LatestNewsराजनीतिराज्यराष्ट्रीय

Nitish Kumar-Tejashwi Yadav Swearing-in Ceremony-नीतीश ने आठवीं बार सीएम पद की शपथ ली, तेजस्वी बने डिप्टी सीएम, बिहार में अब JDU-RJDकी सरकार

पटना. नीतीशकुमार ने बुधवार को राजभवन में बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। 21 माह के बाद यह दूसरा मौका है। जब उन्होंने मुख्यमंत्री मद की शपथ ली है। जबकि RJD नेता तेजस्वी यादव ने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली। नीतीश 8वीं बार मुख्यमंत्री बने हैं। जो बिहार के राजनीतिक इतिहास में एक रिकॉर्ड है।
पिछले कई दिनों की जबरदस्त राजनीतिक हलचल के बाद बिहार में BJP और JDU गठबंधन टूट गया। जिसके बाद नीतीश कुमार महागठबंधन के साथ सरकार बना रहे है। शपथ लेने के बाद तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार के पैर छुए और मुख्यमंत्री ने उन्हें गले भी लगाया। शपथ लेने के बाद नीतीश कुमार ने कहा है कि पुराने लोग साथ आये और बाहरी लोग बाहर गये। वहीं तेजस्वी यादव ने कहा कि हम युवाओं के लिये काम करेंगे।
9 वर्षो में 2 बार गठबंधन बदल चुके हैं नीतीश
नीतीश कुमार 2013 में भाजपा और 2017 में राजद से गठबंधन तोड़ चुके हैं। दोनों ही बार उन्होंने सरकार बनाई थी और सूबे के मुख्यमंत्री बने थे। एक बार फिर बारी थी NDA से नाता तोड़ने की जिसको बड़े ही खामोश राजनीतिक अंदाज में नीतीश कुमार ने अंजाम तक पहुंचाया। लेकिन इतने वर्षो की उठापटक और बदलाव के राजनीतिक ड्रामों के बीच एक बात कभी नहीं बदली। वह है बिहार के सीएम की कुर्सी पर बैठने वाले नीतीश कुमार का नाम। नये गठबंधन और नयी सरकार के शपथग्रहण की तैयारियों के बीच एनडीए गठबंधन तोड़ने के खिलाफ भाजपा ने धरना प्रदर्शन किया।

मंगलवार को तेजी से बदला घटनाक्रम

मंगलवार शाम को नीतीश कुमार ने बिहार के राज्यपाल फागू चौहान को 164 विधायकों के समर्थन की चिट्ठी और अपना इस्तीफा सौंपा था । समर्थन पत्र सौंपे जाने के दौरान नीतीश के साथ तेजस्वी यादव भी राजभवन में मौजूद थे । राजभवन से निकलते हुए दोनों नेताओं ने बाहर मौजूद अपने समर्थकों और कार्यकर्ताओं से मुलाकात की और उनका अभिवादन स्वीकार किया । राजभवन से मुख्यमंत्री के सरकारी आवास 1 अणे मार्ग तक नीतीश और तेजस्वी पैदल की गए।   1 अणे मार्ग के मुख्य प्रवेश गेट पर पहुंच कर दोनों ने वहां मीडिया से बातचीत की थी।  इस दौरान तेजस्वी ने बीजेपी पर जमकर हमला बोला था।  तेजस्वी ने कहा था कि भाजपा का कोई गठबंधन सहयोगी उनके साथ नहीं टिक पाता है।  इतिहास बताता है कि भाजपा उन दलों को खत्म कर देती है जिनके साथ वह गठबंधन करती है।  हमने देखा है कि पंजाब और महाराष्ट्र में क्या हुआ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *