ग्वालियर में 3 विभागों के 5 काम 1 कंपनी को ही, शहर में 5 सड़कों में लेटलतीफी
ग्वालियर. शहर में कहीं जर्जर सड़क को बनाने का काम तो कहीं ट्रैफिक लोड को देखते हुए अंडरपास का निर्माण, और हर काम में कंस्ट्रक्शन कंपनी एक ही। इसका सीधा असर प्रोजेक्ट्स पर ये कि अमला-संसाधन की कमी से प्रभावित होते सभी काम। यह हाल है शहर में एजी पुल-विक्की फैक्ट्री, सिरोल-कलेक्ट्रेट तिराहा, सचिन तेंदुलकर रोड, महलगांव अंडरपास और एक हजार बिस्तर अस्पताल के अंडरपास का है। इन सभी निर्माण कार्यों की धीमी गति से रोजाना करीब 2 लाख वाहन चालक शहर में परेशानी का सामना कर रहे हैं। इसके पीछे बड़ा कारण ठेकेदार के साथ अफसरों की जुगलबंदी है। 3 विभाग पीडब्ल्यूडी (लोक निर्माण विभाग), MPRDC और स्मार्ट सिटी डेवलपमेंट कार्पोरेशन के अफसरों की मिलीभगत से इन सभी कामों के लिए एक ही कंपनी तोमर बिल्डर्स एंड कांट्रेक्टर्स को चुनकर काम दिला दिया है। अब ये कंपनी इन सभी कामों को एक साथ आगे नहीं बढ़ा पा रही।
मानसून में नहीं होंगे काम
जनता को राहत में देरी कंस्ट्रक्शन कंपनी तोमर बिल्डर्स एंड कांट्रेक्टर्स ने एक साथ सभी काम लेने के बाद इन्हें पूरा करने में ढिलाई बरती। अब कंपनी की इस गलती की सजा जनता भुगत रही है। मानसून सीजन शुरू होने के साथ ही सभी निर्माण कार्यों पर शासन से रोक लग जाती है। फिर अक्टूबर तक ये रोक हटती है। अब नतीजा यह रहेगा कि करोड़ों रुपए खर्च होने के बाद भी जनता को बारिश में जोखिम भरा सफर ही करना पड़ेगा।
प्रभारी मंत्री बोले- प्रोग्रेस लेकर सभी विभाग के मंत्री को बताएंगे तीनों विभागों के कामों की जानकारी लेकर प्रोग्रेस लेता हूं और इन विभागों के संबंधित मंत्रियों से चर्चा कर काम भी जल्दी कराएंगे। इसके अलावा क्वालिटी चेक भी कराएंगे।
तुलसी सिलावट, प्रभारी मंत्री

