MP में अगले 4 दिन भारी बारिश का अलर्ट नहीं
भोपाल. मध्यप्रदेश में इस मानसूनी सीजन में 28 इंच बारिश हो चुकी है, जो कोटे की 74 प्रतिशत है। पूर्वी हिस्से यानी- जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग में मानसून जमकर मेहरबान रहा। इस वजह से बाढ़ के हालात भी बन गए। हालांकि, अब भारी बारिश का दौर थम गया है। स्ट्रॉन्ग सिस्टम की एक्टिविटी नहीं होने से अगले 4 चार दिन भारी बारिश का अलर्ट नहीं है।
इससे पहले गुरुवार को 15 से अधिक जिलों में हल्की बारिश का दौर जारी रहा। इनमें भोपाल, बैतूल, दतिया, गुना, ग्वालियर, नर्मदापुरम, पचमढ़ी, दमोह, जबलपुर, मंडला, रीवा, बालाघाट, शाजापुर, सीहोर, देवास शामिल हैं।कहीं भी अति भारी या भारी बारिश नहीं हुई। मौसम विभाग के अनुसार, शुक्रवार को भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर-जबलपुर समेत पूरे प्रदेश में हल्की बारिश का दौर रह सकता है। कहीं भी भारी बारिश का अलर्ट नहीं है।
10 जिलों में बारिश का कोटा पूरा
मध्यप्रदेश के ग्वालियर, राजगढ़, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मुरैना और श्योपुर में बारिश का कोटा पूरा हो गया है। यहां सामान्य से 50 प्रतिशत तक ज्यादा पानी गिर चुका है। टीकमगढ़-निवाड़ी में सबसे ज्यादा बारिश हुई है, जबकि इंदौर में सबसे कम पानी गिरा है। उज्जैन संभाग की तस्वीर भी ठीक नहीं है। वहीं, भोपाल और जबलपुर में सीजन की आधी बारिश हुई है। प्रदेश में 16 जून को मानसून ने आमद दी थी। तब से अब तक औसत 28 इंच बारिश हो चुकी है। अब तक 17.6 इंच पानी गिरना था। इस हिसाब से 10.5 इंच पानी ज्यादा गिर चुका है। प्रदेश की सामान्य बारिश औसत 37 इंच है।

