VISM ग्रुप ऑफ स्टडीज में 80वां स्वतंत्रता दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया गया
ग्वालियर –VISM ग्रुप ऑफ स्टडीज, में देश का 80वां स्वतंत्रता दिवस बड़े हर्षोल्लास एवं देशभक्ति की भावना के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में 15 एमपी बटालियन एनसीसी, कम्पू, के कमांडिंग ऑफिसर कर्नल देवेंद्र सिंह वर्मा ने राष्ट्रीय ध्वज फहराकर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में एडम ऑफिसर कर्नल संजीव सरीन विशेष रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम में संस्थान के चेयरमैन डॉ. सुनील राठौर, ग्रुप डायरेक्टर डॉ. प्रज्ञा सिंह एवं समाजसेवी मुकेश भदौरिया सहित संस्थान के अधिकारी, कर्मचारी एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
ध्वजारोहण के पश्चात एनसीसी कैडेट्स ने अनुशासन और देशभक्ति का परिचय देते हुए बंदूकों से राष्ट्रीय ध्वज को सलामी दी, देशभक्ति के नारों और राष्ट्रप्रेम की भावना से गूंज उठा। तत्पश्चात् समारोह में रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों का सिलसिला शुरू हुआ। विद्यार्थियों ने देशभक्ति गीतों पर आकर्षक एकल एवं सामूहिक नृत्य प्रस्तुत किए। साथ ही विभिन्न विषयों पर आधारित नाट्य एवं प्ले एक्ट के माध्यम से देश के वीर सपूतों के बलिदान, स्वतंत्रता संग्राम और राष्ट्रप्रेम का संदेश दिया गया।
मुख्य अतिथि कर्नल देवेन्द्र वर्मा ने उपस्थित विद्यार्थियों को बताया कि आजादी का जोश कुछ दिनों या हफ्तों में ठंडा पड़ जाता है, और जिंदगी सामान्य हो जाती है। लेकिन 1857 से 1947 तक संघर्ष करने वालों का त्याग अतुलनीय था। उस समय जिन्होने संघर्ष किया उनका जोश तब तक ठंडा नही पड़ा कि जब तक उन्हें आजादी नही मिली। साथ ही उन्होंने बताया कि केवल डिग्रियां काफी नहीं हैं, असली बदलाव सोच (माइंडसेट) से आता है। यही सोच भारत को एक विकासशील देश से विकसित देश बनाएगी। तत्पश्चात् संस्थान के चेयरमैन डाॅ. राठौर ने अपने भाषण में कहा कि आज से 21 साल पहले, 2006 में VISM की स्थापना हुई। आज 21 साल पूरे हुए हैं, आप सभी को बहुत-बहुत शुभकामनाएं। हमें बहुत खुशी होती है कि एनसीसी 2014 से चल रही है, एनसीसी का यह संस्थान में द्वितीय कैंप है। जिसमें अलग अलग जिलो से कैडेट्स आकर प्रशिक्षण प्राप्त कर रहें है। उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी राष्ट्र की स्वतंत्रता तब निर्भर करती है जब वहाँ की यूथ ताकतवर हो, यूथ बुद्धिजीवी हो। दुनिया का सबसे बड़ा विचार है शिक्षा। अगर आपके पास शिक्षा है, आप शिक्षित हैं, तभी समृद्धि आएगी, अगर आप शिक्षित नहीं हैं तो समृद्धि कभी नहीं आएगी। एनसीसी का 18-20 साल का बच्चा जब यूनिफॉर्म को पहनता है तो उसको राष्ट्र का बोध होता है, उसको अपनी शक्ति का अहसास होता है। आज यूपीआई हमारी देन है, अगर 4 साल हमारे बच्चों ने थोड़ी मेहनत कर ली और हमने यूपीआई की जगह अगर एआई को भी अपने कब्जे में ले लिया, तो वो दिन दूर नहीं कि लोग हमें सलाम करेंगे। इस मौके पर 15 एमपी बटालियन के पीआईस्टाॅफ, व्हीआईएसएम काॅलेज एवं हाॅस्पिटल स्टाॅफ व छात्र-छात्राऐं शामिल रहें।

