भारतीय टैंक शक्ति को मिलेगी नई ताकत, जबलपुर में ₹450 करोड़ से बनेगा स्वदेशी प्लांट
जबलपुर. वाहन निर्माणी जबलपुर में करीब 450 करोड़ रुपये की लागत से टी-72 टैंकों के ओवरहाल और अपग्रेडेशन के लिए अत्याधुनिक प्लांट स्थापित किया जाएगा। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इसकी गुरूवार को आधारशिला रखी। इस परियोजना से टी-72 और टी-90 जैसे मुख्य युद्धक टैंकों के रखरखाव, पूर्ण मरम्मत और तकनीकी उन्नयन की देश में क्षमता मजबूत होगी। करीब दो साल में संयंत्र तैयार होने की उम्मीद है। इससे जबलपुर आयुध निर्माण के साथ बख्तरबंद सैन्य क्षमता को आत्मनिर्भर बनाने वाले प्रमुख केंद्र के रूप में उभरेगा।
अवाडी के बाद दूसरा बड़ा केंद्र
चेन्नई के अवाडी के बाद जबलपुर देश का दूसरा प्रमुख केंद्र होगा, जहां टी-72 टैंकों का बड़े स्तर पर ओवरहाल किया जा सकेगा। टी-72 टैंक भारत ने रशिया से खरीदा था। अब इसके अपग्रेडेशन के लिए भारत में नए संयंत्र तैयार किए जा रहे हैं।

