बरेली सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने दिया इस्तीफा, समर्थन में आये अविमुक्तेश्वरानंद बोले कोई तो निकला हिन्दू धर्म का अलंकार
प्रयागराज. बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री के इस्तीफा के बाद शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने बताया है कि शंकराचार्य ने कहा है कि अलंकार अग्निहोत्री ने अपने पद से खुशी से नहीं है। बल्कि आहत मन से इस्तीफा दिया है। उन्होंने स्पष्ट कियाकि उनका मन इस प्रकार आहत है। जैसो कि करोड़ों सनातन धर्मियों का मन इस समय आहत है।
शंकराचार्य ने कहा है कि यूपी में सत्ता मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हाथ में है। बच्चिों, महिलाओं, वृद्धों, ब्रम्हचारियों और सन्यासियों पर लगातार अत्याचार हो रहा है। वहीं शंकराचार्य और उनके शिष्य के साथ ही अमानवीय व्यवहार किया गया है।
इस पद को पाने के लिये लोग सालों मेहनत करते हैं
शंकराचार्य ने इस घटना को किसी भी संवेदनशील व्यक्ति को दुःखी करने वाला मामला बताते हुए कहा है कि इतने बड़े पद पर रहने वाले अधिकारी का इस्तीफा देना यह दर्शाता है कि उनके मन में सनातन धर्म और इसके प्रतीकों के प्रति कितना गहरा सम्मान और प्रेम है। उन्होंने कहा है कि कई लोग इस पद को प्राप्त करने के लिये सालों मेहनत करते हैं। लेकिन अलंकार अग्निहोत्रीने अपने सम्मान और धर्म की रक्षा के लिये पद छोड़ने का साहस दिखाया है।

