शिन्दे की छावनी सड़क पर खड़े ढेले व अतिक्रमण हटाया तो सुगम हुआ यातायात
ग्वालियर एसपी अमित सांघी ने षिन्दे की छावनी से बहोड़ापुर की ओर सुगम यातायात हो इसकी जिम्मेदारी एएसपी यातायात (यातायात) श्रीमती हितिका वासल दी। ग्वालियर शहर को अतिक्रमण व जाम से मुक्त रखने और रोड पर खड़े होने वाले वाहनों को निर्धारित पार्किंग स्थलों में पार्क कराने तथा फल व सब्जी के हाथ ठेलों को हॉकर्स जोन में भेजने हेतु अभियान चलाया जा रहा है।
प्रशासन व यातायात पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा 21 दिसम्बर को शिन्दे की छावनी से हटाये गये अतिक्रमण तथा फल व सब्जी के हाथ ठेलों को हॉकर्स जोन में भेजे जाने की कार्यवाही का एसपी अमित सांघी द्वारा आज शिन्दे की छावनी पहुंचकर निरीक्षण किया गया। इस अवसर पर एएसपी (यातायात) श्रीमती हितिका वासल एएसपी (पश्चिम) सत्येन्द्र सिंह तोमर एवं डीएसपी यातायात नरेशबाबू अन्नोटिया व अन्य पुलिस अधिकारीगण मौजूद रहे। शिन्दे की छावनी क्षेत्र में निरीक्षण के दौरान एसपी द्वारा हॉकर्स जोन का भी निरीक्षण किया गया तथा फल व सब्जी के हाथ ठेले वालों से पुनः रोड पर ठेले न लगाने व दुकानदारों से अपनी दुकान के बाहर सड़क पर सामान न रखने की हिदायत दी गई। लोहिया बाजार, दाल बाजार तथा कम्पू क्षेत्र की पार्किंग का भी अवलोकन किया और शहर को अक्रिमण व जाम से मुक्त कराने के लिये रोड पर अतिक्रमण करने वालों के विरूद्व लगातार कार्यवाही हेतु अभियान चलाने के लिये यातायात पुलिस के अधिकारियों को निर्देशित किया।
यातायात पुलिस ग्वालियर द्वारा आज भी लगातार अभियान चलाकर रोड पर अपने वाहन पार्क करने वालों के विरूद्व चालानी कार्यवाही की गई। व्यापारियों तथा व्यवसायियों को अपने दो पहिया, चार पहिया एवं लोडिंग वाहन नियत पार्किंग स्थलों पर पार्क करने की समझाईष देते हुये उनको पार्किंग स्थलों पर लगवाया। गोले का मन्दिर चौराहे पर नो-पार्किंग में खड़े हुए वाहनों पर चालानी कार्यवाही की गई। आज ग्वालियर शहर में चलाये गये अभियान के दौरान वाहन चालकों के खिलाफ नो-पार्किंग के तहत चालानी कार्यवाही की गई है। यातायात पुलिस द्वारा शहर में अवरूद्व हो रहे यातायात को सुचारू रूप से चलाने के लिये की जा रही यह कार्यवाही निरन्तर जारी रहेगी। यातायात के नियमों का उल्लघंन करने 164 वाहनों के खिलाफी चालानी कार्यवाही कर 21 हजार 300 रूपये वसूल किये। आपको बता दें कि यह सभी वाहन नो पार्किंग में पार्क किये गये थे।

