सेना अधिकारियों से मारपीट और महिला मित्र गैंगरेप आरोपी पुलिस से भी कर चुके हैं मारपीट, ग्रामीण बोले यहां आने वाले कपल्स को बनाते हैं हवस का शिकार

इन्दौर. सेना के ट्रेनिंग अधिकारियों से मारपीट और महिला मित्र से रेप करने वाले 2 मुख्य आरोपी अनिल और रितेश पहले भी पुलिस पर हमला कर चुके है। ग्रामीणों का आरोप है कि पहले भी कई बार कपल्स को शिकार बना चुके हैं। कई लोगों से लूटपाट कर चुके हैं। दोनों पर कई केस दर्ज हैं। शनिवार को पुलिस ने सभी आरोपियों को महू के न्यायालय में पेश किया था। 16 सितम्बर तक सभी आरोपी रिमांड पर है। वर्ष 2021 में मेढगांव के पास जब जमीनी विवाद को लेकर प्रशासनिक अधिकारी कब्जा छुड़ाने पहुंचे थे। तब अनिल और रितेश दोनों मानपुर के गांव गोंड कुआ के रहने वाले हैं।
सेना के जवान आरोपियों पर करते सकते हैं हमला
सेना के ट्रेनी अधिकारी और उनकी महिला मित्र से गैंगरेप करने वाले सभी आरोपियों ने पूछताछ में कई खुलासे किये हैं। रिमांड के दौरान मिली जानकारी के मुताबिक इन सभी आरोपियों का मकसद केवल लूट की घटना को अंजाम देना था। लेकिन लड़कियों को देखकर उन्होंने रेप की घटना को अंजाम दिया। पुलिस का आरोपियों को गुपचुप तरीके से घटनास्थल पर ले जाने का प्लान है। दरअसल, पुलिस को शक था कि सेना के जवान आरोपियों पर हमला कर सकते हैं। घटना के दूसरे दिन सेना के कई ट्रेनी अधिकारी आरोपियों की तलाश में बड़गोंदा के पुराने थाने लेकर पहुंचे थे। हालांकि पुराना थाना कई माह से बन्द है। पुलिस अब आरोपियों को लेकर सीन रीक्रियेशन के घटनास्थल पर ले जाने की तैयारी कर रही है। हालांकि इस बारे में खुलकर कुछ नहीं कहा है।
आर्मी के ट्रेनी अफसरों से मारपीट और उनकी महिला मित्र से गैंगरेप के मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर नया मोड़ आ गया है। एक वीडियो सामने आया है। जिसमें दावा किया जा रहा है कि तीन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार नहीं किया, बल्कि सरपंच ने उन्हें सरेंडर कराया है।इस वीडियो को लेकर ग्रामीण एसपी हितिका वासल से चर्चा की गई तो उन्होंने कहा- मैं सीएम साहब के प्रोटोकॉल में हूं। इस बारे में बाद में बात करूंगी। वहीं एडिशनल एसपी रूपेश द्विवेदी का कहना है कि वीडियो सामने आया है। जो सरपंच वीडियो में बोल रहा है, वह भी आपराधिक प्रवृत्ति का व्यक्ति है। वीडियो को संज्ञान में लिया गया है। जांच की जा रही है।

