सिंधिया समर्थक पूर्व विधायक ने सरकार को घेरा, हमारी कोई नहीं सुनता, टीआई से मिलने के 10-10 बार फोन करने पड़ते हैं
मुरैना. पूर्व विधायक और सिंधिया समर्थक रघुराज कंसाना ने शुक्रवार को बीेजेपी कार्यकर्त्ताओं की बैठक में अपनी ही सरकार और मंत्रियों के खिलाफ नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा है कि जब मंत्रियों के पास अपने नेताओं और कार्यकर्त्ताओं के लिये समय नहीं है। तो फिर प्रशासन की तरफ से सुनवाई की उम्मीद कैसे की जा सकती हैं।
10-10 बार फोन करना पड़ते हैं टीआई से मिलने के लिये
शुक्रवार को पूर्व जिलाध्यक्ष नागेन्द्र तिवारी के निवास पर कार्यकर्त्ता बैठक का आयोजन किया गया था। इस बीच रघुराज कंसाना ने कहा है कि हमारे लिये ना प्रभारी मंत्री के पास समय है, ना ही सरकार के अन्य मंत्रियों के पास। जब कभी बात करते हैं तो सिर्फ हालचाल पूछते हैं। यही वजह है कि अधिकारी भी हमारी बात नहीं सुनते है। किसी कार्यकर्त्ता की बाइक छुडवानी हो या थानेदार से मिलना हो, 10-10 बार फोन लगाने पड़ते हैं।
सिंधिया खेमे से जुड़े और विधानसभा चुनाव भी हारे
आपको बता दें कि रघुराज कंसाना केन्द्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया खेमे से जुड़े हुए हैं। उन्होंने कांग्रेस से 2018 में मुरैना से जीतदर्ज की थी। 2020 में सत्ता परिवर्तन के वक्त सिंधिया के साथ भाजपा में शामिल हो गये थे। लेकिन उसी वर्ष हुए उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी रहते हुए हार गये थे। इसके बाद 2023 विधानसभा चुनाव में भी पार्टी ने उन्हें टिकट दिया, लेकिन इस बार भी उन्हें पराजय का सामना करना पड़ा था।
बोले- चुनाव के समय ही क्यों याद आती है हमारी
पूर्व विधायक ने नेताओं को चेताते हुए कहा, “नेताओं और मंत्रियों को सुनना होगा कि स्थानीय कार्यकर्ताओं की उपेक्षा ठीक नहीं। चुनाव आते ही उन्हें हमारी याद कैसे आ जाती है? जब हमारे सहयोग और परिश्रम से सरकार बनती है, तो फिर सत्ता में आने के बाद हमें क्यों नजरअंदाज किया जाता है”

