धमाके के साथ नर्मदा-क्षिप्रा की पाइपलाइन, 150 फीट ऊंचाई तक उछला पानी, कच्चा घर भी बह गया

इन्दौर. महू में रविवार की सुबह 7.30 बजे नर्मदा-क्षिप्रा पाइप लाइन फटने की वजह से आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गयी। घटना इन्दौर-खंडवा रोड स्थित भेरूघाट के पास की है। पाइप लाइन फटते ही तेज धमाके जैसी आवाज सुनाई दी है। पानी का विशाल फब्बारा लगभग 150 फीट ऊंचाई तक उठने लगा।
पाइपलाइन में पानी का दबाव इतना ज्यादा था कि फब्बारा पास से गुजर रही हाईटेंशन बिजली लाइन की ऊंचाई तक पहुंचता हुआ दिखाई दिया है। उधर, पानी की परेशानी की वजह से ट्रेजर फेंटसी के नजदीक ताप्ती परिसर के रहवासियों ने बिजलीपुर स्थित निगम के जल नियंत्रण ऑफिस का घेराव किया है। पानी नहीं मिलने की वजह से लोगों में नाराजगी थी। जिसके चलते वह यहां पहुंचे और ऑफिस के बाहर ही रोड पर बैठ कर पानी की मांग करने लगे है।
ओंकारेश्वर से उज्जैन तक जाती है पाइपलाइन
स्थानीय निवासी सचिन कोहली ने बताया कि यह पाइपलाइन ओंकारेश्वर से उज्जैन तक जाने वाली नर्मदा-क्षिप्रा परियोजना का हिस्सा है। सुबह अचानक पाइपलाइन फटने से पानी का तेज फव्वारा उठने लगा और आसपास के क्षेत्र में पानी फैल गया। लगभग एक घंटे तक पानी का तेज बहाव जारी रहा, जिसके बाद करीब 8:30 बजे सप्लाई बंद होने पर स्थिति सामान्य हुई। सचिन के अनुसार पानी के साथ बड़े-बड़े पत्थर भी उछलकर घरों तक पहुंच रहे थे। इसके कारण कई मकानों की टीन की चादरें तक क्षतिग्रस्त हो गईं। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में इस तरह की घटना पहली बार हुई है। इससे पहले कभी पाइपलाइन फटने की स्थिति नहीं बनी थी।
घटना स्थल के पास वन विभाग की रोपणी भी स्थित है। यहां चौकीदार रमेश कोहली का कच्चा मकान बना हुआ था। स्थानीय लोगों के अनुसार पानी का बहाव इतना तेज था कि पूरा कच्चा मकान सामान सहित बह गया। वहीं भेरू बाबा मंदिर के समीप स्थित बाबा ढाबा का टीन शेड भी पानी में बह गया।

