रिटायर्ड लेडी ऑफिसर से 33 दिन में डेढ़ करोड़ की ठगी, मनी लॉड्रिंग का आरोप लगाकर 4 राज्यों के बैंक खातों में ट्रांसफर कराई राशि
ग्वालियर. स्वास्थ्य विभाग से सेवानिवृत्त लैब टेक्नीशियन महिला से साइबर ठगों ने एक करोड़ 57 लाख 90 हजार रूपये ठग लिये है। ठगों ने 69 वर्षीय मीनाक्षी नाखरे को टेलीकॉम डिपार्टमेंट, दिल्ली का आईपीएस अधिकारी और सीबीआई अधिकारी बनकर फोन किया था। उन्होंने मीनाक्षी से कहा कि आप नाम से रजिस्टर्ड मोबाइल नम्बर से मनी लॉडिंªग और गैन कानूनी काम हो रहे है। इससे 6.80 करोड़ रूपये का अवैध ट्रांजेक्शन किया गया है। 2 घंटे में आपको दिल्ली आना होगा नही ंतो गिरफ्तार कर लिया जायेगा।

इसके बाद केस से चाने के नाम पर 33 दिन में 4 राज्यों के 10 से अधिक शहरों में डेढ़ करोड से अधिक की रकम ट्रांसफर करवा ली। ट्रांजेक्शन फर्जी कम्पनियों के बैंक खातों में आरटीजीएस के माध्यम से कराया गया। महिला की शिकायत पर मंगलवार को पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
ठगों ने जिन खातों पैसा लिय वह खाते फ्रीज
सीएसपी रॉबिन जैन ने बताया है कि ठगों द्वारा महिला लैब टैक्नीशियन जिन बैंक खातों में पैसे ट्रांसफर करवाये गये उन खातों को फ्रीज कर दिया गया है जल्द पैसे वापिस कराने की कार्यवाही की जा रही है और जल्दी ही ठग भी पुलिस हिरासत में होंगे।
बैंक खाते से मनी लॉन्ड्रिंग की बात कही
मीनाक्षी पति रमेश नाखरे ग्वालियर के सरदार पाटनकर साहब का बाड़ा में रहती हैं। क्राइम ब्रांच में की गई शिकायत में मीनाक्षी ने बताया कि 10 मई 2026 को उनके पास नए नंबर से कॉल आया। फोन करने वाले ने खुद को दिल्ली टेलीकॉम डिपार्टमेंट का अधिकारी अशोक गुप्ता बताया। उसने कहा- आपके नाम से एक और बैंक खाता चल रहा है, जिससे मनी लॉन्ड्रिंग और गैरकानूनी काम हो रहे हैं।मीनाक्षी ने कहा कि यह मोबाइल नंबर मेरा नहीं है। इस पर अशोक बोला- ऐसा है तो आपको कोई परेशानी नहीं होगी। लेकिन दो घंटे में आपको दिल्ली आना होगा नहीं तो आपको गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
मीनाक्षी ने खुद को बार-बार निर्दोष बताया तो अशोक दिल्ली पुलिस के सीनियर अधिकारी से उनकी बात कराने को तैयार हो गया। अशोक ने मीनाक्षी के 35 वर्षीय बेटे अनुभव नाखरे के नंबर पर वीडियो कॉल किया। इसके बैकग्राउंड में दिल्ली पुलिस का लोगो और सरकारी दफ्तर जैसी सेटिंग थी। सामने दिल्ली पुलिस की यूनिफॉर्म पहने बैठे शख्स ने खुद को आईपीएस अधिकारी सुनील कुमार गौतम बताया।
सुनील ने कहा कि ICICI बैंक का मैनेजर संदीप कुमार गिरफ्तार हुआ है। उसके पास से मीनाक्षी के नाम की फर्जी पासबुक मिली है। इस खाते से 6.80 करोड़ रुपए का अवैध लेनदेन हुआ है। इसके ऐवज में मीनाक्षी को 68 लाख रुपए कमीशन मिला है। मीनाक्षी ने कहा कि वे किसी संदीप कुमार को नहीं जानती हैं और न ही उन्होंने कोई बैंक खाता बेचा है।
एनओसी का झांसा देकर हुए गायब
पैसे ट्रांसफर होने के बाद 11 जून 2026 को ठगों ने मीनाक्षी से कहा- आपके सारे ट्रांजेक्शन क्लियर हो गए हैं। आपकी क्लीन चिट वाली एनओसी 18 जून तक पोस्ट के माध्यम से आपके ग्वालियर वाले घर पहुंच जाएगी। 16 जून की रात साढ़े नौ बजे के बाद से ठगों के सभी फोन नंबर बंद हो गए। जब तय तारीख तक कोई एनओसी नहीं आई, तो मीनाक्षी को शक हुआ। उन्होंने नई दिल्ली जाकर बाराखंभा पुलिस स्टेशन में संपर्क किया, तब जाकर पता चला कि वे फ्रॉड का शिकार हो चुकी हैं।

