ग्वालियर में बिहार गैंग नए तरीके से फ्रॉड को अंजाम दे रही, ATM में गड़बड़ी कर फेक हेल्पलाइन नंबर करते थे चस्पा, कॉल आते ही फ्रॉड
ग्वालियर. एक नए तरीके से फ्रॉड करने वाली गैंग क्राइम ब्रांच के हाथ लगी है। यह इंटरस्टेट गैंग ATM में गड़बड़ी करती है फिर अपने ही नंबर हेल्पलाइन नंबरों के रूप में ATM बूथ में चस्पा कर देती है। यह गैंग कार्ड रीडर पॉकेट का एक स्क्रू लूज कर देती है। जैसे ही, कोई कस्टमर उसमें ATM कार्ड डालता है, वह खिसककर नीचे चला जाता है। इसके बाद कस्टमर वहां लिखे हेल्पलाइन नंबर पर कॉन्ट्रेक्ट करता है। ठग उसे बैंक कर्मचारी बनकर बात करते हैं। कुछ घंटे बाद बैंक पहुंचकर कार्ड ले जाने को कहते हैं। इस दौरान वह एक बार ATM पिन टाइप करने को भी कहते हैं। कस्टमर के जाते ही ठग आकर कार्ड निकाल लेते हैं। इसके बाद वह ATM कार्ड से कैश निकालकर अकाउंट खाली कर देते हैं। यह बिहार का गैंग है। इसके तीन सदस्य पकड़े गए हैं और दो फरार हैं। गैंग अभी तक इटावा, भिंड, ग्वालियर, मुरैना-पोरसा, आगरा, दिल्ली में वारदातें कर चुके हैं।
गैंग के कुछ संदिग्ध सदस्य एक्सयूवी 300 कार सहित देखे
ग्वालियर एसएसपी अमित सांघी पर कुछ दिन से लगातार शिकायत आ रही थीं कि जब कस्टमर ने अपना ATM कार्ड मशीन के कार्ड रीडर पॉकेट में डाला तो वह खिसककर अंदर चला गया। जब कार्ड अंदर ही फंस गया तो कस्टमर ने अंदर लिखे हेल्प लाइन नंबर पर कॉल करने के बाद उनके साथ ठगी हो गई। इस सूचना के बाद SSP ग्वालियर ने ASP क्राइम राजेश दंडौतिया DSP क्राइम ऋषिकेश मीणा को कार्रवाई के लिए कहा। क्राइम ब्रांच की टीम ने जहां-जहां ATM कार्ड ड्रॉप होने की घटना हुई थी। वहां के CCTV फुटेज निकाले। पता लगा कि यह कोई बाहरी गैंग है जो ATM पर जाकर वारदात कर रही है। इसके बाद पुलिस को पता लगा कि वारदात करने वाली कोई बिहार से आए पांच सदस्यों की गैंग है। यह गैंग के कुछ संदिग्ध सदस्य एक्सयूवी 300 कार सहित देखे गए हैं। इस पर क्राइम ब्रांच की सायबर क्राइम टीम को उक्त बदमाशों को पकड़ने के लिए लगाया गया। पुलिस टीम द्वारा उक्त गैंग के तीन आरोपियाें को कार समेत पकड़ लिया गया। आरोपियों से एक एक्सयूवी 300 कार, 27 ATM कार्ड, 25,000 रुपए, 7 मोबाइल, फर्जी हेल्पलाइन नंबर की पम्पलैट, ATM खोलने की मास्टर चाबी व ATM खोलने की अन्य सामग्री व ATM कार्ड के माध्यम से शॉपिंग किये गये कपड़े बरामद किए गए हैं।
इटावा से लेकर दिल्ली तक वारदात
आरोपी गणों द्वारा पूछताछ में बताया गया कि मूलतः बिहार के रहने वाले है करीब बीस दिन पहले 05 सदस्य अपनी एक्सयूवी कार से घटना करने के उद्देश्य से बिहार से निकले थे। इस दौरान आरोपी गणों द्वारा इटावा, भिंड, ग्वालियर, मुरैना, पोरसा, आगरा, दिल्ली में घटना को अंजाम दिया। आरोपियों द्वारा बताया गया कि जिस जगह पर घटना करते थे उस जगह से कई किलोमीटर दूर जाकर महंगे होटलों में रुकते थे। उक्त गैंग के दो सदस्य फरार हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।

