गृहमंत्री ने बुलाई हाई लेवल बैठक, आतंकवाद को लेकर जीरो टॉलरेंस का दिया निर्देश
नई दिल्ली. जम्मू-कश्मीर में आतंकी गतिविधियां बढ़ाने की साजिश को देखते हुए गृह मंत्री अमित शाह ने दिल्ली में एक हाई लेवल मीटिंग बुलाई और सुरक्षा तैयारियों का जायजा लिया। इस बैठक में गृहमंत्री ने आतंकवाद को लेकर जीरो टॉलरेंस पॉलिसी अपनाने पर जोर दिया और सभी जरुरी कदम उठाने के निर्देश दिये। इस बैठक में रॉ, एनआईए चीफ और एलजी समेत तमाम बड़े अधिकारी मौजूद रहे। बताया गया कि बैठक में घाटी की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अहम चर्चा हुई। सुरक्षाबलों को जम्मू के सिधरा इलाके में बड़ी कामयाबी हाथ लगी, जहां भारी संख्या में गोला-बारूद लेकर चल रहे चार आतंकियों को मुठभेड़ में ढेर कर दिया गया। इस बड़े एनकाउंटर के कुछ ही घंटों बाद दिल्ली में गृहमंत्री अमित शाह ने अहम बैठक बुलाई।
घाटी को दहलाने की साजिश
बता दें कि 26 जनवरी से पहले सुरक्षाबलों को पूरी तरह से अलर्ट जारी किया गया है, जिसके तहत सड़कों पर भारी संख्या में सुरक्षाबल मौजूद हैं और वाहनों की सख्त चेकिंग चल रही है। इसी दौरान जम्मू के सिधरा इलाके में ट्रक में सवार आतंकियों से मुठभेड़ हुई। सेना के अधिकारियों ने बताया कि पाकिस्तान से घुसपैठ के बाद आतंकवादी एक ट्रक में सवार हो कश्मीर की तरफ जा रहे थे। सुरक्षाबलों द्वारा रोके जाने पर उन्होंने फायरिंग शुरु कर दी। जवाबी फायरिंग में चार आतंकवादी मारे गये। इनके पास से 7 एके राइफल, एक एम4 राइफल, तीन पिस्तौल और भारी मात्रा में गोला-बारूद बरामद किया गया है।
सतर्क हैं सुरक्षाबल
हाल ही में आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) के तीन आतंकियों की गिरफ्तारी और नवंबर में नरवाल बाईपास में एक तेल टैंकर से भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद की बरामदगी हुई थी। इसके बाद से ही जम्मू-कश्मीर में पुलिस और सेना के जवानों ने सख्ती बरतनी शुरू कर दी। वैसे भी नए साल और गणतंत्र दिवस के मौके पर आतंकी देश में किसी बड़ी घटना को अंजाम देने की फिराक में रहते हैं। इसे लेकर सेना, पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल, सभी एक साथ हाई अलर्ट पर हैं। सीमा पर भी सुरक्षा बढ़ाई गई है और (सुरक्षा) शिविरों को भी अधिक सुरक्षित किया गया है।

