ग्वालियर में टाउनशिप की छवि बचाने के लिए अब बिल्डर खुद बनवाएंगे साढ़े सात किमी सड़क
ग्वालियर. कलेक्ट्रेट के पीछे वाली साढ़े सात किमी रोड को बिल्डर्स ही मिलकर बनवाएंगे, यह मॉडल रोड दो पार्ट में होंगी जिसमें एक 6 किमी और दूसरी डेढ़ किमी की है। लंबे समय से यह रोड जर्जर पड़ी थी और हर आने-जाने वाले के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। तमाम शिकायतें के बाद भी जब सुनवाई नहीं हुई तो अपनी टाउनशिप की छवि बचाने के लिए बिल्डर्स आगे आए। सड़क निर्माण में 6 करोड़ का खर्च आएगा जो बिल्डर्स ही वहन करेंगे। इसको लेकर कलेक्टर कौशलेंद्र सिंह और एडीएम इक्छित गढपाले के साथ बुधवार को बिल्डर्स की बैठक हुई जिसमें बिल्डर्स ने पूरी सड़क बनाए जाने को लेकर अपनी सहमति दी।
कलेक्टर की अध्यक्षता में नगर के अधोसंरचना विकास की बैठक आयोजित की गई। जिसमें एडीएम इक्छित गढ़पाले, नगर निगम के सिटी प्लानर, अधीक्षण यंत्री, नगर तथा ग्राम निवेश के अधिकारी, एसडीएम, तहसीलदार एवं शहर के बिल्डर एवं कालोनाइजर उपस्थित हुए। मीटिंग में निर्णय लिया गया की प्रथम चरण में कलेक्टर ऑफिस के पीछे से जाने वाले मार्ग के अंतिम छोर से ग्राम रमाऊआ तक जाने वाली 1.5 किलोमीटर मार्ग को बिल्डर-कालोनाइजर के द्वारा स्वयं के खर्च पर 24 मीटर चौड़ाई में निर्मित किया जाएगा और नगर निगम द्वारा साइड की नाली और स्ट्रीट लाइट का निर्माण और विकास किया जाएगा। द्वितीय चरण में हरिशंकरपुरम के पास रेलवे लाइन से कलेक्टर ऑफिस के पीछे से होकर झांसी-डबरा बाइपास तक जाने वाले 6 किमी लंबे मार्ग का निर्माण किया जाएगा। जिस पर अनुमानित लागत 6 करोड़ रुपये आएगी। इस सड़क का खर्च भी बिल्डर्स उठाएंगे। प्रथम चरण का कार्य गुरुवार से ही प्रारंभ किया जाएगा। जिसमें सबसे पहले तहसीलदार सिटी सेंटर द्वारा 24 मीटर की रोड मार्किंग की जाएगी।

