Newsमप्र छत्तीसगढ़

दलित नेता मकरंद बौद्ध गिरफ्तार कर भेजे जेल, 8 साल पुराने मामले में जारी था गिरफ्तारी वारंट, अनिल मिश्रा केस में है फरियादी

ग्वालियर. अंबेडकर फोटो विवाद से जुड़े मामले में एडवोकेट अनिल मिश्रा पर क्राइमब्रांच में दर्ज एफआईआर के फरियादी दलित नेता मकरंद बौद्ध को पुलिस ने रविवार की दोपहर गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी उस वक्त हुई जब वह इसी केस के सिलसिले में विश्वविद्यालय थाने पहुंचा था। फरियादी के खिलाफ वर्ष 2016-17 में धरना प्रदर्शन के दौरान आईपीसी की धारा 188 (लोकसेवक के आदेश की अवहेलना) के तहत गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया था।
पुलिस ने गिरफ्तारी वारंट की तामील के लिये उसे न्यायालय में पेश किया गया। जहां से अदालत ने उसका जेल वारंट जारी कर दिया। दलित नेता के जेल जाने के बाद अब अंबेडकर फोटो विवाद में दोनों पक्ष बराबर हो गये है। कुछ लोग दोनो पक्षों की गिरफ्तारी को पुलिस द्वारा शांति बहाल करने के लिये सोची समझी रणनीति भी मान रहे हैं।
रविवार की दोपहर विश्वविद्यालय थाने पर दलित नेता मकरंद बौद्ध एक मामले में बातचीत करने के लिये पहुंचा था। तभी टीआई रविन्द्र कुमार को एक सिपाही ने बताया कि मकरंद बौद्ध 2016-17 में आईपीसी की धारा 188, 146 में आरोपी था। इस मामले में वह लगातार न्यायालय में नहीं पहुंच रहा है। जिस पर उसके वारंट जारी हो रहे थे। अभी उसका गिरफ्तारी वारंट कुछ दिन पहले ही जारी किया गया है। इस पर तुरंत विश्ववि़द्यालय टीआई ने अपनी टीम को निर्देश दिया कि मकरंद बौद्ध का गिरफ्तारी वारंट तामिल कराया जाये। मकरंद की गिरफ्तारी और जेल भेजने को दलित संगठन पुलिसकी साजिश बता रहे है।
एफआईआर में फरियादी है मकरंद
ग्वालियर में पिछले कुछ समय से संविधान निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर को लेकर 2 पक्ष आमने-सामने हैं। एक पक्ष अंबेडकर विरोधी है तो दूसरा पक्ष अंबेडकर के पक्ष में अभियान चला रहा है। बुधवार को अंबेडकर जैसा पोस्टर जलाने पर दलित नेता मकरंद बौद्ध क्राइम ब्रांच में शिकायत की थी।जिसके बाद क्राइम ब्रांच थाना में एडवोकेट अनिल मिश्रा सहित 7 लोगों पर मामला दर्ज किया गया था। गुरुवार की रात को पुलिस ने एडवोकेट अनिल मिश्रा सहित 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। रविवार को भी कोर्ट में सुनवाई हुई थी, जिसमें जज ने पीड़ित को भी सुनवाई का अधिकार अनिवार्य होने की बात कही थी। पुलिस को निर्देश दिए थे कि फरियादी को नोटिस देकर याचिका की जानकारी दी जाए। इसके बाद पुलिस ने फरियादी को पुराने मामले में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *