मुंबई सहित पूरे महाराष्ट्र में 20 प्रतिशत होटल बंद
नई दिल्ली. ईरान अमेरिका औ इजराइल के बीच बढते युद्ध का असर अब पूरी दुनिया पर दिखाई देने लगा है। खाडी क्षेत्र में जारी संघर्ष से वैशिवक तेल और गैस आपूर्ति प्रभावित हुई है। इसका सीधा असर भारत पर भी पड रहा है। देश की आर्थिक राजधानी मुंबई सहित पूरे महाराष्ट्र में एलपीजी गैस की कमी महसूस होने लगी है।
युद्ध के कारण अंताष्ट्रीय सप्लाई चेन में भारी बाधा आई है। इसका असर भारत में एलपीजी की उपलब्धता पर पडा है। मुंबई के साथ-साथ पुणे औ नागपुर जैसे बडे शहरों में भी कमर्शियल सिलेंडर की भारी किल्लत देखी जा रही है। तेल कंपनियों ने फिलहाल 19 किलो और 5 किलो वाले कमर्शियल सिलेंड की भारी किल्लत देखी जा रही है। तेल कंपनियों ने फिलहाल 19 किलो और 5 किलो वाले कमर्शियल सिलेंडर की सप्लाई सीमित कर दी है। इसके कारण होटल, ढाबे और छोटे फूड व्यवसायों को सबसे ज्यादा परेशानी हो रही है। गैस वितरा को नियंत्रित करने के लिए सरकार ने 25 दिन पहले बुकिंग का नया नियम लागू किया है। इससे जमाखोरी और कालाबाजारी को रोकने में भी मदद होगी।
मुंबई के होटलों पर ताले
गैस की भारी कमी के कारण मुंबई का होटल उद्योग सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है। आहार (एसोसिएशन ऑफ होटल एंड रेस्टोरेंट) के अनुसार आपूर्ति न होने की वजह से शहर के लगभग 20 प्रतशित होटल फिलहाल बंद कर दिए गए है। स्थिति इतनी गंभी है कि अगर अगले तीन दिनों तक गैस की किल्लत जारी रही तो मुंबई के 50 प्रतिशत होटलों में कामकाज ठप हो सकता है। कमर्शियल गैस सिलिंडरों की अनुपलब्धता ने रेस्टोरेंट मालिकों के सामने बडा संकट खडा कर दिया है।
महाराष्ट्र के उद्योगों पर संकट
इस अंतरराष्ट्रीय तनाव का असर केवल मुंबई तक सीमित नहीं है, बल्कि नासिक के औद्योगिक क्षेत्रों में भी दिखने लगा है। नासिक की अंबड और सातपुर एमआईडीसी में गैस की कमी के कारण कई उद्योग बंद होने की कगार पर पहुंच गए हैं। अनुमान है कि गैस आपूर्ति बाधित होने से लगभग 1200 छोटे और बड़े उद्योगों पर सीधा असर पड़ेगा।



आदेश के बावजूद लागू नहीं हुआ स्टाइपेंड संशोधन

