पीडब्ल्यूडी मंत्री ने 30 मिनट तक आईएएस को लगाई फटकार, बदसलूकी पर भड़का आईएएस एसोसियेशन

भोपाल-जबलपुर. एमपी में मंत्री और आईएएस अधिकारी के बीच विवाद ने प्रशासनिक हलको में हलचल बढ़ा दी है। लोक निर्माण विभोग (पीडब्ल्यूडी) मंत्री राकेशसिंह परद जबलपुर स्मार्ट सिटी के सीईओ और आईएएस अधिकारी अरविंद शाह को बंगले पर बुलाकर अपमानित कर धमकी दी। मामले को लेकर आईएएस एसोसियेशन में सीएम स कड़ी आपत्ति जताई है। मंत्री और जबलपुर स्मार्ट सिटी के सीईओ अरविंद शाह के बीच विवाद सुलझगया है। आईएएस एसोसियेशन के अध्यक्ष मनु श्रीवास्तव ने बताया है कि सीएम मोहन यादव की दोनों पक्षों से बातचीत हो गयी है। आपस में चर्चा कर मामले को समाप्त करने की सहमति बनी है।
17 मार्च 2026 को अरविंद शाह ने जबलपुर स्मार्ट सिटी के सीईओ का प्रभार संभाला और इसके बाद उन्होंने कार्यालय में अनुशासन सख्त करते हुए उपस्थिति की जांच कराई तो इसमें 6 कर्मचारी अनुपस्थित पाये गये। जिनमें दिलप्रीत कौर भल्ला भी शामिल थी। जवाब नहीं मिलने पर उनका वेतन रोक दिया गया। ऐसा बताया जा रहा है कि 22 अप्रैल को शाह ने दिलप्रीत कौर को पूछताछ के लिये बुलाया। इसी के कुछ घंटों के बाद मंत्री राकेश सिंह ने उन्हें अपने आवास पर तलब किया।
30 मिनट तक बंगले पर अपमान और मिली धमकी
आरोप हैकि अरविंद शाह मंत्री आवास पर गुलदस्ता लेकर पहुंचे थे। जहां लगभग 30 मिनट तक उनके साथ अभद्र भाषा में बात की गयी। आईएएस अधिकारी के अनुसार उन्हें जान सेमारने की धमकी दी गयी। उनके चयन पर सवाल उठाये गये। सिंगरौली तक परेड कराकर भेजने जैसी बात कहीं गयी। घटना के बाद अधिकारी के मानसिंक रूप से आहत होने की भी बात सामने आयी है।
IAS एसोसिएशन ने जताई आपत्ति
एमपी आईएएस एसोसिएशन के अध्यक्ष मनु श्रीवास्तव ने कहा कि पूरे मामले से मुख्यमंत्री को अवगत कराया गया है और एसोसिएशन ने कड़ी आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि प्रदेश में अधिकारियों के साथ ऐसी घटनाएं बढ़ रही हैं, जिससे स्वतंत्र रूप से काम करना मुश्किल हो सकता है।मंत्री समर्थकों और गुरुद्वारा प्रबंधन से जुड़े लोगों का कहना है कि आईएएस अधिकारी ने महिला कर्मचारी दिलप्रीत कौर से दुर्व्यवहार किया था। स्थानीय स्तर पर माफी मांगने की भी बात कही जा रही है, हालांकि अरविंद शाह ने किसी भी तरह की माफी से इनकार किया है।

