VVIP सुरक्षा में शामिल सिपाही से वरिष्ठ अधिकारियों तक सभी आइडेंटिफाइड होने चाहिए- DGP
भोपाल, – अति विशिष्ट एवं विशिष्ट व्यक्तियों के आगमन पर सुरक्षा व्यवस्था विषय पर 55वें चार दिवसीय प्रशिक्षण का शुभारंभ स्पेशल ब्रांच ट्रेनिंग सेंटर में डीजीपी सुधीर सक्सेना द्वारा किया गया। इस अवसर पर उन्होंने प्रशिक्षण लेने आए प्रशिक्षुओं को वीआईपी सुरक्षा की बारीकियां सिखाईं। उन्होंने प्रशिक्षुओं को संबोधित करते हुए कहा कि वीवीआईपी और वीआईपी की सुरक्षा के दौरान छोटी सी चूक बड़ी समस्या उत्पन्न कर सकती है। उनके आगमन से पूर्व ही सुरक्षा के सभी मापदंडों को परख लिया जाए और सभी विभागों में समन्वय के साथ पूरी मुस्तैदी से कर्तव्य का निर्वहन करें। इस अवसर पर एडीजी इंटेलिजेंस जयदीप प्रसाद, आईजी कानून एवं व्यवस्था अंशुमन सिंह, पीएसओ टू डीजी डॉ. विनीत कपूर, डीआईजी इंटेलिजेंस तरुण नायक और आबिद खान, एआईजी नगेंद्र सिंह और एआईजी ट्रेनिंग श्रीमती वाहिनी सिंह उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन डीएसपी ट्रेनिंग श्रीमती कुंदनलिना कस्बे ने किया।
वीवीआईपी सुरक्षा में कोई कमी न छोड़ें
डीजीपी ने कहा कि हमेशा से वीआईपी सुरक्षा महत्वपूर्ण रही है और लोकसभा चुनाव को लेकर वीआईपी सुरक्षा प्रासंगिक है। उन्होंने प्रशिक्षुओं से कहा कि अपनी ओर से कोई कमी न छोड़ें और वीआईपी सुरक्षा के लिए जो भी संभव प्रयास कर सकते हैं, उन्हें लागू करें। इस प्रशिक्षण का पूर्ण लाभ लेंगे। उन्होंने सभी प्रशिक्षुओं से कहा कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम आपके प्रोफेशनल व पर्सनल लाइफ और करियर सिक्योरिटी के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, इसलिए इसे अत्यंत गंभीरता से लें।
वीआईपी सिक्योरिटी के लिए वहां पर कार्यरत और उपस्थित आखिरी व्यक्ति तक को पूरी जानकारी होनी चाहिए कि कौन व कितने व्यक्ति कार्यक्रम में आएंगे, सभी अनुमतियां ले ली गई हैं या नहीं आदि। वीवीआईपी सुरक्षा में शामिल सिपाही से लेकर वरिष्ठ अधिकारियों तक सभी आइडेंटिफाइड होने चाहिए। इस दौरान डीजीपी ने वीवीआईपी सुरक्षा के दौरान ध्यान रखने योग्य कई छोटी-छोटी बातों पर उद्धरण देकर प्रकाश डाला। उन्होंने हेलीपेड पर, रास्ते में, जनसभा के दौरान या कारों का काफिला निकालने के दौरान वीवीआईपी सुरक्षा के लिए किन बातों का ध्यान रखना चाहिए, इस संबंध में भी विस्तृत जानकारी प्रदान की।
विशेषज्ञ और अनुभवी शिक्षक करेंगे प्रशिक्षित
लोकसभा चुनाव और वीवीआईपी भ्रमण के दृष्टिगत आयोजित किए जा रहे इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में 10 आईपीएस और 19 राज्य पुलिस सेवा के अधिकारी हिस्सा ले रहे हैं। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में तैयार किया गया है। इस आयोजन के दौरान हर विषय के बारे में विशेषज्ञों और अनुभवी शिक्षकों द्वारा व्याख्यान दिए जाएंगे।

