शुभेंदु अधिकारी पश्चिम बंगाल में BJP के पहले मुख्यमंत्री, दिलीप घोष सहित 5 मंत्री बने, PM मोदी का घुटनों के बल बैठकर जनता को प्रणाम

कोलकाता. पश्चिम बंगाल के पहले मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी बन गये। शुभेंदु ने बांग्ला में ईश्वर के नाम की शपथ ली है। शपथ के बाद शुभेंदु, पीएम के पास गये और उन्हें झुककर प्रणाम किया। बंगाल के राज्यपाल आरएन रवि ने शुभेंदु के अलावा 5 और विधायकों का ेमंत्री पद की शपथ दिलाई । इनमें दिलीप घोष, अग्निमित्रा पॉल, अशोक कीर्तनियां, क्षुदीराम टूडू और निषिथ प्रमाणिक शामिल रहें।

शपथ में पीएम मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, एनडीए और भाजपा शासित राज्यों के 20 मुख्यमंत्री मौजूद रहे। कार्यक्रम में सबसे पहले मोदी ने मंच रवीन्द्रनाथ टैगार को उनकी जयंती पर श्रद्धांजलि दी। इस बीच पीएम ने भाजपा के 98 साल के कार्यकर्ता माखनलाल सरकार का सम्मान किया और मंच पर आते ही प्रधानमंत्री सीधे सरकार के पहुंचे उन्हें शॉल ओढ़ाया और फिर उनके पैर छुए।

शपथ लेने वाले पहले मंत्री
1. दिलीप घोष
खड़गपुर सदर सीट से दूसरी बार विधायक चुने गये है। मेदिनीपुर लोकसभा सीट से सांसद निर्वाचित हुए थे। वह भाजपा के महासचिव और प्रदेशाध्यक्ष भी रहे। उन्होंनंे इंजीनियरिंग और डिप्लोमा किया है।
2.अग्निमित्रा पॉल
अग्निमित्रा पॉल पश्चिम बंगाल की आसनसोल दक्षिण विधानसभा सीट से विधायक रहे हैं। वह 2021 में पहली बार इस सीट से विधायक चुनी गयी थी। 2026 में दूसरी बार जीत दर्ज की। उन्होंने 2022 का आसनसोल लोकसभा उपचुनाव और 2024 का मेदिनीपुर लोकसभा चुनाव भी लड़ा, लेकिन दोनों चुनाव हार गयी।
3. अशोक कीर्तनिया
52 साल के अशोग बनगांव उत्तरसीट से विधायक है। मतुआ समुदाय से आते हैं। राजनीतिज्ञ और व्यवसाई है।
4. क्षुदीराम टूडू
क्षुदीराम रानीबांध (एसटी) विधानसभा सीट से भाजपा विधायक है। वह पेशे से शिक्षक रहें हैं। वर्ष 2026 विधानसभा चुनाव में उन्होंने टीएमसी उम्मीदवार तनुश्री हांसदा को हराकर जीत दर्ज की है। टूडू ग्रेजुएट है। लम्बे समय से आदिवासी इलाकों में संगठभ्न के साथ सक्रिय रहे हैं।
5.निषिध प्रमाणिक
निषिध मथाभांगा विधानसभा सीट से विधायक हैं। वह 2026 में पहली बार विधायक बने हैं। इससे पहले 2019 में कूचबिहार लोकसभा सीट से सांसद रहे। केन्द्र में गृहराज्य मंत्री व युवा मामलों और खेल मंत्रालय में राज्यमंत्री भी रह चुके है। हालांकि 2024 लोकसभा चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा था।

