महेन्द्रसिंह धोनी को सदैव याद किया जायेगा इस वर्ल्ड रिकॉर्ड के लिये
नई दिल्ली. दस जुलाई 2019 को विश्व कप के सेमीफायनल के दौरान जब टीम इंडिया के पूर्व कप्तान महेन्द्रसिंह धोनी ने अपना अंतिम वनडे मैच खेला था। तब से लेकर अभी तक उनके प्रशंसक इस बात को लेकर कयास लगा रहे थे कि माही क्रिकेट से सन्यास ले सकते हैं। आज 15 अगस्त 2020 वह दिन आया गया है जब धोनी ने क्रिकेट को अलबिदा कह दिया और अपने फैंस का काफी मायूस कर दिया है। हालांकि हमस ब जानते हैं यह दिन आना ही था। 16 वर्ष के क्रिकेट कैरियर के दौरान माही ने क्रिकेट मेंकई रिकॉर्ड बनाये। लेकिन धोनी ने एक रिकॉर्ड ऐसा भी बनाया है। जो क्रिकेट की दुनिया में हमेशा अमर रहेगा।
सबसे सफल बल्लेबाज बतौर फिनिशर रन चैंज रहें
ऐसा कहा जाता है कि अगर क्रिकेट की किताब में फिनिशर का कोई चेप्टर लिखा जायेगा तो उसमें सबसे पहला नाम धाकड़ बल्लेबाज महेन्द्रसिंह धोनी का होगा। धोनी विश्व क्रिकेट जगत के सबसे बेहतरीन मैच फिनिशरों में शुमार है। आंकड़ों पर गौर किया जाये तो धोनी ने एक दिवसीय मुकाबलों में रनों का पीछा करते समय 102.71 के बेहद शानदार बैटिंग औसत से रन बनाये गये है। 47 बार ऐसा हुआ है जब माही नॉट आउट लौट कर वापिस आये हैं। इसके साथ ही रन चेज के दौरान महेन्द्र सिंह धोनी ने कुल 51 मुकाबले खेल हैं। जिसमें से भारत 47 बार जीत मिली है जोकि एक विश्व रिकॉर्ड है। इसके अलावा मात्र 2 बार ऐसा हुआ है। जब टीम इंडिया को हार का सामना करना पड़ा है। यह आंकड़े इस बात के गवाह है कि रन चेज में महेन्द्र सिंह धोनी जैसा फिनिशर कोई न है और न ही शायद कभी होगा। वहीं वनडे में सबसे अधिक 84 बार नाट आउट रहने का विश्व कीर्तिमान भी माही के नाम पर दर्ज है।
बता दें कि धोनी ने थोड़ी देर पहले अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर एक वीडियो शेयर करते हुए क्रिकेट से अपने संन्यास की घोषणा की है। माही ने सभी के समर्थन और प्यार को धन्यवाद कहा है और बताया कि आज शाम 7:29 बजे से उन्हें रिटायर समझा जाए।

