक्षित के परिवारों को नोकरों से लेंकर पड़ोसियों को तक घेरे में ले चुकी है। डकैती के पीछे ऐसे शख्स का हाथ है जिसे परिवार की बखूबी जानकारी है। पुलिस आरोपियों को दबोचने के लिये लगभग 11 टीमें मामले की जांच में शामिल है। आज सुबह एसएसपी अमित, सीएसपी ऋषिकेश मीणा और टीआई गोला का मंदिर मिर्जा आसिफ बेग आज सुबह दोबारा बदमाशों के वापिस जाने के रूट को ट्रैक करते हुए पीएचई कॉलोनी हजीरा पहुंचे। यहां पुलिस ने आसपास के इलाके में बदमाशों के हुलिये के आधार पर भी पड़ताल शुरू कर दी है इसके अलावा पुलिस परिवार से जुड़े व आस पड़ौस रहने वाले संदिग्धों की भी जांच पड़़ताल कर रही है।

प्रोफेसर की पत्नी श्वेता दीक्षित का कहना है कि
घर में मैं, मेरी सास रिटायर प्रोफेसर कलालता देवी (80) और बेटी शिवांगी (12) थे। दोपहर में दरवाजे पर नॉक हुआ। मैं नहाने जा रही थी। बेटी ने गेट खोलकर मुझे आवाज दी। दरवाजा खोला तो 6 लोग खड़े थे। बोले- सर यानी मेरे पति ने भेजा है। वो 5 मिनट में आ रहे हैं। मुझे लगा कि एक दिन पहले ही जियो वालों को इंटरनेट कनेक्शन के लिए बुलाया था, वे ही आए होंगे। बाहर वाले कमरे में बैठने को कहा। 4 लोग अंदर आ गए और 2 बाहर ही रुक गए।
मैं अंदर के कमरे की तरफ बढ़ी और प्रोफेसर को कॉल करने लगी तो दो लोग मेरे पीछे दूसरे कमरे तक आ गए। मैंने उनसे पूछा- आप लोग अंदर क्यों आ रहे हो। उन्होंने कट्टे निकाल लिए। एक ने कट्टा मेरे कनपटी पर अड़ाते हुए कहा- हम जो बोलें चुपचाप उतना ही करो। ज्यादा बोली तो यहीं ढेर कर देंगे।
बदमाशों की आवाज सुनकर मेरी सास और बेटी अंदर वाले कमरे से बाहर आ गईं। बेटी ने विरोध की कोशिश की तो बदमाशों ने पहले सास को धक्का देकर गिरा दिया, उन्हें चांटे मारे, फिर बेटी के सिर में कट्टे के बट से मारा। उन लोगों ने मुझे भी बट से मारा, मेरे बाल खींचे और धमकाया- तुमको मारने के ऑर्डर हैं। शुक्र मनाओ कि मार नहीं रहे हैं। हमें सिर्फ लूट करनी है।
इसके बाद उन्होंने अलमारी खंगाल डाली। 60 हजार रुपए और करीब 3 किलो सोने-चांदी के जेवर लूट लिए। पुश्तैनी जेवर करीब 20 लाख के होंगे। बदमाशों ने सास को छोड़कर हम मां-बेटी को कुर्सी पर प्रेस की तार और कपड़े से बांध दिया था। इसके बाद उन्होंने पूछा- वो भरा हुआ ब्रीफकेस कहां है। हमने कहा- कौन सा ब्रीफकेस। हमारे पास ऐसा कोई ब्रीफकेस नहीं है। दोपहर ठीक 3 बजकर 9 मिनट पर बदमाशों के जाने के बाद मैंने पहले पति फिर पुलिस को फोन कर पूरी घटना की जानकारी दी।
एसएसपी अमित सांघी बोले
हमारी टीमें लगातार काम कर रही है। उम्मीद है कि आने वाले दिनों में आरोपी पुलिस की गिरफ्त में होंगे। कुछ अहम सुराग पुलिस के हाथ लगे हैं। जिनकी पड़ताल की जा रही है।
अमित सांघी, एसएसपी, ग्वालियर

