जैविक खेती कर सुधारें मिट्टी की सेहत – सांसद
ग्वालियर – जैविक व प्राकृतिक खेती से खेत की मिट्टी की सेहत ठीक रहती है। इस पद्धति से टिकाऊ खेती कर अधिक उत्पादन प्राप्त किया जा सकता है। इसलिए किसान भाई जैविक खेती अपनाएं। इस आशय का आह्वान सांसद भारत सिंह कुशवाह ने मुरार विकासखंड के ग्राम खेड़ा, इकहरा, सिरसौद व भवनपुरा में विकसित कृषि संकल्प अभियान के तहत आयोजित हुई कृषक संगोष्ठी सह शिविरों में मौजूद किसानों से किया। उन्होंने कहा कि जैविक खाद किसान भाई स्वयं तैयार कर सकते हैं। इसलिए जैविक खेती पर कम लागत आती है। जैविक पद्धति से उत्पादित अनाज अधिक मूल्य पर बिता है। वहीं अंधाधुंध रासायनिक उर्वरकों के प्रयोग से मिट्टी की उत्पादकता लगातार घटती जाती है।
पानी सहेजें और आधुनिक सिंचाई पद्धतियाँ अपनाएँ
कृषक संगोष्ठी में मौजूद किसान भाईयों से जल संरक्षण एवं आधुनिक सिंचाई पद्धतियाँ अपनाने का आव्हान विशेष तौर पर किया। उन्होंने कहा उन्नत सिंचाई प्रणालियों जैसे ड्रिप व स्प्रिंकलर अपनाकर कम पानी में ज्यादा रकबे की सिंचाई कर सकते हैं। उन्होंने कहा वृक्ष अपनी जड़ों के माध्यम से मिट्टी को बांधते हैं, जिससे मिट्टी का कटाव कम होता है और कृषि भूमि की उर्वरता बनी रहती है। कृषक भाई पेड़ लगाकर मिट्टी संरक्षण, नमी संरक्षण, जलवायु नियंत्रण, कीटों और बीमारियों से बचाव कर सकते हैं।

